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क्या हुगली कोचीन शिपयार्ड ने 80 यात्रियों का लक्जरी रिवर क्रूज जहाज बनाने का अनुबंध साइन किया?

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क्या हुगली कोचीन शिपयार्ड ने 80 यात्रियों का लक्जरी रिवर क्रूज जहाज बनाने का अनुबंध साइन किया?

सारांश

भारत के शिपयार्ड ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दृष्टिकोण को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। हुगली कोचीन शिपयार्ड ने हेरिटेज रिवर जर्नीज के साथ ब्रह्मपुत्र नदी के लिए लक्जरी रिवर क्रूज जहाज बनाने का अनुबंध साइन किया है। जानें इस अनोखी पहल के बारे में।

मुख्य बातें

हुगली कोचीन शिपयार्ड ने 80 यात्रियों का लक्जरी रिवर क्रूज जहाज बनाने का अनुबंध साइन किया।
यह कदम मेक इन इंडिया पहल का हिस्सा है।
भारत की शिपबिल्डिंग इंडस्ट्री में वृद्धि को दर्शाता है।
ब्रह्मपुत्र नदी पर पर्यटन को बढ़ावा देगा।
सरकार जलमार्गों के विकास के लिए प्रतिबद्ध है।

नई दिल्ली, 13 दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने शनिवार को कहा कि भारत के शिपयार्ड प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दृष्टिकोण को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।

हुगली कोचीन शिपयार्ड लिमिटेड (एचसीएसएल), जो सीएसएल की एक सहायक कंपनी है, ने हेरिटेज रिवर जर्नीज प्राइवेट लिमिटेड के साथ ब्रह्मपुत्र नदी पर 80 यात्रियों के लिए एक लक्जरी रिवर क्रूज जहाज बनाने का अनुबंध साइन किया है।

सोनोवाल ने एक सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि यह भारत की शिपबिल्डिंग इंडस्ट्री के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। मेक इन इंडिया के तहत, एचसीएसएल ने ब्रह्मपुत्र नदी के लिए 80 यात्रियों वाला दूसरा लक्जरी रिवर क्रूज जहाज बनाने का अनुबंध साइन किया है।

केंद्रीय मंत्री ने पोस्ट में कहा कि हमारे शिपयार्ड पीएम नरेंद्र मोदी के भारत को दुनिया का शीर्ष शिपबिल्डर बनाने के दृष्टिकोण को आगे बढ़ा रहे हैं। विश्वस्तरीय जहाजों की डिलीवरी करके, हम न केवल अंतर्देशीय जलमार्गों को बढ़ावा दे रहे हैं, बल्कि सच में अपने भविष्य का निर्माण कर रहे हैं।

इस हफ्ते की शुरुआत में, सरकार ने कहा था कि भारत में नेशनल वॉटरवेज (एनडब्ल्यू) पर कुल यात्री यातायात में लगभग पांच गुना बढ़ोतरी हुई है, जो वित्त वर्ष 2023-24 में 1.61 करोड़ से बढ़कर 2024-25 में 7.64 करोड़ हो गया है।

पिछले पांच वर्षों में, नेशनल वॉटरवेज पर कार्गो मूवमेंट लगभग दोगुना हो गया है, जो 20-21 में 83.6 मिलियन टन से बढ़कर 2024-25 में 145.84 मिलियन टन हो गया है।

इनलैंड वॉटर ट्रांसपोर्ट सेक्टर को बढ़ावा देने के लिए, सरकार ने वित्त वर्ष 2024-25 से वित्त वर्ष 2026-27 तक 3 साल की अवधि के लिए 95.42 करोड़ रुपए के बजट के साथ जलवाहक योजना शुरू की है।

यह योजना कार्गो मालिकों को जलमार्ग यात्रा पर होने वाले कुल वास्तविक ऑपरेटिंग खर्च का 35 प्रतिशत तक सीधे वित्तीय प्रोत्साहन भी देती है।

भारत के जहाज निर्माण लक्ष्य को बढ़ावा देते हुए, सीएसएल ने हाल ही में जहाज निर्माण में दीर्घकालिक रणनीतिक सहयोग के लिए एचडी कोरिया शिपबिल्डिंग एंड ऑफशोर इंजीनियरिंग के साथ एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं।

यह साझेदारी सीएलएल की विरासत, बुनियादी ढांचे और घरेलू विशेषज्ञता को एचडी कोरिया की उन्नत तकनीक और वैश्विक अनुभव के साथ मिलाने की कोशिश करती है, जो भारत की जहाज निर्माण क्षमताओं को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि यह देश के आर्थिक विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। सर्बानंद सोनोवाल का यह बयान दर्शाता है कि सरकार इस क्षेत्र में और निवेश करने के लिए प्रतिबद्ध है।
RashtraPress
29 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

हुगली कोचीन शिपयार्ड क्या है?
हुगली कोचीन शिपयार्ड एक प्रमुख शिपबिल्डिंग कंपनी है जो भारत में उच्च गुणवत्ता वाले जहाजों का निर्माण करती है।
ब्रह्मपुत्र नदी पर यह क्रूज जहाज क्यों बनाया जा रहा है?
यह क्रूज जहाज ब्रह्मपुत्र नदी के पर्यटन को बढ़ावा देने और यात्रियों को एक शानदार अनुभव प्रदान करने के लिए बनाया जा रहा है।
इस परियोजना से भारत को क्या लाभ होगा?
इस परियोजना से भारत की शिपबिल्डिंग क्षमताओं को बढ़ावा मिलेगा और अंतर्देशीय जलमार्गों का विकास होगा।
राष्ट्र प्रेस
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