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क्या पंजाब कैबिनेट में फेरबदल हुआ है? संजीव अरोड़ा को बिजली विभाग का जिम्मा मिला!

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क्या पंजाब कैबिनेट में फेरबदल हुआ है? संजीव अरोड़ा को बिजली विभाग का जिम्मा मिला!

सारांश

पंजाब सरकार ने मंत्रिमंडल में एक बड़ा फेरबदल किया है, जिसमें संजीव अरोड़ा को बिजली विभाग का जिम्मा सौंपा गया है। जानिए इस बदलाव के पीछे का कारण और इसका प्रभाव।

मुख्य बातें

पंजाब मंत्रिमंडल में महत्वपूर्ण फेरबदल हुआ है।
संजीव अरोड़ा को तीन विभागों की जिम्मेदारी मिली है।
हरभजन सिंह ईटीओ को बिजली विभाग से हटा दिया गया है।
यह बदलाव प्रशासनिक संतुलन बनाए रखने के लिए किया गया है।
संजीव अरोड़ा का निर्यात उद्योग में बड़ा अनुभव है।

चंडीगढ़, 18 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। पंजाब सरकार ने अपने मंत्रिमंडल में महत्वपूर्ण फेरबदल करते हुए ज़िम्मेदारियों का पुनर्विभाजन किया है। इस बदलाव में कैबिनेट मंत्री हरभजन सिंह ईटीओ को बिजली विभाग की जिम्मेदारी से हटा दिया गया है और यह विभाग अब कैबिनेट मंत्री संजीव अरोड़ा को सौंपा गया है।

अब संजीव अरोड़ा के पास तीन विभागों की जिम्मेदारी है। यह निर्णय राज्य सरकार के आंतरिक प्रशासनिक संतुलन को बनाए रखने और विभागों की कार्यक्षमता को सुधारने के उद्देश्य से लिया गया है।

हरभजन सिंह ईटीओ के पास अब केवल लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) की जिम्मेदारी रह गई है। इससे पहले वे बिजली मंत्रालय का कार्य भी संभाल रहे थे।

हरभजन सिंह ईटीओ जंडियाला विधानसभा क्षेत्र से विधायक हैं। उन्होंने 2012 में आबकारी एवं कराधान अधिकारी (ईटीओ) का पद ग्रहण किया, लेकिन 2017 में उन्होंने स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति ले ली और उसी साल जंडियाला निर्वाचन क्षेत्र से चुनाव लड़ा।

उन्होंने 2017 में 33,912 वोट हासिल किए और पंजाब के माझा क्षेत्र में सबसे ज्यादा वोट पाने वालों में से एक थे।

2022 में भी, उन्होंने उसी निर्वाचन क्षेत्र से कार्यकारी अध्यक्ष और मौजूदा विधायक सुखविंदर सिंह डैनी बंदाला को लगभग 25,000 से अधिक मतों के अंतर से हराया।

वहीं, संजीव अरोड़ा आम आदमी पार्टी (आप) के एक प्रमुख नेता हैं।

अरोड़ा का मुख्य व्यवसाय निर्यात उद्योग रहा है, जो तीन दशकों से भी अधिक समय से रितेश इंडस्ट्रीज लिमिटेड के अंतर्गत चल रहा है और मुख्य रूप से संयुक्त राज्य अमेरिका को निर्यात करता है।

संजीव अरोड़ा 2022 में लुधियाना के एक अनुभवी उद्योगपति से राज्यसभा सांसद बने, जो क्षेत्रीय विकास और सहकारी उद्योग प्रयासों के माध्यम से लोक कल्याण को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

फरवरी 2025 में, 'आप' ने अरोड़ा को लुधियाना पश्चिम विधानसभा उपचुनाव के लिए अपना उम्मीदवार घोषित किया, और उन्होंने 10,637 मतों के अंतर से जीत प्राप्त की।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि यह दिखाता है कि सरकार अपनी कार्यक्षमता में सुधार करने के लिए सक्रिय है। यह कदम सरकारी कार्यों में सुधार लाने को लेकर एक सकारात्मक संकेत है।
RashtraPress
31 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

पंजाब की सरकार ने कैबिनेट में क्यों फेरबदल किया?
राज्य सरकार ने प्रशासनिक संतुलन बनाए रखने और विभागों की कार्यक्षमता बढ़ाने के उद्देश्य से यह फेरबदल किया है।
संजीव अरोड़ा कौन हैं?
संजीव अरोड़ा आम आदमी पार्टी के नेता हैं और उन्हें बिजली विभाग का जिम्मा सौंपा गया है।
हरभजन सिंह ईटीओ की नई जिम्मेदारी क्या है?
हरभजन सिंह ईटीओ अब केवल लोक निर्माण विभाग का कार्य संभालेंगे।
राष्ट्र प्रेस
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