पटना में गैस जमाखोरी को रोकने के लिए 28 धावा दल गठित, डिलीवरी ब्वॉय के खिलाफ मामला दर्ज
सारांश
Key Takeaways
- पटना में गैस जमाखोरी को रोकने के लिए सक्रिय कदम उठाए जा रहे हैं।
- एलपीजी गैस की कोई कमी नहीं है, प्रशासन ने स्पष्ट किया है।
- उपभोक्ता अपनी शिकायतें हेल्पलाइन पर दर्ज कर सकते हैं।
- गैस वितरण में सुधार के लिए विशेष दल गठित किए गए हैं।
- लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी, प्रशासन सजग है।
पटना, 12 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। ईरान युद्ध के कारण पश्चिमी एशिया में उत्पन्न संकट का असर अब बिहार में भी देखने को मिल रहा है, जिससे एलपीजी की आपूर्ति में कमी आ रही है। कई जिलों में लोग घरेलू रसोई गैस सिलेंडर की खरीद के लिए परेशान हैं।
इसी बीच, पटना जिला प्रशासन ने रसोई गैस की सही आपूर्ति और वितरण सुनिश्चित करने के लिए जिला स्तर पर एक हेल्पलाइन स्थापित की है और गैस जमाखोरी को रोकने के लिए 28 धावा दल का गठन किया गया है।
पटना के जिलाधिकारी डॉ. त्यागराजन एस.एम ने बताया कि एलपीजी गैस की कोई कमी नहीं है। उन्होंने कहा कि उपभोक्ता या आम जनता इस संबंध में सूचना, शिकायत या जानकारी नौ बजे पूर्वाह्न से छह बजे अपराह्न तक दूरभाष संख्या 0612-2219810 पर दे सकते हैं।
जिलाधिकारी ने बताया कि प्रखंड स्तर पर एलपीजी घरेलू गैस सिलेंडर से संबंधित शिकायतों के समाधान और गैस जमाखोरी की रोकथाम के लिए 28 धावा दल गठित किए गए हैं। गैस डीलर के पास मजिस्ट्रेट और फोर्स की नियुक्ति की गई है। एलपीजी गैस एजेंसी क्षेत्रों को विभिन्न सेक्टरों में विभाजित करते हुए डीलरवार दंडाधिकारियों को नियुक्त किया गया है।
प्रखंड विकास पदाधिकारी और अन्य संबंधित अधिकारियों को विभिन्न स्तरों पर प्रतिनियुक्त किया गया है। सभी डिस्ट्रीब्यूटर्स और गैस कंपनियों के पास पर्याप्त मात्रा में एलपीजी उपलब्ध है। हालांकि, पटना सदर अनुमंडल के एक उपभोक्ता द्वारा एक गैस एजेंसी के डिलीवरी ब्वॉय के खिलाफ पाटलिपुत्र थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई है।
सूचना के अनुसार, दीघा के एक उपभोक्ता ने शिकायत की थी कि उन्होंने गैस सिलेंडर की बुकिंग की थी लेकिन सिलेंडर की आपूर्ति नहीं की गई, जबकि उन्हें यह सूचना दी गई थी कि सिलेंडर उपलब्ध कर दिया गया है। इसी के चलते डिलीवरी ब्वॉय मुकेश के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है।
जिलाधिकारी ने बताया कि एलपीजी घरेलू गैस उपभोक्ताओं को किसी भी प्रकार की समस्या का सामना नहीं करना पड़ेगा। प्रशासनिक तंत्र पूरी तरह सजग और तत्पर है। किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यदि कोई भी शिकायत ब्लैकमार्केटिंग या अधिक दाम पर बिक्री की आती है, तो दोषियों के खिलाफ त्वरित कार्रवाई की जाएगी।