राहुल गांधी के विवादित बयान पर भाजपा मुख्यमंत्रियों का एकजुट हमला, सार्वजनिक माफी की मांग
सारांश
मुख्य बातें
कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर की गई विवादित टिप्पणी ने 20 मई 2026 को देशभर में राजनीतिक भूचाल ला दिया। भारतीय जनता पार्टी (BJP) शासित राज्यों के कई मुख्यमंत्रियों ने एकजुट होकर इस बयान को अमर्यादित और असंसदीय करार दिया और राहुल गांधी से तत्काल सार्वजनिक माफी की मांग की।
मुख्य घटनाक्रम
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि राहुल गांधी की टिप्पणी उनकी 'नकारात्मक राजनीति, असंयमित सोच और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति अनादर को प्रदर्शित करती है।' उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री, गृह मंत्री और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रति यह टिप्पणी '145 करोड़ देशवासियों के जनादेश और लोकतांत्रिक संस्कारों का भी अपमान है।'
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने तीखे शब्दों में कहा कि 'जिस संविधान की कॉपी लेकर राहुल गांधी घूमते हैं, कभी उसे पढ़ भी लेना चाहिए।' उन्होंने यह भी कहा कि नेता प्रतिपक्ष के पद पर रहते हुए इस तरह की भाषा का प्रयोग उनकी सोच और संस्कार दिखाता है।
राज्यों की प्रतिक्रिया
राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि 'लोकतंत्र में वैचारिक मतभेद हो सकते हैं, किंतु देश के शीर्ष नेतृत्व के प्रति इस प्रकार की अभद्र भाषा कांग्रेस की हताशा और निरंतर पतन की ओर जाती राजनीतिक सोच का प्रमाण है।' उन्होंने राहुल गांधी से तुरंत माफी मांगने की मांग की।
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी ने कहा कि यह बयान 'देश के सर्वोच्च संवैधानिक पदों का ही नहीं, बल्कि 140 करोड़ देशवासियों की भावनाओं और लोकतांत्रिक मूल्यों का भी अपमान है।' उन्होंने राहुल गांधी को सार्वजनिक माफी के साथ-साथ 'बेहतर डॉक्टर से इलाज' की सलाह भी दी।
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने एक्स पर लिखा कि यह टिप्पणी 'कांग्रेस की हताशा और गिरती राजनीतिक सोच को दर्शाती है।' उन्होंने कहा कि जनता बार-बार कांग्रेस की नकारात्मक राजनीति को नकार चुकी है।
बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि 'लगातार चुनावी हार और निराशा अब उनके शब्दों और व्यवहार में साफ दिखाई देने लगी है।' उन्होंने राहुल गांधी पर आरोप लगाया कि उन्होंने 'केवल प्रधानमंत्री का नहीं, बल्कि 140 करोड़ देशवासियों की भावनाओं का अपमान किया है।'
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि 'जनता ने बार-बार बता दिया है कि असली गद्दार कौन है।' उन्होंने राहुल गांधी को 'जनता द्वारा नकारा गया' नेता बताते हुए कहा कि उनकी ऐसे नेतृत्व पर टिप्पणी करने की 'कोई पात्रता नहीं है।'
उप-मुख्यमंत्री का हमला
उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने एक्स पर लिखा कि प्रधानमंत्री और गृह मंत्री को 'गद्दार' कहना राहुल गांधी के 'मानसिक दिवालियापन को उजागर करता है।' उन्होंने यह भी कहा कि 'हर चुनावी हार के बाद राहुल गांधी का माथा हद से ज्यादा गर्म हो जाता है।'
विवाद का पृष्ठभूमि और संदर्भ
यह विवाद ऐसे समय में उभरा है जब संसद का सत्र चल रहा है और विपक्ष सरकार पर कई मुद्दों पर हमलावर है। गौरतलब है कि यह पहली बार नहीं है जब राहुल गांधी के किसी बयान को लेकर BJP ने एकजुट प्रतिक्रिया दी हो — इससे पहले भी उनके कई बयानों पर इसी तरह का राजनीतिक विवाद खड़ा हो चुका है। कांग्रेस की ओर से इस मामले में अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों की यह एकजुट प्रतिक्रिया पार्टी की केंद्रीय रणनीति का हिस्सा प्रतीत होती है। आने वाले दिनों में यह विवाद और गहराने की संभावना है।