भगत सिंह जयंती पर CM योगी का युवाओं से आह्वान: ज्ञान को शक्ति बनाएं, अभ्युदय योजना से मिल रही निःशुल्क कोचिंग
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 28 सितंबर 2026 को अमर शहीद भगत सिंह की जयंती पर प्रदेशवासियों — विशेषकर युवाओं — को संदेश देते हुए कहा कि भगत सिंह ने मात्र 23 वर्ष की आयु में मातृभूमि के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। मुख्यमंत्री ने अपने पत्र में युवाओं से आग्रह किया कि वे भगत सिंह के जीवन से ज्ञान को अपनी शक्ति बनाने और संकल्प को कर्म से जोड़ने की प्रेरणा लें।
भगत सिंह की विरासत और आज की प्रासंगिकता
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संदेश में कहा कि भगत सिंह न केवल एक क्रांतिकारी थे, बल्कि एक गहन अध्येता भी थे। वे हिंदी, उर्दू, पंजाबी और अंग्रेजी सहित कई भाषाओं के जानकार थे। उन्होंने कहा कि आज के युवाओं को जाति-पाति, नशे और अन्य सामाजिक बुराइयों से मुक्ति के लिए भगत सिंह के अदम्य साहस और राष्ट्रनिष्ठा से प्रेरणा लेनी होगी। यह ऐसे समय में आया है जब उत्तर प्रदेश में युवा रोज़गार और कौशल विकास एक प्रमुख राजनीतिक मुद्दा बना हुआ है।
सरकारी योजनाओं का उल्लेख
मुख्यमंत्री ने कहा कि ज्ञान जब कौशल से जुड़ता है, तब युवा अपनी प्रतिभा को सामर्थ्य में बदल सकते हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना का विशेष उल्लेख करते हुए बताया कि इसके माध्यम से युवाओं को प्रतियोगी परीक्षाओं की निःशुल्क तैयारी का अवसर मिल रहा है। इसके अतिरिक्त, मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान युवाओं को अपना उद्यम स्थापित करने और रोज़गार सृजित करने के लिए सशक्त आधार प्रदान कर रहा है।
राज्य की स्टार्टअप नीति के ज़रिए नवाचार और उद्यमशीलता को प्रोत्साहन दिया जा रहा है। गौरतलब है कि ये योजनाएं उत्तर प्रदेश सरकार की व्यापक युवा-केंद्रित नीति का हिस्सा हैं, जिनका उद्देश्य राज्य को एक अग्रणी शैक्षणिक और आर्थिक हब के रूप में स्थापित करना है।
डिजिटल लाइब्रेरी और ज्ञान के विस्तार पर जोर
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी के नाम पर प्रत्येक जनपद में आधुनिक पुस्तकालय एवं डिजिटल लाइब्रेरी विकसित की जा रही हैं, ताकि ज्ञान तक पहुँच और सहज हो। उन्होंने युवाओं से आग्रह किया कि वे पुस्तकों को अपना मित्र बनाएं, प्रश्न पूछें, नए विचारों को जानें और अपनी जिज्ञासा को निरंतर जीवित रखें।
उन्होंने कहा, 'एक पुस्तक किसी युवा के जीवन में नया विचार जगा सकती है और एक नया विचार पूरे समाज को नई दिशा दे सकता है।' यह पहल ऐसे समय में महत्वपूर्ण है जब डिजिटल डिवाइड को पाटना उत्तर प्रदेश के ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों में शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने के लिए अनिवार्य माना जा रहा है।
युवाओं के लिए आगे की राह
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि जब युवा ज्ञान को कौशल से, कौशल को संकल्प से और संकल्प को कर्म से जोड़ेंगे, तब उनके सपनों के साथ-साथ प्रदेश की विकास यात्रा को भी नई गति मिलेगी। उन्होंने प्रदेशवासियों से आग्रह किया कि वे ज्ञानवान, संस्कारवान और सामर्थ्यवान उत्तर प्रदेश के निर्माण में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएं। भगत सिंह की जयंती पर दिया गया यह संदेश राज्य सरकार की शिक्षा और युवा सशक्तिकरण नीतियों के साथ भविष्य की प्राथमिकताओं को भी रेखांकित करता है।