मिचेल स्टार्क के 10 विकेट, साउथ मैके टेस्ट में ऑस्ट्रेलिया ने बांग्लादेश को पारी और 51 रन से रौंदा
सारांश
मुख्य बातें
मिचेल स्टार्क की दोनों पारियों में कुल 10 विकेट की विध्वंसकारी गेंदबाज़ी के दम पर ऑस्ट्रेलिया ने साउथ मैके में खेले गए दूसरे टेस्ट के दूसरे ही दिन, 23 अगस्त को बांग्लादेश को पारी और 51 रन से हरा दिया। इस निर्णायक जीत के साथ ऑस्ट्रेलिया ने दो मैचों की सीरीज़ 1-1 से बराबर कर ली।
मैच का मुख्य घटनाक्रम
दूसरे दिन का खेल शुरू होने पर ऑस्ट्रेलिया अपनी पहली पारी में 8 विकेट पर 165 रन बनाए खड़ा था। पूरी टीम 210 रन पर सिमट गई, जिसमें कैमरन ग्रीन ने 67, स्टीव स्मिथ ने 42 और नाथन लियोन ने 32 रन का योगदान दिया। बांग्लादेश की पहली पारी महज़ 64 रन पर सिमटी थी, जिसमें स्टार्क ने 6 विकेट चटकाए थे — इस तरह ऑस्ट्रेलिया को पहली पारी में 146 रन की बड़ी बढ़त मिली। बांग्लादेश के लिए पहली पारी में शोरिफुल इस्लाम ने 7 विकेट लेकर संघर्ष किया।
बांग्लादेश की दूसरी पारी का पतन
विशाल घाटे का पीछा करते हुए बांग्लादेश की दूसरी पारी भी ऑस्ट्रेलियाई तेज़ गेंदबाज़ों के सामने नहीं टिक सकी। पूरी टीम मात्र 38.3 ओवर में 95 रन पर ढेर हो गई — दूसरे दिन के तीसरे सत्र की तीसरी गेंद पर। कप्तान नजमुल होसेन शांतो ने सर्वाधिक 31 रन बनाए, जबकि मुशफिकुर रहमान 29 रन बनाकर नाबाद रहे। इन दोनों को छोड़कर कोई भी बल्लेबाज़ दोहरे अंक तक नहीं पहुँच सका।
ऑस्ट्रेलिया के लिए दूसरी पारी में मिचेल स्टार्क ने 4, जबकि पैट कमिंस और नाथन लियोन ने 3-3 विकेट लिए। बांग्लादेश लगातार दोनों पारियों में 100 रन का आँकड़ा पार नहीं कर सकी।
डार्विन की हार का संदर्भ
गौरतलब है कि डार्विन में खेले गए पहले टेस्ट में बांग्लादेश ने ऑस्ट्रेलिया को 9 विकेट से हराया था — जो ऑस्ट्रेलिया को अपनी धरती पर बांग्लादेश से मिली पहली हार थी। उस हार के बाद ऑस्ट्रेलियाई टीम को तीखी आलोचना का सामना करना पड़ा था। यह ऐसे समय में आया था जब ऑस्ट्रेलिया की घरेलू अजेयता की साख दाँव पर थी।
साउथ मैके में ऑस्ट्रेलिया ने उस हार का करारा जवाब दिया — बांग्लादेश को संभलने का कोई मौका नहीं दिया और मैच दूसरे ही दिन समाप्त कर दिया।
स्टार्क का शानदार प्रदर्शन
मिचेल स्टार्क को प्लेयर ऑफ द मैच और प्लेयर ऑफ द सीरीज़ दोनों पुरस्कार मिले। इस मैच में उन्होंने 10 विकेट लिए, जबकि पहले टेस्ट में उनके खाते में 2 विकेट थे। सीरीज़ में उनका कुल योगदान 12 विकेट रहा।
आगे की राह
सीरीज़ 1-1 से बराबर रहने के साथ दोनों टीमें अपने-अपने प्रदर्शन का मूल्यांकन करेंगी। ऑस्ट्रेलिया के लिए यह वापसी राहत की बात है, लेकिन डार्विन में मिली हार ने यह स्पष्ट कर दिया है कि बांग्लादेश अब टेस्ट क्रिकेट में हल्की टीम नहीं रही।