माइक्रोग्रैविटी में अंतरिक्ष यात्री कैसे सोते और सफाई रखते हैं? जेरेमी हैनसेन ने बताया पूरा सच
सारांश
मुख्य बातें
कनाडियन स्पेस एजेंसी (CSA) के अंतरिक्ष यात्री जेरेमी हैनसेन ने एक वीडियो में खुलासा किया कि माइक्रोग्रैविटी में सोना और खुद को साफ-सुथरा रखना — दोनों ही पृथ्वी से बिल्कुल अलग अनुभव हैं। नासा के आर्टेमिस II मिशन के क्रू सदस्य हैनसेन ने बताया कि ओरियन स्पेसक्राफ्ट में सोने से लेकर दाँत ब्रश करने तक — हर काम के लिए विशेष तरीके अपनाने पड़ते हैं।
माइक्रोग्रैविटी में नींद का अनुभव
हैनसेन ने बताया कि ओरियन स्पेसक्राफ्ट में सभी क्रू सदस्य एक-दूसरे के बगल में झूले जैसे स्लीपिंग बैग में लटककर सोते हैं। यान में लगे हैंडरेल्स की मदद से वे खुद को स्थिर रखते हैं और इन्हीं से स्लीपिंग बैग बाँधे जाते हैं। उन्होंने कहा कि माइक्रोग्रैविटी में सोना 'अगले स्तर का अनुभव' है।
क्रू सदस्य क्रिस्टीना ने यान में ऊपर वाली जगह चुनी, जहाँ उनके पैर डॉकिंग टनल में रहे। इस स्थिति में वह चमगादड़ की तरह लटकती नज़र आईं — लेकिन हैनसेन के अनुसार माइक्रोग्रैविटी में यह स्थिति बेहद आरामदायक और सुकूनभरी होती है। कुछ क्रू सदस्य सीटों पर भी सोते हैं।
सफाई के लिए अनोखे तरीके
हैनसेन ने बताया कि स्पेसक्राफ्ट में शावर या बहते पानी की कोई सुविधा नहीं होती। ऐसे में अंतरिक्ष यात्री खुद को साफ रखने के लिए वेट वाइप्स का उपयोग करते हैं। शेविंग के लिए इलेक्ट्रिक रेज़र और शरीर की दुर्गंध दूर करने के लिए डियोडरेंट साथ रखा जाता है।
दाँत ब्रश करने के लिए सामान्य टूथब्रश और पानी की छोटी थैलियाँ होती हैं। ब्रश करने के बाद पानी निगलने की बजाय उसे तौलिए में थूकना पड़ता है — क्योंकि माइक्रोग्रैविटी में तरल पदार्थ हवा में तैरने लगते हैं। हैनसेन ने इस अनुभव की तुलना बैककंट्री कैंपिंग से करते हुए कहा कि यह कुछ वैसा ही है।
आर्टेमिस II मिशन का संदर्भ
नासा का आर्टेमिस II चंद्रमा के इर्द-गिर्द मानव उड़ान का पहला मिशन है, जिसमें जेरेमी हैनसेन CSA की ओर से शामिल हैं। यह मिशन अंतरिक्ष यात्रियों के दीर्घकालिक अंतरिक्ष प्रवास के लिए तैयारी का अहम हिस्सा है। गौरतलब है कि अंतरिक्ष में मानव शरीर की दैनिक ज़रूरतों को पूरा करने की चुनौती भविष्य के चंद्र और मंगल अभियानों के लिए भी केंद्रीय सवाल बनी हुई है।
आम जनता पर असर और वैज्ञानिक महत्व
यह जानकारी केवल जिज्ञासा की दृष्टि से नहीं, बल्कि वैज्ञानिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण है। माइक्रोग्रैविटी में नींद की गुणवत्ता, स्वच्छता और शारीरिक स्वास्थ्य — ये सभी लंबी अंतरिक्ष यात्राओं की सफलता के लिए निर्णायक हैं। भविष्य में जैसे-जैसे अंतरिक्ष पर्यटन और दीर्घकालिक मिशन बढ़ेंगे, इन तकनीकों का महत्व और भी बढ़ेगा।