13 अगस्त 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

हरप्रीत बरार बोले: कोहली की घूरती नज़रों से गेंदबाज़ को नहीं डरना चाहिए, दुश्मनी नहीं फ्रेंचाइज़ी प्रतिस्पर्धा है

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
हरप्रीत बरार बोले: कोहली की घूरती नज़रों से गेंदबाज़ को नहीं डरना चाहिए, दुश्मनी नहीं फ्रेंचाइज़ी प्रतिस्पर्धा है

सारांश

पंजाब किंग्स के स्पिनर हरप्रीत बरार ने विराट कोहली के साथ कथित दुश्मनी को सिरे से खारिज किया। उनका कहना है — मैदान पर आक्रामकता फ्रेंचाइज़ी क्रिकेट की फितरत है, निजी रंजिश नहीं। और कोहली? वे लीजेंड हैं, जिनसे युवा खिलाड़ी सीखते हैं।

मुख्य बातें

हरप्रीत बरार ने विराट कोहली के साथ किसी भी 'राइवलरी' से इनकार किया, इसे सोशल मीडिया का हथकंडा बताया।
बरार ने IPL में एक ही स्पेल में कोहली, ग्लेन मैक्सवेल और एबी डिविलियर्स को आउट किया था।
बरार के अनुसार, कोहली की मैदानी आक्रामकता युवा खिलाड़ियों के लिए एक आदर्श सीख है।
बरार ने कहा — 'किसी के गुस्से भरी नज़रों से घूरने से गेंदबाज़ को परेशान नहीं होना चाहिए।' कोहली के 'घूरने' को बरार ने कैमरा एंगल का भ्रम बताया, निजी संदेश नहीं।

पंजाब किंग्स के स्पिनर हरप्रीत बरार ने 13 अगस्त को एक खास बातचीत में स्पष्ट किया कि विराट कोहली के साथ मैदान पर दिखने वाली नोक-झोंक को निजी दुश्मनी का रंग देना सरासर गलत है। बरार के अनुसार, यह सब इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) की प्रतिस्पर्धी फ्रेंचाइज़ी क्रिकेट का स्वाभाविक हिस्सा है — और एक गेंदबाज़ का एकमात्र लक्ष्य विकेट लेना या अच्छा ओवर डालना होना चाहिए, चाहे सामने कोई भी खड़ा हो।

मुख्य बात: 'राइवलरी' नहीं, सोशल मीडिया का हथकंडा

बरार ने साफ शब्दों में कहा, 'ऐसा नहीं है। यह टीम के लिए अच्छा है। राइवलरी जैसी कोई बात नहीं है। यह सब सोशल मीडिया का एक हथकंडा है जो वहीं शुरू होता है और वहीं खत्म हो जाता है।' उन्होंने जोड़ा कि वे पंजाब किंग्स के लिए और कोहली रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) के लिए खेलते हैं — दोनों का मकसद अपनी-अपनी टीम को जिताना है, बस इतना ही।

कोहली की आक्रामकता से युवा सीखें

बरार ने विराट कोहली की प्रतिस्पर्धी मानसिकता की खुलकर तारीफ की। उनके अनुसार, कोहली आज भी उसी जोश के साथ खेलते हैं जैसे 18 साल की उम्र में खेलते थे। 'हमने भी उनसे ये चीजें सीखी हैं,' बरार ने कहा। उन्होंने कोहली को भविष्य के युवा खिलाड़ियों के लिए एक आदर्श उदाहरण बताया कि प्रतिस्पर्धी क्रिकेट कैसे खेला जाना चाहिए।

मैदान के अंदर और बाहर — सम्मान एक जैसा

बरार ने यह भी रेखांकित किया कि प्रतिद्वंद्विता और सम्मान एक साथ चल सकते हैं। 'कोहली इस खेल के लीजेंड हैं। मैदान के अंदर और बाहर उनके लिए सम्मान एक जैसा ही है,' उन्होंने कहा। गौरतलब है कि बरार ने IPL में एक ही स्पेल में विराट कोहली, ग्लेन मैक्सवेल और एबी डिविलियर्स को पवेलियन भेजा था — यह उनके करियर का एक यादगार पल रहा है।

