जेवर में सौतेले पिता ने 14 वर्षीय अंजली की हत्या कर शव झाड़ियों में छिपाया, गिरफ्तार
सारांश
Key Takeaways
- 20 अप्रैल 2025 को सौतेले पिता सुरेंद्र ने 14 वर्षीय अंजली के साथ मारपीट की, जिससे उसकी मृत्यु हो गई।
- आरोपी ने शव को यमुना पुस्ता रोड स्थित शीशम की झाड़ियों में छिपाया और 21 अप्रैल को खुद थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई।
- 28 अप्रैल 2025 को थाना जेवर पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर शव बरामद कर सुरेंद्र को गिरफ्तार किया।
- भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1) (हत्या) और धारा 238 के तहत मुकदमा दर्ज।
- पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार; पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई में जुटी।
थाना जेवर पुलिस ने 28 अप्रैल 2025 को गौतमबुद्धनगर के ग्राम रोही आरआर कॉलोनी निवासी सुरेंद्र पुत्र गौरी प्रसाद को गिरफ्तार किया, जिस पर आरोप है कि उसने अपनी 14 वर्षीय सौतेली बेटी अंजली की हत्या कर शव को कानीगढ़ी व जेवर खादर के बीच यमुना पुस्ता रोड स्थित शीशम की झाड़ियों में छिपा दिया था। पुलिस के अनुसार आरोपी ने स्वयं ही थाने में बेटी की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराकर जाँच को भटकाने की कोशिश की थी।
मामले का घटनाक्रम
20 अप्रैल 2025 को अंजली दूध लाने के लिए घर से निकली और वापस नहीं लौटी। अगले दिन 21 अप्रैल को आरोपी सुरेंद्र ने थाना जेवर में एक प्रार्थना पत्र देकर बेटी के लापता होने की सूचना दी। इसी आधार पर पुलिस ने गुमशुदगी का मामला दर्ज कर जाँच शुरू की।
जाँच में पुलिस को पता चला कि अंजली और उसके सौतेले पिता सुरेंद्र के बीच अक्सर विवाद होता रहता था। पुलिस के अनुसार, 20 अप्रैल को इसी विवाद के दौरान सुरेंद्र ने अंजली के साथ मारपीट की, जिससे उसकी मृत्यु हो गई।
शव कहाँ और कैसे छिपाया
घटना के बाद आरोपी ने घबराकर शव को ठिकाने लगाने की योजना बनाई। पुलिस के अनुसार सुरेंद्र ने कानीगढ़ी व जेवर खादर के बीच यमुना पुस्ता रोड पर स्थित शीशम की झाड़ियों में शव छिपा दिया। 28 अप्रैल 2025 को आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने उक्त स्थान से अंजली का शव बरामद किया।
गिरफ्तारी और कानूनी कार्रवाई
शव बरामदगी के बाद पुलिस ने मौके पर ही सुरेंद्र को गिरफ्तार कर लिया। शव का पंचनामा भरकर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। पहले दर्ज गुमशुदगी की धारा को परिवर्तित करते हुए अब भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) (हत्या) और धारा 238 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।
आगे की जाँच
थाना जेवर पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई में जुटी हुई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मृत्यु के सटीक कारण की पुष्टि होगी। यह मामला उस समय सामने आया है जब नाबालिग बच्चों के विरुद्ध पारिवारिक हिंसा की घटनाएँ चिंता का विषय बनती जा रही हैं।