एशियन जूनियर चेस चैंपियनशिप 2026: 16 अगस्त से मुंबई में, 10 देशों के 157 खिलाड़ी मैदान में
सारांश
मुख्य बातें
एशियन जूनियर चेस चैंपियनशिप 2026 का आयोजन 16 से 26 अगस्त के बीच मुंबई के आईटीसी मराठा होटल में किया जाएगा, जिसमें 10 देशों के 157 खिलाड़ी भाग लेंगे। महाराष्ट्र चेस एसोसिएशन (MCA) द्वारा आयोजित इस प्रतिष्ठित टूर्नामेंट में 6 इंटरनेशनल मास्टर्स और 24 फिडे मास्टर्स व महिला फिडे मास्टर्स सहित एशिया के शीर्ष अंडर-20 शतरंज प्रतिभाएँ एक-दूसरे से भिड़ेंगी।
टूर्नामेंट की घोषणा और आयोजन समिति
इस चैंपियनशिप की आधिकारिक घोषणा बुधवार, 12 अगस्त को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में की गई। MCA अध्यक्ष परिणय फुके, टूर्नामेंट डायरेक्टर निरंजन गोडबोले और आयोजन सचिव सलिल घाटे ने इस अवसर पर मीडिया को संबोधित किया। यह टूर्नामेंट ऑल इंडिया चेस फेडरेशन, एशियन चेस फेडरेशन और फिडे (FIDE) की देखरेख में आयोजित होगा।
प्रारूप और राउंड विवरण
प्रतियोगिता में क्लासिकल स्विस फॉर्मेट के 9 राउंड खेले जाएँगे, साथ ही रैपिड और ब्लिट्ज के 7-7 राउंड भी होंगे। क्लासिकल इवेंट में 157 खिलाड़ी, रैपिड में 153 और ब्लिट्ज में 151 खिलाड़ी हिस्सा लेंगे। ओपन सेक्शन की औसत ELO रेटिंग 2054 है, जबकि जूनियर महिला सेक्शन की औसत ELO रेटिंग 1885 है।
नॉर्म और पुरस्कार का महत्व
यह टूर्नामेंट करियर की दृष्टि से विशेष महत्व रखता है। यदि कोई इंटरनेशनल मास्टर (IM) विजेता बनता है, तो उसे ग्रैंडमास्टर नॉर्म प्राप्त होगा। जो खिलाड़ी IM नहीं हैं, उन्हें IM नॉर्म मिलेगा। गौरतलब है कि यह टूर्नामेंट भारतीय शतरंज की नर्सरी रहा है — विश्वनाथन आनंद, अभिजीत कुंटे, तेजस बाकरे (पुरुष वर्ग) तथा तानिया सचदेव, कोनेरू हम्पी और इवाना फुरटाडो (महिला वर्ग) जैसी दिग्गज शख्सियतें इसी मंच से उभरी हैं।
शीर्ष दावेदार
ओपन सेक्शन में भारतीय IM मयंक चक्रवर्ती (ELO 2500) सबसे ऊँची रेटिंग के साथ पहले स्थान पर हैं। उनके बाद रूस के IM आर्टेम पिंगिन (ELO 2477) और भारत के IM अपूर्व कांबले (ELO 2441) हैं। अन्य प्रमुख भारतीय दावेदारों में विग्नेश अद्वैत वेमुला (2405), आदित्य ढींगरा (2403) और अक्षय बोरगांवकर (2396) शामिल हैं।
जूनियर महिला सेक्शन में भारतीय WFM प्रतीति बोरदोलोई (ELO 2252) सबसे मज़बूत दावेदार हैं। उनके बाद कज़ाकिस्तान की WFA मारिया खोल्यावको (2217) और तुर्कमेनिस्तान की WFM लाला शोहरादोवा (2159) हैं। भारतीय महिला खिलाड़ियों में WFM स्वरा लक्ष्मी नायर (2155), मृत्तिका मल्लिक (2153) और सारण्या देवी नरहरी से भी अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद है।
आगे क्या
यह चैंपियनशिप ऐसे समय में हो रही है जब भारतीय जूनियर शतरंज विश्व मंच पर तेज़ी से उभर रहा है। 16 अगस्त से शुरू होकर 26 अगस्त तक चलने वाला यह टूर्नामेंट न केवल एशियाई ताज का फैसला करेगा, बल्कि कई खिलाड़ियों के लिए ग्रैंडमास्टर या इंटरनेशनल मास्टर नॉर्म का रास्ता भी खोल सकता है।