मुंबई में क्रिकेट का आयोजन: एमसीए अध्यक्ष ने बेहतर खेल के लिए प्रतिबद्धता जताई
सारांश
Key Takeaways
- मुंबई में क्रिकेट का आयोजन खेल की संस्कृति को बढ़ावा देता है।
- एमसीए अध्यक्ष ने सभी मैचों को महत्वपूर्ण बताया।
- 2027 में वानखेड़े स्टेडियम में कोई टेस्ट मैच नहीं होगा।
- मुंबई को बीसीसीआई से 'सर्वश्रेष्ठ एसोसिएशन' का पुरस्कार मिला है।
- सफलता एक टीम वर्क का परिणाम होती है।
मुंबई, 26 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन (एमसीए) के अध्यक्ष अजिंक्य नाइक ने कहा कि 2027 में वानखेड़े स्टेडियम को भारत-ऑस्ट्रेलिया बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी के दौरान टेस्ट मैच न मिलने का दुख है, लेकिन शहर में मैचों की मेज़बानी पर उन्हें गर्व है।
नाइक ने गुरुवार को खार जिमखाना में एमसीए के एक सम्मान समारोह में पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा,
"हर मैच हमारे लिए महत्वपूर्ण है—चाहे वह रणजी ट्रॉफी का हो, अंतरराष्ट्रीय हो, आईपीएल का या क्लब का। हमें खुशी है कि मुंबई में क्रिकेट का आयोजन हो रहा है। इसलिए हम खेल की बेहतरी के लिए प्रयासरत रहेंगे। यही हमारा उद्देश्य है।"
उन्होंने आगे कहा, "हमारी मुख्य एसोसिएशन द्वारा दी गई सभी जिम्मेदारियों का बेहतर तरीके से पालन करना हमारी प्राथमिकता है।"
मुंबई को 9 जनवरी, 2027 को भारत-जिम्बाब्वे के बीच तीसरे वनडे मैच की मेज़बानी करने का अवसर मिलेगा। जब उनसे पूछा गया कि बड़े टेस्ट मैच की मेज़बानी क्यों नहीं मिल रही है, तो नाइक ने कहा कि ये निर्णय उनके अधिकार क्षेत्र के बाहर हैं।
उन्होंने कहा, "मैं केवल एमसीए के बारे में बात कर सकता हूँ। एपेक्स काउंसिल के सदस्यों द्वारा लिए गए निर्णयों को लागू करने का काम हम करते हैं। बीसीसीआई से संबंधित मामलों के लिए आपको बीसीसीआई कार्यालय से संपर्क करना होगा।"
मुंबई की सभी टीमों की प्रगति पर नाइक ने कहा कि हाल ही में हुए बीसीसीआई पुरस्कार समारोह में मुंबई को लगातार तीसरे साल 'सर्वश्रेष्ठ एसोसिएशन' का पुरस्कार मिला है, जो सामूहिक प्रयासों का परिणाम है।
नाइक ने कहा, "जो कुछ भी मैंने किया है, वह इस क्लब में मौजूद सभी सदस्यों की मेहनत का नतीजा है, जिसमें हमारे सचिव भी शामिल हैं। सफलता किसी एक व्यक्ति की नहीं, बल्कि टीम की होती है। यहाँ उपस्थित हर व्यक्ति एमसीए की सफलता में योगदान दे रहा है।"
बीसीसीआई ने 2027 में बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी के पांच टेस्ट मैचों के स्थानों की घोषणा की है, जो नागपुर, चेन्नई, गुवाहाटी, रांची और अहमदाबाद में होंगे। इससे यह स्पष्ट होता है कि 2004 के बाद से मुंबई को भारत-ऑस्ट्रेलिया टेस्ट मैच की मेज़बानी का इंतजार और लंबा हो गया है। भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच आखिरी टेस्ट 2004 में मुंबई में खेला गया था।