बांग्लादेश का पाकिस्तान पर ऐतिहासिक 2-0 क्लीन स्वीप, शांतो बोले — भारत, ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड से और टेस्ट चाहिए
सारांश
मुख्य बातें
बांग्लादेश के कप्तान नजमुल हुसैन शांतो ने 20 मई को सिलहट में पाकिस्तान के खिलाफ दूसरा टेस्ट 78 रन से जीतने के बाद कहा कि उनकी टीम अब भारत, ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड के खिलाफ घरेलू और विदेशी जमीन पर अधिक टेस्ट मैच खेलना चाहती है। बांग्लादेश ने 2 टेस्ट मैचों की सीरीज 2-0 से जीती — अपने घर में पाकिस्तान के खिलाफ यह उनकी पहली टेस्ट सीरीज जीत है।
मुख्य घटनाक्रम
पहला टेस्ट 104 रन से जीतने के बाद बांग्लादेश ने दूसरे टेस्ट में पाकिस्तान को 78 रन से मात दी और सीरीज पर 2-0 से कब्जा जमाया। दोनों मैच मिलाकर 10 दिन का टेस्ट क्रिकेट खेला गया, जो शांतो के अनुसार टीम के लिए 'गर्व की बात' है।
शांतो का बड़ा संदेश — ICC से अपील
मैच के बाद मीडिया से बात करते हुए शांतो ने कहा, 'हम अब ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड, और भारत के साथ घर और बाहर ज्यादा टेस्ट खेलना चाहते हैं। जब हमें मैच खेलने का मौका मिलता है, जब हमें वे नए अनुभव मिलते हैं, तो टीम धीरे-धीरे बनती है। नहीं तो, बार-बार एक ही टीम के साथ खेलने, एक ही हालात में खेलने से टीम बनाने में मुश्किल होती है।'
उन्होंने आईसीसी (ICC) से भी अपील की। शांतो ने कहा, 'उम्मीद है कि आईसीसी हमें सभी टीमों के साथ और टेस्ट मैच खेलने का मौका देगी। अगर हम ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड, और इंडिया के साथ खेल पाते हैं, तो यह हमारी टीम के लिए बेहतर होगा। एक टेस्ट देश के तौर पर हमें अभी भी बहुत कुछ करना है।'
आखिरी घंटे का दबाव और मानसिक मजबूती
मैच के अंतिम सत्र पर टिप्पणी करते हुए शांतो ने माना कि उस दौरान भावनाओं पर काबू पाना आसान नहीं था। उन्होंने कहा, 'सच कहूं तो वे अच्छी बल्लेबाजी कर रहे थे और हम पर थोड़ा दबाव था। लेकिन पिछले टेस्ट मैचों के मुकाबले, उस भावना को नियंत्रित करना और नहीं घबराना थोड़ा बेहतर हो गया है। इस एरिया में थोड़ा और सुधार की जरूरत है।'
लिटन दास की तारीफ
दूसरे टेस्ट में प्लेयर ऑफ द मैच रहे विकेटकीपर बल्लेबाज लिटन दास की भूमिका को शांतो ने निर्णायक बताया। उन्होंने कहा, 'लिटन ने जिम्मेदारी से बल्लेबाजी की। उससे यह समझा जा सकता है कि यह असल में एक बड़ी टीम होने वाली है। ड्रेसिंग रूम में सभी को यह विश्वास था कि तैजुल सपोर्ट देंगे और लिटन रन बनाते रहेंगे। लिटन की बल्लेबाजी को इस मैच में जीत का बड़ा श्रेय जाता है।'
आगे की राह
यह जीत बांग्लादेश के टेस्ट क्रिकेट में बढ़ते आत्मविश्वास का प्रतीक है। गौरतलब है कि बांग्लादेश को अब तक बड़े टेस्ट राष्ट्रों के खिलाफ सीमित फिक्स्चर ही मिलते रहे हैं। शांतो की ICC से यह अपील उस असंतुलन को उजागर करती है — और इस ऐतिहासिक सीरीज जीत के बाद उनके पक्ष में तर्क और भी मजबूत हो गए हैं।