क्या सीएम नीतीश ने मंत्रिमंडल में एक इंद्रधनुषी रंग बिखेरने का कार्य किया? : जेपीएस राठौर
सारांश
Key Takeaways
- नीतीश कुमार ने 10वीं बार मुख्यमंत्री पद की शपथ ली।
- मंत्रिमंडल में सामाजिक संतुलन का ध्यान रखा गया है।
- जेपीएस राठौर ने नई सरकार की सराहना की।
- विपक्ष की एकता पर सवाल उठाए गए।
- राजनीतिक मुद्दों पर आत्मनिरीक्षण की आवश्यकता है।
लखनऊ, 20 नवंबर (राष्ट्र प्रेस)। बिहार के मंत्रिमंडल का शपथ ग्रहण समारोह आज संपन्न हुआ। नीतीश कुमार ने रिकॉर्ड 10वीं बार मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री जेपीएस राठौर ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और सभी नवनिर्वाचित मंत्रियों को बधाई दी।
जेपीएस राठौर ने राष्ट्र प्रेस से बात करते हुए कहा, "मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, मंत्री और सभी जनता को मैं नई सरकार के गठन की बहुत-बहुत बधाई देता हूं। जिस प्रकार से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मंत्रिमंडल में एक इंद्रधनुषी रंग बिखेरने का कार्य किया है, सामाजिक समीकरण का पूरा संतुलन बनाने का कार्य किया है, और सभी वर्गों के लोगों को प्रतिनिधित्व देने का कार्य किया है। नीतीश कुमार ने पूर्व में सुशासन की व्यवस्था की है, उसी प्रकार यह सुशासन भी पूरी तरह से जनता के लिए कार्य करेगा। यह सरकार बिहार को ऊंचाइयों पर ले जाने वाली है।"
विपक्ष के 'इंडिया' ब्लॉक पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा, "इंडी अलायंस स्वार्थ का अलायंस है। इसमें वैचारिक एकता की कोई बात नहीं है। लेकिन, हमारे एनडीए में काफी हद तक वैचारिक एकता बनी रहती है और हमारा गठबंधन किसी स्वार्थ का नहीं है। हम केवल जनता के कल्याण के लिए गठबंधन करते हैं, ताकि बेहतर सरकार बनाकर जनता को सुविधाएं उपलब्ध करा सकें। विपक्ष स्वार्थ के कारण एकजुट होते हैं और जब स्वार्थ पूरे नहीं होते तो निश्चित रूप से उसमें विघटन तय है।"
विपक्ष के चुनावी मुद्दे पर सवाल उठाते हुए उन्होंने कहा, "राहुल गांधी और कांग्रेस को स्वयं सोचना चाहिए। ऐसे प्रबुद्धजन जो सेना में अधिकारी रहे हों और प्रशासनिक व्यवस्था में रहे हों और न्यायपालिका में रहे हों, उन पर जब वो कमेंट कर रहे हैं, तो उन्हें खुद आत्मनिरीक्षण करना चाहिए कि वो किन मुद्दों को लेकर आगे बढ़ रहे हैं। उन्होंने बिहार चुनाव में जनता से जुड़ा हुआ कोई मुद्दा नहीं उठाया। वो वोट चोरी का आरोप लगा रहे हैं, जबकि जनता ने उनका समर्थन नहीं किया।"