आयुष शेट्टी BWF वर्ल्ड चैंपियनशिप 2026: 26 मिनट में 21-8, 21-10 से जीत, तीसरे राउंड में प्रवेश
सारांश
मुख्य बातें
BWF वर्ल्ड चैंपियनशिप 2026 में भारत के आयुष शेट्टी ने बुधवार, 19 अगस्त को नई दिल्ली के इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में श्रीलंका के डुमिंडू अबेविक्रमा को 21-8, 21-10 से हराकर तीसरे राउंड में जगह बनाई। यह मुकाबला महज 26 मिनट में समाप्त हुआ — चैंपियनशिप के दूसरे राउंड में यह एकतरफा प्रदर्शन शेट्टी के बढ़ते आत्मविश्वास का प्रमाण है।
मुख्य घटनाक्रम
शेट्टी ने पहले गेम में 21-8 और दूसरे गेम में 21-10 से जीत दर्ज की। कोर्ट पर उनका वर्चस्व शुरू से अंत तक बरकरार रहा और प्रतिद्वंद्वी को कभी भी मैच में वापसी का मौका नहीं मिला। मैच के बाद शेट्टी ने पत्रकारों से कहा, 'यह काफी आसान जीत थी। मैं अच्छा खेल रहा था। इस जीत के बाद आगे बढ़ने से खुश हूं।'
वर्ल्ड नंबर 1 को हराने के बाद मानसिक संतुलन
इससे पहले शेट्टी वर्ल्ड नंबर 1 शी यू क्यूई को हराकर सुर्खियों में आए थे। उस उपलब्धि के बावजूद उन्होंने मानसिक संयम बनाए रखा। उन्होंने कहा, 'मैं उस जीत को भूलने की कोशिश कर रहा था। मैं पूरे आत्मविश्वास के साथ खेलना चाहता था। यह एक नया राउंड है, यहां एक नया विरोधी है। मैं हेड-टू-हेड में भी 0-1 से पीछे था, इसलिए मैं अच्छी तरह से तैयार था।'
लक्ष्य सेन की हार के बाद भारत की उम्मीद
उसी दिन 14वें सीड लक्ष्य सेन — जो 2021 वर्ल्ड चैंपियनशिप के ब्रॉन्ज मेडलिस्ट हैं — अमेरिका के गैरेट टैन के खिलाफ 73 मिनट तक चले मुकाबले में 19-21, 21-19, 21-17 से हार गए। एक गेम से आगे रहने के बावजूद सेन की यह हार अप्रत्याशित रही। इसके साथ ही शेट्टी प्रतियोगिता में बचे एकमात्र भारतीय मेंस सिंगल्स खिलाड़ी बन गए हैं।
शेट्टी का फोकस और आगे की रणनीति
लक्ष्य की हार पर शेट्टी ने संयम से कहा, 'लक्ष्य की हार दुर्भाग्यपूर्ण है, लेकिन मैं ज्यादा फोकस करूंगा, बजाय दूसरे मुकाबलों के नतीजों के बारे में सोचने के।' उन्होंने यह भी जोड़ा, 'मेंस सिंगल्स बहुत मुश्किल है। इसमें कोई भी जीत हासिल कर सकता है। अपने अच्छे दिन पर, कोई भी किसी को मात दे सकता है। मैं हर मैच को एक मुश्किल मुकाबले के तौर पर देखूंगा।' यह रवैया दर्शाता है कि शेट्टी न केवल कोर्ट पर बल्कि मानसिक रूप से भी तैयार हैं — और अब तीसरे राउंड में भारतीय बैडमिंटन की सारी उम्मीदें उन्हीं के कंधों पर हैं।