एनसीडब्ल्यू अध्यक्ष विजया रहाटकर का तीन दिवसीय बंगाल दौरा, महिला सुरक्षा और तस्करी रोकथाम पर होंगी अहम बैठकें
सारांश
मुख्य बातें
राष्ट्रीय महिला आयोग (एनसीडब्ल्यू) की अध्यक्ष विजया रहाटकर 6 अगस्त 2026 को कोलकाता पहुँचेंगी और तीन दिवसीय दौरे पर पश्चिम बंगाल में महिला सुरक्षा, कानूनी जागरूकता और मानव तस्करी रोकथाम से जुड़े कई कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगी। अधिकारियों के अनुसार यह दौरा उल्लेखनीय है क्योंकि यह वर्तमान केंद्र सरकार के कार्यकाल में एनसीडब्ल्यू अध्यक्ष की पश्चिम बंगाल की पहली आधिकारिक यात्रा होगी।
पहले दिन का कार्यक्रम
कोलकाता पहुँचने के बाद विजया रहाटकर सीधे पश्चिम बंगाल राष्ट्रीय न्यायशास्त्र विश्वविद्यालय जाएंगी, जहाँ वे 'कैंपस कॉलिंग' कार्यक्रम के तहत छात्रों से संवाद करेंगी। इसके बाद वे धनधान्य सभागार में महिला स्वयं सहायता समूहों की सदस्यों से मुलाकात करेंगी। दिन का समापन राष्ट्रीय पुस्तकालय में 'शी सर्व्स' कार्यक्रम में भागीदारी से होगा।
बंगाल महिला विकास सम्मेलन और सार्वजनिक सुनवाई
6 अगस्त को रहाटकर राजारहाट स्थित बिस्वा बांग्ला कन्वेंशन सेंटर में 'महिला नेतृत्व वाला बंगाल' शीर्षक से आयोजित बंगाल महिला विकास सम्मेलन का उद्घाटन करेंगी। उसी दिन वे कोलकाता में एक सार्वजनिक सुनवाई में राज्य की महिलाओं की शिकायतें सुनेंगी। शाम को पुलिस महानिदेशक सिद्धनाथ गुप्ता और अन्य वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के साथ महिला सुरक्षा पर एक उच्चस्तरीय बैठक निर्धारित है।
हावड़ा में प्रशिक्षण और तस्करी रोकथाम कार्यशाला
7 अगस्त को एनसीडब्ल्यू अध्यक्ष हावड़ा के शरद सदन में एक प्रशिक्षण कार्यशाला को संबोधित करेंगी और जिला प्रशासन व पुलिस अधिकारियों से भी मिलेंगी। इसके अलावा वे कोलकाता के न्यू टाउन स्थित सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के दक्षिण बंगाल फ्रंटियर मुख्यालय में मानव तस्करी रोकथाम पर एक विशेष कार्यशाला को भी संबोधित करेंगी। गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल बांग्लादेश सीमा से सटा होने के कारण मानव तस्करी के मामलों में संवेदनशील राज्यों में गिना जाता है।
दो महिला जनसुनवाई की अध्यक्षता
एनसीडब्ल्यू के अनुसार इस दौरे में एक ऐतिहासिक पहलू यह है कि आयोग की अध्यक्ष पहली बार पश्चिम बंगाल में स्वयं दो महिला जनसुनवाई की अध्यक्षता करेंगी — एक कोलकाता में और दूसरी हावड़ा में। इन सुनवाइयों में महिलाएं सीधे अपनी शिकायतें दर्ज करा सकेंगी, जो राज्य में पीड़ित महिलाओं को एक सीधा मंच प्रदान करेगा।
दौरे का व्यापक संदर्भ
यह दौरा ऐसे समय में हो रहा है जब पश्चिम बंगाल में महिला सुरक्षा और कानून-व्यवस्था केंद्र-राज्य संबंधों में एक संवेदनशील विषय बना हुआ है। कोलकाता और हावड़ा में आयोजित कार्यक्रमों की विस्तृत श्रृंखला — विश्वविद्यालय संवाद से लेकर बीएसएफ कार्यशाला तक — यह संकेत देती है कि आयोग राज्य में जमीनी स्तर पर व्यापक मूल्यांकन करना चाहता है। आने वाले दिनों में इन बैठकों और सुनवाइयों से निकले निष्कर्ष राज्य सरकार और केंद्र के बीच महिला सुरक्षा के मुद्दे पर नीतिगत चर्चा को नई दिशा दे सकते हैं।