आयरलैंड की बल्लेबाज रेबेका स्टोकेल ने स्वीकारा एंटी-डोपिंग उल्लंघन, 23 अक्टूबर से स्वैच्छिक निलंबन लागू
सारांश
मुख्य बातें
आयरलैंड महिला क्रिकेट टीम की बल्लेबाज रेबेका स्टोकेल ने एंटी-डोपिंग नियमों के उल्लंघन की जिम्मेदारी स्वीकार करते हुए 23 अक्टूबर 2026 से स्वैच्छिक निलंबन स्वीकार कर लिया है। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) की अनुशासनात्मक प्रक्रिया पूरी होने तक वे किसी भी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट प्रतियोगिता में भाग नहीं ले सकेंगी।
मामले का मूल घटनाक्रम
23 जून 2026 को एक प्रतियोगिता के दौरान लिए गए डोपिंग सैंपल में रेबेका के नमूने में एक 'निर्दिष्ट पदार्थ' पाया गया। उल्लेखनीय है कि यह पदार्थ डॉक्टर द्वारा निर्धारित दवा से संबंधित था और इसे प्रदर्शन-वर्धक नहीं माना जाता। रेबेका ने स्वीकार किया कि इन दवाओं के उपयोग से जुड़ी रिपोर्टिंग आवश्यकताओं का उल्लंघन अनजाने में हुआ था।
आईसीसी का आधिकारिक बयान
आईसीसी ने सोमवार को जारी बयान में कहा, 'इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल ने बताया है कि आयरलैंड की बल्लेबाज रेबेका स्टोकेल को एंटी-डोपिंग नियमों के कथित उल्लंघन के बारे में सूचित किया गया है। सूचना मिलने के बाद, रेबेका स्टोकेल ने नियम उल्लंघन को स्वीकार कर लिया है और 23 अक्टूबर 2026 से स्वेच्छा से निलंबन स्वीकार कर लिया है।' आईसीसी ने यह भी स्पष्ट किया कि जब तक यह मामला पूरी तरह सुलझ नहीं जाता, परिषद इस पर कोई और टिप्पणी नहीं करेगी।
रेबेका और क्रिकेट आयरलैंड की प्रतिक्रिया
29 वनडे और 80 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेल चुकीं रेबेका ने कहा, 'मैं अपनी गलती पूरी तरह स्वीकार करती हूं और जांच के नतीजे आने से पहले ही मैंने स्वेच्छा से निलंबन स्वीकार कर लिया है।' उन्होंने क्रिकेट आयरलैंड की तरफ से जारी बयान में यह भी कहा कि हालांकि इसका उनके खेल प्रदर्शन से कोई संबंध नहीं है, लेकिन वे एंटी-डोपिंग दिशानिर्देशों का पालन करने की अपनी जिम्मेदारी को समझती हैं।
क्रिकेट आयरलैंड के हाई परफॉरमेंस डायरेक्टर ग्रीम वेस्ट ने कहा, 'हमें रेबेका के लिए बहुत दुख है और हमने इन हालात में उन्हें हर संभव मदद दी है। लेकिन यह घटना हमारे सभी अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों के लिए एक याद दिलाने वाली बात है कि एंटी-डोपिंग नियम खेल और खुद खिलाड़ियों, दोनों की सुरक्षा के लिए बनाए गए हैं।'
खेल और खिलाड़ी पर असर
यह ऐसे समय में आया है जब महिला क्रिकेट में डोपिंग के प्रति जागरूकता बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है। गौरतलब है कि निर्दिष्ट पदार्थों के मामलों में, यदि खिलाड़ी साबित कर दे कि उल्लंघन अनजाने में हुआ, तो सजा में रियायत मिलने की गुंजाइश होती है। अंतिम प्रतिबंध या सजा आईसीसी की अनुशासनात्मक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही तय होगी।
आगे की राह
रेबेका को उम्मीद है कि वे जल्द से जल्द आयरलैंड के लिए फिर से मैदान पर उतर सकेंगी। क्रिकेट आयरलैंड ने कहा है कि वह भविष्य में अपने खिलाड़ियों को एंटी-डोपिंग नियमों के बारे में लगातार जागरूक करता रहेगा। आईसीसी की प्रक्रिया के नतीजे पर अब सबकी नजरें टिकी हैं।