पटना स्नातक सीट पर मतदान जारी: नीरज कुमार ने दिखाया विक्ट्री साइन, अनंत सिंह बोले — 'रसगुल्ला वाला चुनाव नहीं'
सारांश
मुख्य बातें
बिहार विधान परिषद की पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र सीट पर शुक्रवार, 23 अक्टूबर 2026 को सुबह आठ बजे से मतदान शुरू हो गया। कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल कर रहे हैं, जबकि राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) समर्थित जनता दल यूनाइटेड (जदयू) के प्रत्याशी नीरज कुमार ने मीडिया के सामने विक्ट्री साइन दिखाकर जीत का भरोसा जताया। वहीं, मोकामा के विधायक अनंत सिंह ने जन सुराज के प्रत्याशी अनुज सिंह की जीत का दावा करते हुए कहा कि यह 'रसगुल्ला वाला चुनाव नहीं है।'
मतदान केंद्रों पर माहौल
पटना स्नातक सीट पर मतदान शुरू होते ही राजनीतिक गतिविधियाँ तेज़ हो गईं। एनडीए के प्रत्याशी नीरज कुमार शुक्रवार सुबह अपने निर्वाचन क्षेत्र के लिए रवाना होने से पहले पत्रकारों से मिले और विक्ट्री साइन दिखाते हुए जीत का आत्मविश्वास प्रकट किया। इस सीट पर नीरज कुमार और जन सुराज के उम्मीदवार अनुज सिंह के बीच मुख्य मुकाबला है, और दोनों खेमों की दावेदारी जोर-शोर से सामने आ रही है।
अनंत सिंह का बयान — 'रसगुल्ला वाला चुनाव नहीं'
जदयू विधायक अनंत सिंह ने चुनाव प्रचार और मतदाताओं को लुभाने के तरीकों पर तीखी टिप्पणी करते हुए कहा, 'यह रसगुल्ला वाला चुनाव नहीं है। जनता मालिक है, भगवान है, और हमारी जीत होगी। जीत किसी दुकान में नहीं मिलती, वह जनता के पास है।' उन्होंने चुनाव में गड़बड़ी की किसी भी आशंका को खारिज करते हुए कहा कि मतदाता स्वयं किसी अनुचित प्रयास का जवाब देंगे और कहीं भी तनाव का माहौल नहीं है।
रसगुल्ले वाली टिप्पणी के संदर्भ में अनंत सिंह ने स्पष्ट किया कि तीन ज़िलों से करीब 600 मतदाता आते हैं, जिनके लिए वाहन का किराया और लंबी दूरी तय करना ज़रूरी होता है — इस पृष्ठभूमि में रसगुल्ले को मतदाताओं को लालच देने के साधन के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए। उनका ज़ोर इस बात पर रहा कि चुनाव जनसमर्थन से जीता जाता है, न कि किसी प्रलोभन से।
वशिष्ठ नारायण सिंह की अपील पर प्रतिक्रिया
जदयू के वरिष्ठ नेता वशिष्ठ नारायण सिंह द्वारा नीरज कुमार के समर्थन में वीडियो जारी करने के प्रश्न पर अनंत सिंह ने कहा कि उन्होंने मोबाइल पर देखा कि वशिष्ठ नारायण सिंह बीमार हैं और उन्होंने लोगों से नीरज कुमार को वोट देने की अपील की है। उन्होंने यह भी जोड़ा, 'वशिष्ठ नारायण सिंह पार्टी के वरिष्ठ नेता हैं और उनकी बात पर कोई टिप्पणी नहीं करनी है।' इसके बावजूद अनंत सिंह ने जन सुराज के प्रत्याशी अनुज सिंह की 'पूर्ण बहुमत से जीत' का दावा दोहराया।
मुख्य प्रत्याशी और राजनीतिक समीकरण
गौरतलब है कि पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से एनडीए ने जदयू के नीरज कुमार को उम्मीदवार बनाया है। दूसरी ओर, जन सुराज के अनुज सिंह को अनंत सिंह का समर्थन प्राप्त है, जो स्वयं जदयू विधायक हैं — यह राजनीतिक समीकरण इस चुनाव को और जटिल बनाता है। यह ऐसे समय में आया है जब बिहार में अगले विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक दल अपनी ज़मीन मज़बूत करने में लगे हैं।
आगे क्या
मतदान समाप्त होने के बाद मतगणना के नतीजे ही यह तय करेंगे कि नीरज कुमार का विक्ट्री साइन सच साबित होता है या अनंत सिंह का अनुज सिंह के लिए किया गया दावा। राजनीतिक दलों और उनके समर्थकों की निगाहें अब परिणाम पर टिकी हैं। यह सीट बिहार में एनडीए और जन सुराज की ज़मीनी ताकत को परखने की कसौटी भी मानी जा रही है।