3 नवंबर 2026
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यूपी पुलिस की मुठभेड़: जेवर में इमरान हत्याकांड के दो आरोपी घायल, अमेठी में 32 मुकदमों वाला चोर गिरफ्तार

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यूपी पुलिस की मुठभेड़: जेवर में इमरान हत्याकांड के दो आरोपी घायल, अमेठी में 32 मुकदमों वाला चोर गिरफ्तार

सारांश

उत्तर प्रदेश पुलिस ने एक ही दिन में दो जिलों में सफल मुठभेड़ें कीं — जेवर में इमरान हत्याकांड के दो महीने से फरार आरोपी पकड़े गए, और अमेठी में 32 मुकदमों वाला कुख्यात चोर घायल होकर गिरफ्तार हुआ। ऑपरेशन चक्रव्यूह की यह कार्रवाई यूपी पुलिस के अंतर्जनपदीय अभियान की बड़ी उपलब्धि है।

मुख्य बातें

जेवर में इमरान हत्याकांड के दो फरार आरोपी — शेरू उर्फ शेर मोहम्मद और मौसीम — 3 नवंबर 2026 को पुलिस मुठभेड़ में पैर में गोली लगने के बाद गिरफ्तार।
दोनों आरोपी 7 अक्टूबर की रात हुई इमरान हत्या के मामले में फरार थे; इनके पास से 2 अवैध पिस्टल और 5 कारतूस बरामद।
अमेठी के शिवरतनगंज में वकील उर्फ सेनापति पैर में गोली लगने के बाद गिरफ्तार; भाई चांद भी हिरासत में।
वकील के खिलाफ अमेठी, बाराबंकी और अयोध्या में कुल 32 मुकदमे दर्ज।
ऑपरेशन चक्रव्यूह के तहत स्वाट टीम व स्थानीय पुलिस की संयुक्त कार्रवाई; पाँच टीमें गठित की गई थीं।

उत्तर प्रदेश पुलिस को 3 नवंबर 2026 को दो अलग-अलग जिलों में अपराधियों के खिलाफ बड़ी सफलता मिली। गौतमबुद्ध नगर के जेवर में इमरान हत्याकांड के दो फरार आरोपियों को मुठभेड़ में घायल कर गिरफ्तार किया गया, जबकि अमेठी में ऑपरेशन चक्रव्यूह के तहत एक अंतर्जनपदीय चोर को पैर में गोली लगने के बाद दबोचा गया और उसके भाई को भी हिरासत में ले लिया गया।

जेवर मुठभेड़: इमरान हत्याकांड के फरार आरोपी धरे गए

गौतमबुद्ध नगर जिले के जेवर थाना क्षेत्र में झांझर रोड स्थित पावर हाउस के पास पुलिस नियमित चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान संदिग्ध बदमाशों ने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में शेरू उर्फ शेर मोहम्मद और मौसीम के पैर में गोली लग गई।

पुलिस के अनुसार, दोनों आरोपी 7 अक्टूबर की रात इमरान की गोली मारकर हत्या के मामले में फरार चल रहे थे। इनके कब्जे से दो अवैध पिस्टल, पाँच कारतूस और दो खोखे बरामद किए गए हैं। घायल बदमाशों को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ उनका उपचार जारी है।

अमेठी मुठभेड़: ऑपरेशन चक्रव्यूह में कसा शिकंजा

अमेठी जिले के शिवरतनगंज थाना क्षेत्र के कुकहा रामपुर गाँव के पास पुलिस और अंतर्जनपदीय चोरों के बीच मुठभेड़ हुई। चेकिंग के दौरान बदमाशों ने पुलिस टीम को देखते ही फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी गोलीबारी में वकील उर्फ सेनापति के पैर में गोली लगी, जबकि उसके भाई चांद को भी मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया।

पुलिस के मुताबिक, दोनों भाइयों ने करीब 15 दिन पहले — 19 और 20 अक्टूबर की रात — शिवरतनगंज क्षेत्र के चार घरों में चोरी की वारदात को अंजाम दिया था। गिरफ्तार वकील के खिलाफ अमेठी, बाराबंकी और अयोध्या के विभिन्न थानों में चोरी समेत अन्य अपराधों के कुल 32 मुकदमे दर्ज हैं।

