यूसुफ पठान का बड़ा दावा: बंगाल में TMC को मिलेंगी 110 से अधिक सीटें, पहले चरण में 92%25 मतदान
सारांश
Key Takeaways
- यूसुफ पठान ने दावा किया कि TMC बंगाल चुनाव 2026 में 110 से अधिक सीटें जीतेगी।
- पहले चरण में 152 सीटों पर 24 अप्रैल को 92%25 से अधिक मतदान दर्ज किया गया।
- पठान ने बहरामपुर और मुर्शिदाबाद की 22 में से 20-22 सीटें TMC के खाते में जाने का अनुमान लगाया।
- कुछ इलाकों में हिंसा और अशांति की घटनाओं पर पठान ने चिंता जताई और निष्पक्ष जांच की मांग की।
- दूसरे चरण का मतदान 29 अप्रैल को 142 सीटों पर होगा और 4 मई 2026 को नतीजे आएंगे।
- रोड शो TMC उम्मीदवार अपूर्बा चौधरी के समर्थन में पूर्वी बर्धमान के मंगलकोट में आयोजित हुआ।
मंगलकोट रोड शो में यूसुफ पठान का TMC के लिए बड़ा दावा
कोलकाता, 24 अप्रैल: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के पहले चरण के मतदान के बाद पूर्व क्रिकेटर और तृणमूल कांग्रेस (TMC) सांसद यूसुफ पठान ने पूर्वी बर्धमान जिले के मंगलकोट में आयोजित भव्य रोड शो में शिरकत की और दावा किया कि TMC राज्य में 110 से अधिक सीटें हासिल करेगी। यह रोड शो TMC उम्मीदवार अपूर्बा चौधरी के समर्थन में आयोजित किया गया था।
पठान ने मीडिया से बातचीत में पहले चरण के मतदान, कानून-व्यवस्था और चुनावी परिणामों पर अपना पक्ष रखा। उनका यह बयान ऐसे समय में आया है जब बंगाल में चुनावी सरगर्मी अपने चरम पर है और विपक्षी दल TMC पर हिंसा के आरोप लगा रहे हैं।
पहले चरण का 92%25 मतदान — लोकतंत्र की ताकत या डर का माहौल?
यूसुफ पठान ने पहले चरण में 152 सीटों पर हुए लगभग 92 प्रतिशत से अधिक मतदान को लोकतंत्र के लिए एक सकारात्मक और उत्साहजनक संकेत करार दिया। उन्होंने कहा कि इतनी बड़ी संख्या में मतदाताओं का घरों से निकलना यह साबित करता है कि आम जनता अपने लोकतांत्रिक अधिकारों के प्रति जागरूक और सक्रिय है।
हालांकि, विपक्षी दलों — विशेषकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) और कांग्रेस — ने कुछ क्षेत्रों में बूथ कैप्चरिंग और मतदाताओं को डराने-धमकाने के आरोप लगाए हैं। ऐसे में 92%25 मतदान का आंकड़ा जहां TMC के लिए उत्साहवर्धक है, वहीं इसकी विश्वसनीयता पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं।
हिंसा की घटनाओं पर जताई चिंता, प्रशासन से की निष्पक्षता की मांग
पठान ने कुछ इलाकों में सामने आई हिंसा और अशांति की घटनाओं पर चिंता जताते हुए इन्हें दुर्भाग्यपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि प्रशासन की जिम्मेदारी है कि वह कानून-व्यवस्था बनाए रखे और इन मामलों की निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करे।
गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल में चुनावी हिंसा कोई नई बात नहीं है। 2021 के विधानसभा चुनावों के दौरान भी व्यापक हिंसा की खबरें आई थीं और चुनाव आयोग को कई बार हस्तक्षेप करना पड़ा था। इस बार भी राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) और विपक्षी दलों ने शिकायतें दर्ज कराई हैं।
बहरामपुर और मुर्शिदाबाद में TMC की जीत का भरोसा
बहरामपुर और मुर्शिदाबाद क्षेत्र के बारे में यूसुफ पठान ने जबरदस्त आत्मविश्वास दिखाया। उन्होंने दावा किया कि 22 सीटों में से TMC 20 से लेकर सभी 22 सीटें जीत सकती है। साथ ही उन्होंने बहरामपुर लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले सभी सात विधानसभा क्षेत्रों में भी जीत की उम्मीद जताई।
उल्लेखनीय है कि बहरामपुर सीट पर कांग्रेस के अधीर रंजन चौधरी लंबे समय से काबिज रहे हैं, और इस बार TMC उनसे यह गढ़ छीनने की कोशिश में है। यूसुफ पठान खुद बहरामपुर लोकसभा सीट से TMC सांसद हैं, इसलिए उनका यह दावा राजनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है।
ममता बनर्जी के नेतृत्व की तारीफ, विकास कार्यों का दिया हवाला
अपने संबोधन में यूसुफ पठान ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि राज्य सरकार की विकास योजनाओं — जैसे 'लक्ष्मीर भंडार', 'कन्याश्री', 'स्वास्थ्य साथी' — का सीधा लाभ आम जनता को मिल रहा है। उनके अनुसार, जनता का भारी समर्थन इन्हीं कार्यों का परिणाम है।
हालांकि, आलोचकों का कहना है कि राज्य में बेरोजगारी, शिक्षक भर्ती घोटाला और कानून-व्यवस्था की स्थिति जैसे मुद्दे अभी भी TMC सरकार के लिए चुनौती बने हुए हैं।
चुनाव कार्यक्रम और आगे की राह
पश्चिम बंगाल में पहले चरण में 152 सीटों पर 24 अप्रैल को मतदान संपन्न हुआ। दूसरे चरण के लिए 142 सीटों पर 29 अप्रैल को वोटिंग होगी। 4 मई 2026 को चुनाव परिणाम घोषित किए जाएंगे, जो तय करेंगे कि यूसुफ पठान का 110+ सीटों का दावा कितना सटीक साबित होता है।
बंगाल की राजनीति में TMC, BJP और वाम-कांग्रेस गठबंधन के बीच त्रिकोणीय मुकाबले में अंतिम परिणाम कई राष्ट्रीय राजनीतिक समीकरणों को भी प्रभावित करेगा।