भगवान श्रीराम के 130 सद्गुण: एनआईसी के पूर्व निदेशक ने चंपत राय को भेंट की पुस्तक ‘सद्गुण श्रीराम’

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
भगवान श्रीराम के 130 सद्गुण: एनआईसी के पूर्व निदेशक ने चंपत राय को भेंट की पुस्तक ‘सद्गुण श्रीराम’

सारांश

अयोध्या में एक महत्वपूर्ण कार्यक्रम में, एनआईसी के सेवानिवृत्त निदेशक ने भगवान श्रीराम के जीवन मूल्यों पर आधारित पुस्तक ‘सद्गुण श्रीराम’ को ट्रस्ट महासचिव को भेंट किया। इस पुस्तक में 130 सद्गुणों का संकलन है जो नई पीढ़ी को प्रेरित करेगा।

मुख्य बातें

पुस्तक में 130 सद्गुणों का संकलन है।
यह आम जन के लिए सरल भाषा में लिखी गई है।
भगवान श्रीराम के आदर्शों को व्यवहार में लाने का प्रयास है।

अयोध्या, 30 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम के जीवन के मूल्य को सरल भाषा में आम जन तक पहुँचाने के प्रयास में तैयार की गई पुस्तक ‘सद्गुण श्रीराम’ को श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय को भेंट किया गया। इस पुस्तक में 130 सद्गुणों का संकलन नई पीढ़ी को प्रेरित करने का प्रयास है।

अयोध्या स्थित कारसेवकपुरम शिविर कार्यालय में आयोजित एक कार्यक्रम में आंध्र प्रदेश के नेल्लोर निवासी और नेशनल इनफॉरमेशन सेंटर (एनआईसी) के सेवानिवृत्त निदेशक सुब्रमण्यम साईं सूरी ने अपनी पुस्तक ‘सद्गुण श्रीराम’ ट्रस्ट महासचिव चंपत राय को भेंट की।

यह पुस्तक पारंपरिक धार्मिक ग्रंथों से अलग हटकर भगवान श्रीराम के 130 विभिन्न सद्गुणों को सरल एवं व्यवहारिक भाषा में प्रस्तुत करती है। पुस्तक का आकार भी सामान्य पुस्तकों की तुलना में बड़ा है और इसमें प्रत्येक गुण को चित्रों के साथ विस्तार से समझाया गया है, जिससे पाठकों के लिए इसे आत्मसात करना आसान हो सके।

लेखक साईं सूरी का मानना है कि भारतीय अध्यात्म अत्यंत व्यापक है और इस पर अनेक ग्रंथ उपलब्ध हैं, लेकिन आमतौर पर लोग इन पुस्तकों को केवल पूजन तक सीमित रख देते हैं। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय की आवश्यकता यह है कि इन ग्रंथों में निहित संदेशों को जीवन में उतारा जाए।

उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि देश में विभिन्न भाषाओं में रामायण उपलब्ध होने के बावजूद उसके मूल संदेश को समाज पूरी तरह आत्मसात नहीं कर पाया है। इसी उद्देश्य से ‘सद्गुण श्रीराम’ की रचना की गई है, ताकि लोग श्रीराम के आदर्शों को व्यवहार में ला सकें। पुस्तक प्राप्त करने के बाद ट्रस्ट महासचिव चंपत राय ने इस प्रयास की सराहना करते हुए कहा कि इस तरह की पहल निश्चित रूप से सफल होगी और भावी पीढ़ी को श्रीराम के आदर्शों से सीखने का अवसर मिलेगा।

-- राष्ट्र प्रेस

विकेटी/वीसी

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

‘सद्गुण श्रीराम’ पुस्तक में क्या है?
इस पुस्तक में भगवान श्रीराम के 130 विभिन्न सद्गुणों को सरल और व्यावहारिक भाषा में प्रस्तुत किया गया है।
किसने ‘सद्गुण श्रीराम’ पुस्तक को भेंट किया?
यह पुस्तक एनआईसी के सेवानिवृत्त निदेशक सुब्रमण्यम साईं सूरी ने चंपत राय को भेंट की।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 3 महीने पहले
  2. 4 महीने पहले
  3. 5 महीने पहले
  4. 5 महीने पहले
  5. 5 महीने पहले
  6. 6 महीने पहले
  7. 6 महीने पहले
  8. 7 महीने पहले