घूरने पर बरार का जवाब: कैमरा एंगल का खेल

कोहली के 'घूरने' को लेकर उठे सवालों पर बरार ने दिलचस्प जवाब दिया। उन्होंने कहा, 'मैंने उन्हें कभी मुझे घूरते हुए नहीं देखा। कैमरे के एंगल ऐसे होते हैं। जब हम मैदान पर होते हैं, तो ऐसा लगता है कि वे मुझे घूर रहे हैं, लेकिन असल में ऐसा नहीं होता।' उन्होंने यह भी जोड़ा कि हर टीम के कप्तान खिलाड़ियों को इसी तरह देखते हैं, लेकिन कोहली की बड़ी पहचान की वजह से उनके हाव-भाव पर कैमरा ज़्यादा टिकता है।

गेंदबाज़ की ज़िम्मेदारी: नाम नहीं, विकेट देखो

बरार ने अपनी गेंदबाज़ी फिलॉसफी को बेहद सीधे शब्दों में रखा: 'बतौर गेंदबाज़ आपमें हमेशा वह जोश होना चाहिए; इससे कोई फर्क नहीं पड़ता कि आपके सामने विराट कोहली बल्लेबाज़ी कर रहे हैं, या कोई युवा खिलाड़ी। मेरी ड्यूटी है कि मैं उनका विकेट लूं या अपनी टीम के लिए अच्छा ओवर डालूं।' यह सोच उन्हें IPL के सबसे शांतचित्त गेंदबाज़ों में से एक बनाती है — एक ऐसे दौर में जब मैदानी नाटकीयता अक्सर सुर्खियाँ बटोरती है।

संपादकीय दृष्टिकोण

जबकि दूसरे खिलाड़ियों की वही हरकतें अनदेखी रह जाती हैं — यह असमान कवरेज एक झूठी कथा गढ़ती है। बरार जैसे शांतचित्त गेंदबाज़ का यह नज़रिया दरअसल IPL की परिपक्व होती खिलाड़ी संस्कृति का संकेत है। असली सवाल यह है कि क्या मीडिया और सोशल मीडिया इस परिपक्वता को जगह देने के लिए तैयार हैं, या 'राइवलरी' की कहानी ज़्यादा बिकती रहेगी?
RashtraPress
13 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

हरप्रीत बरार और विराट कोहली के बीच क्या विवाद है?
कोई निजी विवाद नहीं है। IPL मैचों में दोनों के बीच दिखने वाली आक्रामकता को सोशल मीडिया पर 'दुश्मनी' का नाम दे दिया गया, जिसे बरार ने खारिज किया है। उन्होंने इसे फ्रेंचाइज़ी क्रिकेट की सामान्य प्रतिस्पर्धा बताया।
हरप्रीत बरार ने IPL में विराट कोहली को कब आउट किया था?
बरार ने IPL में एक ही स्पेल में विराट कोहली, ग्लेन मैक्सवेल और एबी डिविलियर्स को पवेलियन भेजा था। यह उनके IPL करियर का एक उल्लेखनीय प्रदर्शन रहा है।
बरार के अनुसार कोहली के 'घूरने' की सच्चाई क्या है?
बरार ने कहा कि उन्होंने कभी कोहली को सीधे उन्हें घूरते नहीं देखा। उनके अनुसार यह कैमरा एंगल का भ्रम है — टीवी पर ऐसा लगता है जैसे कोहली किसी एक खिलाड़ी को घूर रहे हों, जबकि मैदान पर ऐसा नहीं होता।
क्या बरार विराट कोहली को सम्मान देते हैं?
हाँ, बरार ने कोहली को 'इस खेल के लीजेंड' बताया। उनके अनुसार मैदान के अंदर और बाहर कोहली के प्रति उनका सम्मान एकसमान है, और कोहली युवा खिलाड़ियों के लिए एक आदर्श उदाहरण हैं।
एक गेंदबाज़ को बड़े बल्लेबाज़ों के सामने कैसा रवैया रखना चाहिए?
बरार के अनुसार, गेंदबाज़ का ध्यान सिर्फ विकेट लेने या अच्छा ओवर डालने पर होना चाहिए — चाहे सामने विराट कोहली हों या कोई नया खिलाड़ी। किसी के घूरने या आक्रामक रवैये से गेंदबाज़ को विचलित नहीं होना चाहिए।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 3 महीने पहले
  2. 3 महीने पहले
  3. 4 महीने पहले
  4. 4 महीने पहले
  5. 4 महीने पहले
  6. 4 महीने पहले
  7. 4 महीने पहले
  8. 6 महीने पहले