पटना में नए अतिथि भवन का उद्घाटन: नीतीश कुमार की सराहना, विजय सिन्हा ने 'विकसित बिहार' की प्रतिबद्धता की दोहराई
सारांश
Key Takeaways
- नीतीश कुमार ने अतिथि भवन का उद्घाटन किया।
- राज्य में इंफ्रास्ट्रक्चर को सुधारने का कार्य चल रहा है।
- विजय सिन्हा ने 'विकसित बिहार' की प्रतिबद्धता को दोहराया।
- यह अतिथि भवन विधान परिषद सदस्यों के लिए विशेष है।
- राजद और कांग्रेस को चेतावनी दी गई है।
पटना, 6 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने सोमवार को पटना में विधान परिषद आवास परिसर में नए बने अतिथि भवन का उद्घाटन किया। इस अवसर पर बिहार सरकार के मंत्री श्रवण कुमार ने कहा कि नीतीश कुमार ने बिहार को समृद्धि की दिशा में आगे बढ़ाया है। उनके मार्गदर्शन में राज्य तेजी से विकास कर रहा है।
मंत्री श्रवण कुमार ने राष्ट्र प्रेस से बातचीत में कहा, "नीतीश कुमार के मुख्यमंत्री बनने के बाद से बिहार में लगातार इंफ्रास्ट्रक्चर का विकास हुआ है। चाहे वह प्रखंड कार्यालय हो या जिला कार्यालय, उन्होंने सभी कार्यालयों को ठीक करने का कार्य किया है। उनके शासन में अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए आवास की व्यवस्था की गई है। विधान परिषद सदस्यों के लिए भी गेस्ट हाउस का निर्माण किया गया है।"
बिहार विधान परिषद के सभापति अवधेश नारायण सिंह ने कहा, "यह अपने आप में देश का पहला अतिथि भवन है, जो विधान परिषद के सदस्यों के लिए निर्मित हुआ है। उनके मेहमान भी यहां ठहर सकते हैं। मैं मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को धन्यवाद देता हूं, जिन्होंने इस भवन का उद्घाटन किया।"
बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा ने भी उद्घाटन समारोह में भाग लिया। उन्होंने भाजपा के स्थापना दिवस पर कहा, "हम सभी पार्टी कार्यकर्ताओं को शुभकामनाएं देते हैं। साढ़े चार दशक से जिन लोगों ने त्याग, बलिदान और समर्पण किया, उन्हें नमन करता हूं। प्रधानमंत्री मोदी का 'सबका साथ-सबका विकास' का संदेश हर भारतीय को गर्वित कर रहा है।"
उन्होंने आगे कहा, "भाजपा ने साढ़े चार दशकों में त्याग, बलिदान, संस्कार और संस्कृति के साथ विकास की गति को बढ़ाया है। बिहार को कमजोर करने वाली पार्टियों राजद और कांग्रेस की मानसिकता को जनता ने गहरी चोट दी है। जनता ने एनडीए को एक बड़ा जनादेश दिया है, जिसका उद्देश्य 'विकसित बिहार', 'स्वाभिमानी बिहार' और 'सम्मानित बिहार' बनाना है।"
राजद और कांग्रेस को चेतावनी देते हुए विजय सिन्हा ने कहा कि अब यदि बिहार के सम्मान और स्वाभिमान पर कोई चोट करेगा, तो बिहारी उसे स्वीकार नहीं करेगा। एनडीए के शासन में यह राज्य 'विकसित बिहार' बनेगा और हर क्षेत्र में आगे बढ़ेगा।