वाराणसी एयर शो 2026: फर्जी सेना कैप्टन गिरफ्तार, नमो घाट हेलीपैड के पास संदिग्ध हालत में था
सारांश
मुख्य बातें
वाराणसी के नमो घाट पर एयर शो 2026 के दौरान सुरक्षाबलों ने 24 अक्टूबर 2026 को एक युवक को हिरासत में लिया, जो खुद को भारतीय सेना का कैप्टन बताकर हेलीपैड की तरफ संदिग्ध अवस्था में घूम रहा था। पूछताछ और सत्यापन में उसका दावा असत्य पाया गया, जिसके बाद पुलिस ने उसके विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की धारा 204 और 318(4) के तहत मुकदमा दर्ज किया।
मुख्य घटनाक्रम
आदमपुर थाने में तैनात उपनिरीक्षक चंदन कुमार ने अपनी तहरीर में बताया कि वे हेड कांस्टेबल हृदयनारायण मौर्य और कांस्टेबल महबूब आलम के साथ एयर शो की सुरक्षा ड्यूटी पर नमो घाट पर तैनात थे। इसी दौरान सूचना मिली कि एक युवक हेलीपैड क्षेत्र के पास संदिग्ध ढंग से घूम रहा है और सेना का अधिकारी होने का दावा कर रहा है।
पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुँची और युवक से पूछताछ की। युवक ने अपना परिचय 'कैप्टन अर्पित चतुर्वेदी' के रूप में दिया। किंतु सत्यापन प्रक्रिया में उसका सेना में कैप्टन होने का दावा खारिज हो गया।
आरोपी की पहचान और मुकदमा
जाँच में आरोपी की असली पहचान अर्पित चतुर्वेदी के रूप में हुई, जो आजमगढ़ जिले का निवासी बताया गया है। पुलिस ने आदमपुर थाने में मुकदमा संख्या 0189/2026 दर्ज किया है। उस पर सेना अधिकारी के रूप में प्रतिरूपण एवं धोखाधड़ी के आरोप हैं।
मामले की विवेचना उपनिरीक्षक हरि शंकर सिंह को सौंपी गई है और आदमपुर थाना पुलिस इसकी जाँच कर रही है।
सुरक्षा चूक की गंभीरता
यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब वाराणसी में एयर शो जैसे संवेदनशील आयोजन के दौरान हेलीपैड और आसपास के क्षेत्रों में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था लागू थी। सुरक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसे हाई-प्रोफाइल आयोजनों में फर्जी पहचान के साथ प्रतिबंधित क्षेत्रों तक पहुँच की कोशिश एक गंभीर खतरे का संकेत हो सकती है।
गौरतलब है कि BNS की धारा 318(4) धोखाधड़ी से संबंधित है, जबकि धारा 204 साक्ष्य छुपाने या गलत पहचान प्रस्तुत करने से जुड़ी है। दोनों धाराओं के तहत सजा का प्रावधान है।
आगे क्या होगा
पुलिस अब यह जाँच कर रही है कि आरोपी का हेलीपैड की तरफ जाने का उद्देश्य क्या था और क्या उसके पीछे कोई बड़ी साजिश है। जाँच एजेंसियाँ उसके पृष्ठभूमि की भी पड़ताल कर रही हैं। आरोपी के विरुद्ध न्यायालय में आरोप-पत्र दाखिल करने की प्रक्रिया जाँच पूरी होने के बाद आगे बढ़ेगी।