चाइना मास्टर्स 2026: श्रीकांत और सात्विक-चिराग अगले दौर में, लक्ष्य सेन राउंड-ऑफ-32 में बाहर
सारांश
मुख्य बातें
बीडब्ल्यूएफ चाइना मास्टर्स 2026 में 2 सितंबर को शेनझेन एरिना में भारत के लिए मिला-जुला दिन रहा — किदांबी श्रीकांत और चौथी वरीयता प्राप्त जोड़ी सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी व चिराग शेट्टी ने प्री-क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई, जबकि लक्ष्य सेन राउंड-ऑफ-32 में ही सफर समाप्त कर बैठे। ₹1,25,00,000 अमेरिकी डॉलर इनामी राशि वाले इस टूर्नामेंट में भारत की कुल छह जीत और तीन हार रहीं।
श्रीकांत की सधी हुई जीत
विश्व चैंपियनशिप के पूर्व उपविजेता किदांबी श्रीकांत ने पुरुषों के सिंगल्स राउंड-ऑफ-32 मुकाबले में चीनी ताइपे के ची यू जेन को 21-18, 21-15 से सीधे गेम में हराया। कोर्ट 2 पर 35 मिनट चले इस मैच में श्रीकांत ने शुरुआत से ही दबाव बनाए रखा — पहले गेम में 7-1 की बढ़त से शुरुआत कर 12-3 तक पहुँचे। ची ने अंतर घटाकर 13-8 किया, लेकिन श्रीकांत ने पहला गेम अपने नाम कर लिया।
दूसरे गेम में ची ने 8-6 की बढ़त बनाई, परंतु श्रीकांत ने लगातार चार अंक जीतकर पासा पलटा और 16-11 की बढ़त बनाते हुए 21-15 से गेम और मैच जीत लिया। यह जीत इस मायने में अहम है कि श्रीकांत हाल के महीनों में फॉर्म को लेकर संघर्ष कर रहे थे।
सात्विक-चिराग का दबदबा
चौथी वरीयता प्राप्त सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी ने पुरुषों के डबल्स में मलेशियाई जोड़ी जुनैदी आरिफ और कांग खाई जिंग को कोर्ट 1 पर महज 40 मिनट में 21-11, 21-16 से हराकर प्री-क्वार्टर फाइनल में प्रवेश किया। दोनों गेम में भारतीय जोड़ी का नियंत्रण एकतरफा रहा, जो उनकी विश्व स्तरीय साझेदारी की पुष्टि करता है।
लक्ष्य सेन का निराशाजनक सफर
पुरुषों के सिंगल्स में लक्ष्य सेन का अभियान राउंड-ऑफ-32 में ही थम गया। कनाडा के विक्टर लाई — जो 2026 विश्व चैंपियनशिप के कांस्य पदक विजेता हैं — ने सेन को 21-14, 21-7 से सीधे गेम में पराजित किया। दोनों के बीच यह करियर का चौथा मुकाबला था और सेन की लाई के खिलाफ तीसरी हार।
गौरतलब है कि इस साल लाई ने सेन को तीन बार हराया है — थॉमस कप में, जुलाई में चाइना ओपन के राउंड-ऑफ-16 में, और अब चाइना मास्टर्स में। सेन की लाई के विरुद्ध एकमात्र जीत मार्च में ऑल इंग्लैंड ओपन के सेमीफाइनल में 21-16, 18-21, 21-15 से आई थी। यह प्रवृत्ति सेन के लिए चिंताजनक संकेत है।
अन्य भारतीय परिणाम
महिलाओं के सिंगल्स में तन्वी शर्मा (विश्व रैंकिंग 20) ने डेनमार्क की अमाली शुल्ज को 31 मिनट में 21-16, 21-17 से हराकर अगले दौर में जगह बनाई। वहीं देविका सिहाग को बुल्गारिया की कैलोयाना नालबांतोवा से 21-18, 21-15 से हार का सामना करना पड़ा।
मिक्स्ड डबल्स में ध्रुव कपिला और तनीषा क्रास्टो ने थाईलैंड की जोड़ी टोनकिड साएहेंग और टोनरुग साएहेंग को 24 मिनट में 21-8, 21-9 से हराकर प्री-क्वार्टर फाइनल में प्रवेश किया। दूसरी ओर, रोहन कपूर और रुत्विका शिवानी गड्डे चीनी ताइपे की जोड़ी वू गुआन ज़ुन और ली चिया ह्सिन से 34 मिनट में 21-16, 21-18 से हार गए।
पुरुषों के सिंगल्स में रौनक चौहान ने चीन के लियू यू शुआन को 21-15, 21-18 से हराया, जबकि सनीथ दयानंद ने तीसरी वरीयता प्राप्त डोंग तियान याओ को 9-21, 21-18, 21-15 से रोमांचक मुकाबले में पराजित किया। किरण जॉर्ज हालाँकि जापान के शोगो ओगावा से 15-21, 23-21, 10-21 से हार गए।
आगे क्या
प्री-क्वार्टर फाइनल में सात्विक-चिराग, तन्वी शर्मा, ध्रुव-तनीषा, रौनक चौहान और सनीथ दयानंद भारत की उम्मीदें आगे बढ़ाएँगे। शेनझेन में अगले दौर के मुकाबले टूर्नामेंट के शेड्यूल के अनुसार आयोजित होंगे, और नज़रें विशेष रूप से सात्विक-चिराग की जोड़ी पर रहेंगी जो खिताब की प्रबल दावेदार मानी जाती है।