28 अगस्त 2026
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राजगढ़ के ब्यावरा में स्लीपर बस पलटी: ड्राइवर समेत 4 की मौत, 11 घायल

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राजगढ़ के ब्यावरा में स्लीपर बस पलटी: ड्राइवर समेत 4 की मौत, 11 घायल

सारांश

मध्य प्रदेश के राजगढ़ में कानपुर-इंदौर स्लीपर बस ब्यावरा के भोपाल बाईपास पुल पर बेकाबू होकर दीवार से टकरा गई। ड्राइवर समेत 4 की मौत, 11 घायल। शुरुआती जाँच में तेज़ रफ्तार कारण बताई जा रही है।

मुख्य बातें

28 अगस्त 2026 को सुबह 8:30 बजे राजगढ़ के ब्यावरा भोपाल बाईपास पुल पर हादसा हुआ।
कानपुर से इंदौर जा रही स्लीपर बस मोड़ पर बेकाबू होकर पुल की दीवार से टकराई।
ड्राइवर समेत 4 लोगों की मौत ; मृतकों में एक SHO और बेंगलुरु का साइबर इंस्पेक्टर शामिल।
11 यात्री घायल , जिनमें 4 गंभीर को भोपाल रेफर किया गया।
राज्य मंत्री नारायण सिंह पंवार और एसपी अमित तोलानी ने अस्पताल पहुँचकर घायलों का हाल जाना।
पुलिस ने हादसे की जाँच शुरू की; शुरुआती कारण तेज़ रफ्तार बताई जा रही है।

मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिले में 28 अगस्त 2026 की सुबह कानपुर से इंदौर जा रही एक तेज़ रफ्तार स्लीपर कोच बस ब्यावरा के भोपाल बाईपास पुल पर बेकाबू होकर पुल की दीवार से टकरा गई, जिसमें ड्राइवर समेत 4 लोगों की मौत हो गई और 11 अन्य यात्री घायल हो गए। पुलिस के अनुसार यह हादसा सुबह करीब 8 बजकर 30 मिनट पर हुआ।

हादसे का घटनाक्रम

राजगढ़ के पुलिस अधीक्षक अमित तोलानी ने बताया कि बस एक मोड़ पर नियंत्रण खो बैठी और पुल की दीवार से जा टकराई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि बस के स्लीपर कोच की खिड़कियाँ टूट गईं। कुछ यात्री पुल से नीचे जा गिरे, जबकि कुछ पुल के ढाँचे पर ही गिर पड़े।

तोलानी ने कहा, 'शुरुआती जाँच में वजह तेज़ रफ्तार लग रही है। मोड़ पर बस का संतुलन बिगड़ गया और वह पुल की दीवार से टकरा गई। घटना के सही कारणों की जाँच की जा रही है।'

बचाव कार्य और घायलों की स्थिति

हादसे के तुरंत बाद स्थानीय लोगों और पुलिसकर्मियों ने क्षतिग्रस्त बस में फँसे यात्रियों को बाहर निकाला। सभी घायलों को पहले ब्यावरा के सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया। 4 गंभीर रूप से घायल यात्रियों को आगे के उपचार के लिए भोपाल रेफर किया गया।

पुलिस अधिकारी ने बताया, 'गंभीर रूप से घायल यात्रियों को भोपाल रेफर कर दिया गया है। मृतकों की पहचान की जा रही है।'

मृतकों की पहचान

पुलिस के अनुसार, मृतकों में एक स्टेशन हाउस ऑफिसर (SHO) और बेंगलुरु के एक साइबर इंस्पेक्टर शामिल हैं। उनकी पहचान की आधिकारिक पुष्टि की प्रक्रिया जारी थी।

प्रशासन की प्रतिक्रिया

हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुँचीं। बाद में राज्य मंत्री नारायण सिंह पंवार और एसपी तोलानी ने ब्यावरा के सिविल अस्पताल पहुँचकर घायल यात्रियों का हालचाल जाना और डॉक्टरों से उनकी स्थिति की जानकारी ली।

आगे की जाँच

पुलिस ने हादसे की विस्तृत जाँच शुरू कर दी है, जिसमें यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि पुल के मोड़ पर बस का संतुलन किन परिस्थितियों में बिगड़ा। यह ऐसे समय में आया है जब मध्य प्रदेश के राजमार्गों पर ओवरस्पीडिंग से जुड़े हादसों की संख्या को लेकर सुरक्षा विशेषज्ञ पहले से चिंता जता रहे हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

पर ठोस कार्रवाई कम दिखती है। रात्रि स्लीपर बसों में अनुशासनहीन गति और ड्राइवर थकान के मुद्दे पर परिवहन विभाग की जवाबदेही का सवाल उठना स्वाभाविक है। मृतकों में एक SHO और एक साइबर इंस्पेक्टर का होना बताता है कि इस त्रासदी का दायरा सिर्फ आम यात्रियों तक सीमित नहीं है। जाँच यदि केवल ड्राइवर की गलती तक सिमट गई, तो बस ऑपरेटरों और परिवहन निगरानी तंत्र की जवाबदेही एक बार फिर अनुत्तरित रह जाएगी।
RashtraPress
28 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

राजगढ़ के ब्यावरा में बस हादसा कब और कहाँ हुआ?
यह हादसा 28 अगस्त 2026 को सुबह करीब 8 बजकर 30 मिनट पर मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिले के ब्यावरा स्थित भोपाल बाईपास पुल पर हुआ। कानपुर से इंदौर जा रही स्लीपर बस मोड़ पर बेकाबू होकर पुल की दीवार से टकरा गई।
इस बस दुर्घटना में कितने लोगों की मौत हुई और कितने घायल हैं?
हादसे में ड्राइवर समेत 4 लोगों की मौत हो गई और 11 अन्य यात्री घायल हो गए। 4 गंभीर रूप से घायल यात्रियों को आगे के उपचार के लिए भोपाल रेफर किया गया है।
बस हादसे का कारण क्या बताया जा रहा है?
राजगढ़ के पुलिस अधीक्षक अमित तोलानी के अनुसार, शुरुआती जाँच में तेज़ रफ्तार को कारण माना जा रहा है। मोड़ पर बस का संतुलन बिगड़ गया और वह पुल की दीवार से टकरा गई। घटना के सटीक कारणों की जाँच जारी है।
मृतकों में कौन-कौन शामिल हैं?
पुलिस के अनुसार मृतकों में एक स्टेशन हाउस ऑफिसर (SHO) और बेंगलुरु के एक साइबर इंस्पेक्टर शामिल हैं। उनकी पहचान की आधिकारिक पुष्टि की प्रक्रिया जारी थी।
हादसे के बाद प्रशासन ने क्या कदम उठाए?
हादसे के बाद पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुँचीं और बचाव कार्य शुरू किया। राज्य मंत्री नारायण सिंह पंवार और एसपी अमित तोलानी ने ब्यावरा के सिविल अस्पताल जाकर घायलों का हाल जाना। पुलिस ने हादसे की विस्तृत जाँच शुरू कर दी है।
राष्ट्र प्रेस
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