वैभव सूर्यवंशी की 47 गेंदों में 96 रन की पारी, आरआर ने जीटी को दिया 215 रन का लक्ष्य — आईपीएल 2026 क्वालीफायर 2
सारांश
मुख्य बातें
राजस्थान रॉयल्स ने 29 मई 2026 को महाराजा यादविंद्र सिंह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम, मुल्लांपुर में खेले जा रहे आईपीएल 2026 के दूसरे क्वालीफायर में गुजरात टाइटंस के सामने 215 रन का लक्ष्य रखा। 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी ने 47 गेंदों पर 7 छक्के और 8 चौकों की मदद से 96 रन की विस्फोटक पारी खेली, लेकिन लगातार दूसरे मैच में शतक से चूक गए। आरआर ने 20 ओवर में 6 विकेट पर 214 रन का स्कोर खड़ा किया।
मुश्किल शुरुआत, वैभव की पारी ने बदला रंग
आरआर के लिए शुरुआत बेहद खराब रही। टीम ने महज 9 रन के स्कोर पर दो अहम विकेट गंवा दिए — सलामी बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल केवल 1 रन बनाकर पवेलियन लौटे, जबकि विकेटकीपर बल्लेबाज ध्रुव जुरेल 7 रन पर आउट हुए। इस संकट में वैभव सूर्यवंशी ने मोर्चा संभाला और अपनी आक्रामक बल्लेबाजी से पारी को नई दिशा दी।
गौरतलब है कि वैभव इस सीजन में पहले भी शतक के करीब पहुँच चुके हैं, और यह लगातार दूसरा मौका था जब वे तीन अंकों से मात्र 4 रन दूर रह गए। बावजूद इसके, उनकी पारी ने आरआर को एक प्रतिस्पर्धी स्कोर तक पहुँचाने में निर्णायक भूमिका निभाई।
जडेजा और फरेरा की अंत में तूफानी बल्लेबाजी
वैभव के आउट होने के बाद ऑलराउंडर रवींद्र जडेजा ने 35 गेंदों पर नाबाद 45 रन की संयमित लेकिन प्रभावी पारी खेली। सबसे बड़ा धमाका आखिरी ओवर में डोनोवन फरेरा ने किया, जिन्होंने महज 11 गेंदों पर 4 छक्के और 2 चौकों की मदद से नाबाद 38 रन ठोके। फरेरा के इस तूफान ने अंतिम ओवर में 27 रन जोड़कर आरआर का स्कोर 200 के पार पहुँचाया।
जीटी के गेंदबाजों का प्रदर्शन
गुजरात टाइटंस की ओर से गेंदबाजी में कगिसो रबाडा ने 4 ओवर में 35 रन देकर 2 विकेट लिए और सबसे किफायती रहे। जेसन होल्डर ने भी 4 ओवर में 27 रन देकर 2 विकेट झटके। वहीं, मोहम्मद सिराज और प्रसिद्ध कृष्णा ने 4-4 ओवर में क्रमशः 42-42 रन देकर 1-1 विकेट लिया — दोनों महंगे साबित हुए।
दूसरी पारी का समीकरण
जीटी के सामने 215 रन का लक्ष्य आईपीएल के नॉकआउट मुकाबले में चुनौतीपूर्ण है, लेकिन असंभव नहीं। जोफ्रा आर्चर के नेतृत्व में आरआर की गेंदबाजी इस स्कोर को बचाने में सक्षम मानी जा रही है। यह ऐसे समय में आया है जब आईपीएल 2026 के नॉकआउट चरण में हर रन और हर विकेट का महत्व कई गुना बढ़ जाता है। अगर जीटी के शीर्ष-क्रम के बल्लेबाज जल्दी लय में आ गए, तो मुकाबला अंत तक रोमांचक बना रह सकता है।