नितिन गुप्ता ने 5000 मीटर रेस वॉक में जीता गोल्ड, साधना रवि को ट्रिपल जंप में सिल्वर — एशियन अंडर-20 एथलेटिक्स
सारांश
मुख्य बातें
नितिन गुप्ता ने हांगकांग में जारी अंडर-20 एशियन एथलेटिक्स चैंपियनशिप के दूसरे दिन 29 मई 2026 को पुरुषों की 5000 मीटर रेस वॉक में गोल्ड मेडल जीतकर इस संस्करण में भारत का पहला स्वर्ण पदक हासिल किया। महिलाओं के ट्रिपल जंप इवेंट में साधना रवि ने सिल्वर मेडल अपने नाम किया, जिससे भारत के खाते में दिन के अंत तक दो पदक जुड़ गए।
नितिन का स्वर्णिम प्रदर्शन
18 वर्षीय नितिन गुप्ता ने 19:47.49 के समय के साथ पोडियम पर शीर्ष स्थान हासिल किया। ताइपे के शेंग-किन लो (19:56.17) दूसरे और जापान के चिहिरो ओबाटा (20:06.73) तीसरे स्थान पर रहे। एथलेटिक्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (AFI) ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर नितिन को बधाई देते हुए लिखा, 'नितिन गुप्ता ने पुरुषों की 5000 मीटर रेस वॉक में शानदार गोल्ड के साथ अपना नाम इतिहास के पन्नों में दर्ज करा लिया है।'
पृष्ठभूमि: राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी जीत और विवाद
यह पदक नितिन के लिए एक उल्लेखनीय वापसी के रूप में देखा जा रहा है। इससे पहले उन्होंने बिरसा मुंडा फुटबॉल स्टेडियम में आयोजित नेशनल सीनियर एथलेटिक्स फेडरेशन प्रतियोगिता में पुरुषों की 10 किलोमीटर रेस वॉक में भारत के 40 साल के नेशनल रिकॉर्ड होल्डर और दो बार के ओलंपियन संदीप कुमार को एक रोमांचक मुकाबले में हराया था। हालाँकि, उस प्रतियोगिता में संदीप की टीम ने नितिन के खिलाफ आधिकारिक शिकायत दर्ज की और आरोप लगाया कि उन्होंने नियम तोड़े हैं। जूरी ने जाँच के बाद पाया कि नितिन ने नियम 6.2 का उल्लंघन किया — जिसके अनुसार कोई खिलाड़ी किसी अन्य प्रतिभागी से सहायता न ले सकता है और न ही दे सकता है — जिसके चलते उन्हें उस प्रतियोगिता से अयोग्य घोषित कर दिया गया था।
साधना रवि का ट्रिपल जंप में रजत
साधना रवि ने महिलाओं के ट्रिपल जंप इवेंट में 12.84 मीटर (+0.5) के सर्वश्रेष्ठ प्रयास के साथ सिल्वर मेडल जीता। चीन की यिकिंग जी ने 13.36 मीटर (+1.3) की छलांग के साथ गोल्ड मेडल अपने नाम किया, जबकि कजाकिस्तान की मारिया च्शिपाचेवा ने 12.70 मीटर की पर्सनल बेस्ट जंप के साथ ब्रॉन्ज मेडल जीता।
भारत का पिछला प्रदर्शन
गौरतलब है कि 2024 में दुबई में आयोजित एशियन अंडर-20 एथलेटिक्स चैंपियनशिप के पिछले संस्करण में भारत ने 7 गोल्ड सहित कुल 29 पदक जीते थे और अंक तालिका में तीसरे स्थान पर रहा था। हांगकांग संस्करण में यह पदक भारतीय एथलेटिक्स की युवा पीढ़ी की क्षमता को रेखांकित करते हैं।
आगे की राह
चैंपियनशिप के शेष दिनों में भारत के अन्य एथलीट भी विभिन्न स्पर्धाओं में उतरेंगे। नितिन और साधना के प्रदर्शन से उत्साहित भारतीय दल से पदक तालिका में और बेहतर स्थान की उम्मीद बनी हुई है।