जडेजा 2 विकेट से 350 टेस्ट विकेट के करीब, गॉल में बनेंगे कपिल देव के बाद दूसरे भारतीय
सारांश
मुख्य बातें
रवींद्र जडेजा के पास गॉल इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में शनिवार, 16 अगस्त से शुरू होने वाले भारत बनाम श्रीलंका पहले टेस्ट में इतिहास रचने का सुनहरा अवसर है। जडेजा टेस्ट क्रिकेट में 350 विकेट के मील के पत्थर से महज 2 विकेट दूर हैं और यह उपलब्धि हासिल करते ही वे कपिल देव के बाद भारत की ओर से 4,000 रन और 350 विकेट का दोहरा कारनामा करने वाले दूसरे खिलाड़ी बन जाएंगे।
जडेजा के आँकड़े और मील का पत्थर
जडेजा ने अब तक 89 टेस्ट मैचों की 167 पारियों में 348 विकेट चटकाए हैं। बल्ले से भी वे 4,095 रन बना चुके हैं। यदि वे गॉल टेस्ट में 2 विकेट लेने में सफल रहते हैं, तो वे टेस्ट क्रिकेट में 4,000 रन और 350 विकेट पूरे करने वाले भारत के पाँचवें गेंदबाज भी बनेंगे।
गौरतलब है कि टेस्ट क्रिकेट में 4,000 रन और 300 विकेट का संयोजन दुनिया के महज चार खिलाड़ियों के नाम है, और जडेजा उनमें से एक हैं। यह आँकड़ा अपने आप में उनकी ऑलराउंड श्रेष्ठता को रेखांकित करता है।
कपिल देव से तुलना — एक ऐतिहासिक संदर्भ
भारत को 1983 विश्व कप जिताने वाले महान कप्तान कपिल देव अभी तक इकलौते भारतीय क्रिकेटर हैं जिन्होंने टेस्ट क्रिकेट में 4,000 रन और 350 विकेट का दोहरा लक्ष्य हासिल किया है। जडेजा यह मुकाम छूते ही इस विशिष्ट सूची में दूसरे भारतीय बन जाएंगे। इससे भी उल्लेखनीय यह है कि जडेजा यह उपलब्धि हासिल करने वाले पहले स्पिन बॉलिंग ऑलराउंडर होंगे — कपिल देव एक तेज़ गेंदबाज़ ऑलराउंडर थे।
वॉर्मअप मैच में जडेजा का प्रदर्शन
गॉल टेस्ट से पहले खेले गए वॉर्मअप मैच में जडेजा का प्रदर्शन बल्ले और गेंद दोनों से उत्साहजनक रहा। उन्होंने पहली पारी में 63 रनों की महत्वपूर्ण पारी खेली और गेंदबाज़ी में कुल 4 विकेट हासिल किए। श्रीलंका की पिचें ऐतिहासिक रूप से स्पिनरों के अनुकूल रही हैं, जिससे जडेजा की भूमिका इस सीरीज़ में विशेष रूप से अहम मानी जा रही है। जडेजा पहले भी श्रीलंका का दौरा कर चुके हैं, जो उनके अनुभव को और बढ़ाता है।
भारत बनाम श्रीलंका टेस्ट इतिहास
दोनों देशों के बीच अब तक 46 टेस्ट मुकाबले खेले गए हैं। इनमें भारत ने 22, श्रीलंका ने 7 जीते हैं, जबकि 17 मैच ड्रॉ रहे हैं। दोनों टीमों के बीच आखिरी टेस्ट सीरीज़ 2022 में हुई थी, जब रोहित शर्मा की कप्तानी में भारत ने 2-0 से सीरीज़ अपने नाम की थी।
यह ऐसे समय में आया है जब भारत श्रीलंका में अपना दबदबा और मज़बूत करना चाहता है और जडेजा का व्यक्तिगत मील का पत्थर टीम के लक्ष्य के साथ एकदम मेल खाता है।
आगे क्या
दो मैचों की इस टेस्ट सीरीज़ का पहला मुकाबला गॉल में खेला जाएगा। जडेजा के लिए यह सीरीज़ महज एक टीम लक्ष्य नहीं, बल्कि उनके करियर की सबसे बड़ी व्यक्तिगत उपलब्धियों में से एक दर्ज करने का अवसर है।