जम्मू-कश्मीर के तेज गेंदबाज आकिब नबी ने इरफान पठान की मदद से बनाया डेब्यू
सारांश
Key Takeaways
- आकिब नबी का क्रिकेट सफर प्रेरणा और संघर्ष से भरा है।
- इरफान पठान ने उन्हें डेब्यू करने में महत्वपूर्ण मदद की।
- दलीप ट्रॉफी में उनके शानदार प्रदर्शन ने उन्हें पहचान दिलाई।
- उनका सपना है कि वे भारत के लिए खेलें।
- क्रिकेट के प्रति उनका समर्पण उजागर करता है कि मेहनत कभी बेकार नहीं जाती।
मुंबई, 3 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। जम्मू-कश्मीर के तेज गेंदबाज आकिब नबी ने अपनी क्रिकेट यात्रा और प्रेरणाओं के बारे में विस्तार से चर्चा की। उन्होंने साझा किया कि उनका बचपन क्रिकेट के खेल में व्यतीत हुआ और उन्होंने अपने आदर्श डेल स्टेन और परवेज रसूल से बहुत कुछ सीखा। उन्होंने बताया कि राज्य की टीम से डेब्यू करने में पूर्व भारतीय क्रिकेटर इरफान पठान ने उनकी विशेष मदद की।
आकिब नबी ने 'जियोस्टार' के साथ बातचीत के दौरान कहा, "मैंने 5वीं या 6वीं कक्षा में टेनिस बॉल से क्रिकेट खेलना शुरू किया। बारामूला में प्रैक्टिस के लिए कोई विशेष स्थान नहीं था, इसलिए हम सड़क पर या स्कूल के छोटे मैदान में खेलते थे। जब मैं छोटा था, तो मैं डेल स्टेन को देखता था और उनकी तेज गेंदबाजी के तरीके ने मुझे तेज गेंदबाज बनने के लिए प्रेरित किया। मुझे उम्मीद है कि एक दिन मैं भारतीय टीम के लिए खेल पाऊंगा। मेरे पिता चाहते थे कि मैं डॉक्टर बनूं, इसलिए क्रिकेट के प्रति मेरी रुचि के लिए मुझे काफी डांट पड़ती थी।
परवेज रसूल और इरफान पठान से मिली प्रेरणा के बारे में नबी ने कहा, "परवेज रसूल ने आईपीएल में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (आरसीबी) के लिए शानदार प्रदर्शन कर भारत के लिए डेब्यू किया था। यह देखकर मुझे भी भारत के लिए खेलने की प्रेरणा मिली। परवेज भाई हमारे जैसे ही एक स्थानीय गांव से हैं। मैंने अपनी पहचान तब बनाई जब मैं अंडर-19 टीम में था और जम्मू-कश्मीर क्रिकेट टीम के ट्रायल्स में चुना गया। उस समय मेरे पास स्पाइक्स वाले जूते नहीं थे, इसलिए मैंने एक सीनियर से जूते उधार लिए।
आकिब नबी ने बताया, "मैंने जम्मू-कश्मीर के लिए अपना जूनियर डेब्यू उन स्पाइक्स को पहनकर किया, जो मैंने एक दोस्त से उधार लिए थे। जब इरफान भाई जम्मू-कश्मीर टीम के मेंटर बने, तब मैं अंडर-23 टीम में था। वहां मेरे शानदार प्रदर्शन ने उनका ध्यान खींचा। उन्होंने मुझे जम्मू-कश्मीर की सीनियर टीम में डेब्यू करने में मदद की और खेल के दौरान मुझे कई महत्वपूर्ण टिप्स दिए। वह टीम इंडिया के एक दिग्गज खिलाड़ी हैं, और उनके साथ मेरा अनुभव अद्भुत रहा।
पिछले साल दुबई में हुए मिनी ऑक्शन में दिल्ली कैपिटल्स ने नबी को 8.2 करोड़ रुपए में खरीदा था। दलीप ट्रॉफी में अपने शानदार प्रदर्शन के बाद आईपीएल ऑक्शन में चुने जाने के उस भावुक पल के बारे में नबी ने कहा, "मैंने इस साल नॉर्थ जोन टीम के लिए खेलते हुए दलीप ट्रॉफी में अनोखा रिकॉर्ड बनाया। मैंने लगातार चार गेंदों पर चार विकेट लिए। उस समय मेरा नाम हर जगह था। जब ऐसा हुआ, तो मुझे यकीन हो गया कि शायद मैं आईपीएल ऑक्शन में चुना जाऊंगा। ऑक्शन के दिन मैं अपने परिवार के साथ घर पर था और जब मेरा नाम आया, तो कुछ समय के लिए किसी ने पैडल नहीं उठाया। मैंने सोचा कि कोई बात नहीं, मैं और मेहनत करूंगा। थोड़ी देर बाद टीमों ने पैडल उठाए और घर पर मौजूद सभी लोग भावुक हो गए। यह सालों की मेहनत का फल था। मुझे कीमत का कोई दबाव नहीं था, मैं बस आईपीएल में खेलना चाहता था और अब मैं अपना नाम बनाना चाहता हूं।