एक्स ने एआई से बने युद्ध के वीडियो पर सख्ती की, क्रिएटर्स को किया चेतावनी

Click to start listening
एक्स ने एआई से बने युद्ध के वीडियो पर सख्ती की, क्रिएटर्स को किया चेतावनी

सारांश

एलॉन मस्क के प्लेटफॉर्म एक्स ने युद्ध के दौरान एआई से बने भ्रामक वीडियो पर कार्रवाई शुरू की है। नई नीति के तहत बिना स्पष्ट जानकारी के वीडियो पोस्ट करने पर 90 दिनों का निलंबन होगा।

Key Takeaways

  • एक्स ने एआई से बने युद्ध के वीडियो पर सख्ती की है।
  • गलत जानकारी फैलने के खतरे को कम करने के लिए नई नीति लागू की गई।
  • उपयोगकर्ताओं को 90 दिनों के लिए निलंबित किया जा सकता है यदि वे नियमों का उल्लंघन करते हैं।
  • "मेड विथ एआई" लेबल से सामग्री की पारदर्शिता बढ़ेगी।
  • ग्लोबल तनाव और जानकारी के लिए एक्स पर ट्रैफिक बढ़ा है।

नई दिल्ली, 4 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। एलॉन मस्क के स्वामित्व वाला सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स ने अपने क्रिएटर रेवेन्यू शेयरिंग प्रोग्राम में महत्वपूर्ण बदलावों की घोषणा की है। कंपनी ने बताया है कि वह विशेष रूप से युद्ध जैसे संवेदनशील समय में एआई से बने भ्रामक वीडियो पर कड़ी नज़र रखने जा रही है।

यह कदम ऐसे समय में उठाया गया है जब संयुक्त राज्य, इजरायल और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के कारण गलत जानकारी फैलने की चिंता बढ़ रही है।

एक पोस्ट में एक्स के प्रोडक्ट हेड नikita बियर ने कहा कि कंपनी अपने नीतियों में बदलाव कर रही है ताकि युद्ध के समय सही और विश्वसनीय जानकारी लोगों तक पहुँच सके। उन्होंने बताया कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के बढ़ते उपयोग के कारण असली जैसे दिखने वाले नकली वीडियो बनाना अब बहुत आसान हो गया है, जो लोगों को गुमराह कर सकते हैं।

उन्होंने यह भी बताया कि हाल ही में पाकिस्तान में एक व्यक्ति ने 31 अकाउंट्स चलाए, जिन पर एआई द्वारा निर्मित युद्ध के वीडियो पोस्ट किए जा रहे थे। ये सभी अकाउंट हैक किए गए थे और उनके नाम बदले गए थे।

यदि नई नीति के तहत कोई उपयोगकर्ता बिना स्पष्ट जानकारी दिए एआई से बने युद्ध के वीडियो पोस्ट करता है, तो उसे 90 दिनों के लिए रेवेन्यू शेयरिंग प्रोग्राम से निलंबित कर दिया जाएगा। बार-बार नियम तोड़ने पर उपयोगकर्ता को स्थायी रूप से प्रोग्राम से बाहर किया जा सकता है।

कंपनी ने "मेड विथ एआई" नाम का एक लेबल भी शुरू किया है, जो ऐसे पोस्ट पर दिखाई देगा जिनमें एआई से बना सामग्री शामिल होगा। इससे लोगों को पता चल सकेगा कि सामग्री असली नहीं है।

कंपनी को उम्मीद है कि इससे पारदर्शिता बढ़ेगी और गलत जानकारी फैलने से रोका जा सकेगा।

हाल ही में अली खामेनेई की कथित मौत की खबरों के बाद वैश्विक तनाव और बढ़ गया है। इन घटनाओं के बीच एलन मस्क और नikita बियर ने कहा कि एक्स पर ट्रैफिक अब तक के सबसे ऊंचे स्तर पर पहुँच गया है, क्योंकि लोग ताजा जानकारी के लिए प्लेटफॉर्म का अधिक उपयोग कर रहे हैं।

Point of View

NationPress
14/03/2026

Frequently Asked Questions

क्या एआई से बने वीडियो का उपयोग करना मना है?
यदि वीडियो में स्पष्ट जानकारी नहीं है, तो इसे पोस्ट करना मना है।
किस प्रकार की सामग्री पर सख्ती की जाएगी?
युद्ध के समय एआई से बने भ्रामक वीडियो पर सख्ती की जाएगी।
90 दिनों के निलंबन का क्या मतलब है?
यदि कोई यूजर नियमों का उल्लंघन करता है, तो उसे 90 दिनों के लिए रेवेन्यू शेयरिंग प्रोग्राम से निलंबित किया जाएगा।
मेड विथ एआई लेबल का क्या महत्व है?
यह लेबल उपयोगकर्ताओं को बताता है कि वीडियो सामग्री एआई द्वारा बनाई गई है, जिससे पारदर्शिता बढ़ती है।
इस नीति का उद्देश्य क्या है?
इसका उद्देश्य युद्ध के समय सटीक और विश्वसनीय जानकारी सुनिश्चित करना है।
Nation Press