मणिपुर के उखरुल में तीन आईईडी नष्ट, चार उग्रवादी गिरफ्तार; चीनी ग्रेनेड और ग्लॉक पिस्टल बरामद
सारांश
मुख्य बातें
सुरक्षा बलों ने 25 सितंबर 2026 को मणिपुर के उखरुल जिले में एक संयुक्त अभियान के दौरान तीन इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस (आईईडी) को नियंत्रित तरीके से नष्ट कर दिया। इसके साथ ही, अलग-अलग अभियानों में मणिपुर के तीन जिलों से प्रतिबंधित संगठनों से जुड़े चार उग्रवादियों को गिरफ्तार किया गया और उनके पास से विदेशी हथियार, गोला-बारूद तथा एक दोपहिया वाहन बरामद किए गए।
आईईडी विस्फोट रोकने का अभियान
खुफिया जानकारी के आधार पर स्पीयर कोर के जवानों ने असम राइफल्स और मणिपुर पुलिस के साथ मिलकर उखरुल जिले में तीन आईईडी का पता लगाया। सेना के अनुसार, इन विस्फोटकों को जटिल ट्रिगर प्रणाली के साथ लगाया गया था और इनसे आम नागरिकों की जान और संपत्ति को गंभीर खतरा हो सकता था।
सुरक्षा बलों ने पहले पूरे इलाके को सुरक्षित घेरे में लिया और इसके बाद तीनों आईईडी को उसी स्थान पर नियंत्रित विस्फोट से नष्ट कर दिया। सेना ने इस अभियान को बलों के बीच बेहतर समन्वय का उदाहरण बताया।
गिरफ्तार उग्रवादियों की पहचान
मणिपुर पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, गिरफ्तार किए गए चारों उग्रवादी अलग-अलग प्रतिबंधित संगठनों — पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (PLA), उसकी राजनीतिक शाखा रिवोल्यूशनरी पीपुल्स फ्रंट (RPF) और कांगलेईपाक कम्युनिस्ट पार्टी (KCP) — से संबद्ध हैं।
गिरफ्तार उग्रवादियों की पहचान इस प्रकार हुई: फंदोम दिनेश सिंह (38) उर्फ थेम्बुंग उर्फ वांगबा (इंफाल पश्चिम), अहेइबाम सिलन मैतेई (34) (बिष्णुपुर), ओकराम गोबिन मैतेई (25) (काकचिंग) और संजेनबाम अबुंग सिंह (49) उर्फ कृष्णा (काकचिंग)।
बरामद हथियार और सामग्री
गिरफ्तार उग्रवादियों के कब्जे से बरामद हथियारों में दो चीनी हैंड ग्रेनेड (डेटोनेटर सहित), एक ग्लॉक-19 पिस्टल (पाँच गोलियों से भरी मैगजीन के साथ) और एक दोपहिया वाहन शामिल है। विदेशी मूल के हथियारों की बरामदगी इस क्षेत्र में सक्रिय उग्रवादी नेटवर्क की पहुँच और बाहरी संबंधों की ओर संकेत करती है।
व्यापक सुरक्षा अभियान और स्थिति
यह कार्रवाई केंद्रीय और राज्य सुरक्षा बलों द्वारा मणिपुर में चलाए जा रहे व्यापक अभियान का हिस्सा है। पहाड़ी और घाटी वाले जिलों में कुल 116 नाके और चेकपोस्ट स्थापित किए गए हैं, जो संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की आवाजाही पर नजर रख रहे हैं।
गौरतलब है कि सुरक्षा बल इंफाल-जिरीबाम राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-37) पर आवश्यक वस्तुएं ले जाने वाले ट्रकों और अन्य वाहनों को सशस्त्र काफिले के साथ सुरक्षा प्रदान कर रहे हैं। संवेदनशील इलाकों में तलाशी अभियान और एरिया डोमिनेशन ऑपरेशन निरंतर जारी हैं।
यह अभियान ऐसे समय में आया है जब मणिपुर में सामाजिक तनाव और उग्रवादी गतिविधियों को लेकर सुरक्षा बलों पर क्षेत्र में स्थायी शांति सुनिश्चित करने का दबाव बना हुआ है। आने वाले दिनों में इन गिरफ्तारियों से मिली जानकारी के आधार पर और अभियान चलाए जाने की संभावना है।