आरोपियों के कब्जे से तमंचा, जिंदा कारतूस, सोने-चाँदी के जेवर और एक स्प्लेंडर मोटरसाइकिल बरामद की गई है।

ऑपरेशन चक्रव्यूह: पाँच टीमों का संयुक्त अभियान

अमेठी के अपर पुलिस अधीक्षक ज्ञानेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि चोरी की घटनाओं के खुलासे और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर पाँच विशेष टीमें गठित की गई थीं। स्वाट टीम, बाजार शुकुल और इन्हौना पुलिस की संयुक्त टीम ने यह कार्रवाई को अंजाम दिया।

गौरतलब है कि ऑपरेशन चक्रव्यूह उत्तर प्रदेश पुलिस का वह अभियान है, जिसके तहत अंतर्जनपदीय अपराधियों और फरार वारंटियों को पकड़ने के लिए कई जिलों की पुलिस समन्वित रूप से काम करती है। यह कार्रवाई इसी अभियान की कड़ी है।

आगे की कार्रवाई

जेवर पुलिस इमरान हत्याकांड में आगे की जाँच जारी रखे हुए है और अन्य संदिग्धों की तलाश की जा रही है। अमेठी में दोनों गिरफ्तार आरोपियों को न्यायिक प्रक्रिया के तहत आगे की कार्रवाई के लिए भेजा गया है। पुलिस अधिकारियों ने संकेत दिया है कि दोनों मामलों में बरामदगी के आधार पर और भी गिरफ्तारियाँ हो सकती हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

जो अंतर्जनपदीय अपराधियों के नेटवर्क को तोड़ने के लिए बनाई गई है। हालाँकि पुलिस मुठभेड़ों के आँकड़े प्रभावशाली दिखते हैं, नागरिक अधिकार निकाय लगातार यह सवाल उठाते हैं कि क्या इन मुठभेड़ों की स्वतंत्र जाँच होती है। वकील उर्फ सेनापति पर 32 मुकदमे होना यह भी संकेत देता है कि बार-बार जमानत मिलने और अदालती प्रक्रिया की सुस्ती के बावजूद अपराधी सक्रिय रहते हैं — यह पुलिस की उपलब्धि से अधिक न्यायिक प्रणाली की खामी को उजागर करता है।
RashtraPress
3 नवंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

जेवर मुठभेड़ में कौन गिरफ्तार हुए और मामला क्या है?
जेवर मुठभेड़ में इमरान हत्याकांड के दो फरार आरोपी — शेरू उर्फ शेर मोहम्मद और मौसीम — पकड़े गए। दोनों पर 7 अक्टूबर की रात इमरान की गोली मारकर हत्या का आरोप है और वे तब से फरार थे।
अमेठी में ऑपरेशन चक्रव्यूह के तहत किसे गिरफ्तार किया गया?
अमेठी के शिवरतनगंज थाना क्षेत्र में पुलिस ने वकील उर्फ सेनापति और उसके भाई चांद को गिरफ्तार किया। वकील के पैर में गोली लगी और उसके खिलाफ तीन जिलों में कुल 32 मुकदमे दर्ज हैं।
दोनों मुठभेड़ों में पुलिस को क्या बरामद हुआ?
जेवर मुठभेड़ में दो अवैध पिस्टल, पाँच कारतूस और दो खोखे बरामद हुए। अमेठी में तमंचा, जिंदा कारतूस, सोने-चाँदी के जेवर और एक स्प्लेंडर मोटरसाइकिल बरामद की गई।
ऑपरेशन चक्रव्यूह क्या है और इसमें कितनी टीमें शामिल थीं?
ऑपरेशन चक्रव्यूह उत्तर प्रदेश पुलिस का वह अभियान है जिसके तहत अंतर्जनपदीय अपराधियों को पकड़ने के लिए कई जिलों की पुलिस मिलकर काम करती है। अमेठी मामले में पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर पाँच विशेष टीमें गठित की गई थीं।
अमेठी में चोरी की घटनाएँ कब और कहाँ हुई थीं?
पुलिस के अनुसार, 19 और 20 अक्टूबर की रात शिवरतनगंज थाना क्षेत्र के चार घरों में चोरी हुई थी। इन्हीं घटनाओं की जाँच के दौरान संदिग्ध वाहनों और व्यक्तियों की चेकिंग के बाद मुठभेड़ हुई।
राष्ट्र प्रेस
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