विमेंस एशिया कप 2026: अंपायर के फैसले पर आपत्ति जताना पड़ा महंगा, ICC ने पाकिस्तान की गुल फिरोजा पर मैच फीस का 10% जुर्माना ठोका
सारांश
मुख्य बातें
पाकिस्तानी बल्लेबाज गुल फिरोजा को विमेंस एशिया कप 2026 में 8 सितंबर को दुबई में हांगकांग, चीन के खिलाफ खेले गए मुकाबले के दौरान ICC आचार संहिता का उल्लंघन करना महंगा पड़ गया। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) ने उन पर मैच फीस का 10 प्रतिशत जुर्माना लगाया है और उनके खाते में एक डिमेरिट प्वाइंट जोड़ा गया है। यह 24 महीनों की अवधि में फिरोजा का दूसरा अनुशासनात्मक मामला है।
मैदान पर क्या हुआ
यह घटना पाकिस्तानी पारी के 5वें ओवर के दौरान हुई, जब फिरोजा को LBW आउट करार दिया गया। आउट होने के बाद फिरोजा ने अपने बल्ले की ओर इशारा करते हुए अंपायर के फैसले पर खुलकर असहमति जताई और यह दर्शाने की कोशिश की कि गेंद उनके बल्ले के किनारे से लगी थी। यह हाव-भाव ICC के नियमों के तहत अंपायर के अधिकार को चुनौती देने के रूप में दर्ज किया गया।
ICC आचार संहिता का उल्लंघन
फिरोजा को ICC आचार संहिता के अनुच्छेद 2.8 का उल्लंघन करने का दोषी पाया गया, जो अंतरराष्ट्रीय मैच के दौरान अंपायर के निर्णय पर सार्वजनिक असहमति को प्रतिबंधित करता है। यह लेवल 1 का उल्लंघन है, जिसके लिए न्यूनतम दंड आधिकारिक फटकार और अधिकतम दंड मैच फीस का 50 प्रतिशत जुर्माना तथा एक या दो डिमेरिट प्वाइंट है।
आरोप ऑन-फील्ड अंपायर रबाब अहसान और रोकेया सुल्ताना, थर्ड अंपायर शिवानी मिश्रा तथा फोर्थ अंपायर शथिरा जाकिर द्वारा लगाए गए थे।
सुनवाई और सजा की स्वीकृति
फिरोजा ने एमिरेट्स ICC इंटरनेशनल पैनल ऑफ मैच रेफरी की सुप्रिया रानी दास द्वारा प्रस्तावित दंड को स्वीकार कर लिया, जिसके चलते औपचारिक सुनवाई की आवश्यकता नहीं पड़ी। गौरतलब है कि फिरोजा को पहला डिमेरिट प्वाइंट 23 जून को ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ विमेंस टी20 वर्ल्ड कप लीग मैच के दौरान हुई एक अलग घटना के लिए मिला था।
आगे क्या होगा — निलंबन का खतरा
ICC की अनुशासनात्मक प्रणाली के अनुसार, 24 महीनों की अवधि में चार या उससे अधिक डिमेरिट प्वाइंट जमा होने पर उन्हें सस्पेंशन प्वाइंट्स में बदल दिया जाता है। दो सस्पेंशन प्वाइंट्स का अर्थ है — 1 टेस्ट, 2 वनडे या 2 टी20 का प्रतिबंध, जो भी खिलाड़ी के कार्यक्रम में पहले आए। अभी फिरोजा के खाते में 2 डिमेरिट प्वाइंट हैं, यानी वह सस्पेंशन की सीमा से अभी दूर हैं, लेकिन किसी और उल्लंघन पर स्थिति गंभीर हो सकती है।