श्रीलंका महिला टीम ने पाकिस्तान को 8 विकेट से हराया, हंबनटोटा में 2-1 से जीती वनडे सीरीज
सारांश
मुख्य बातें
श्रीलंका की महिला क्रिकेट टीम ने 28 जुलाई को हंबनटोटा के महिंदा राजपक्षे इंटरनेशनल स्टेडियम में खेले गए निर्णायक तीसरे वनडे में पाकिस्तान को 8 विकेट से करारी शिकस्त देकर तीन मैचों की सीरीज 2-1 से अपने नाम कर ली। मेजबान टीम ने 37.2 ओवरों में लक्ष्य हासिल कर अपनी श्रेष्ठता साबित की।
पाकिस्तान की बल्लेबाज़ी: शुरुआती झटकों से उबरने की कोशिश
टॉस हारकर पहले बल्लेबाज़ी करने उतरी पाकिस्तानी टीम की शुरुआत बेहद खराब रही। महज 10 रन के स्कोर पर ही उसके 3 विकेट गिर गए — और तीनों विकेट दूसरे ओवर में चेतना विमुक्ति ने अपने नाम किए।
इस संकट में मुनीबा अली और गुल फिरोजा ने चौथे विकेट के लिए 68 रन की साझेदारी कर टीम को संभाला। गुल फिरोजा ने 35 गेंदों में 40 रन बनाए, जबकि मुनीबा अली ने 34 रन का योगदान दिया। निचले क्रम में नजीहा अल्वी (30 रन) और कप्तान सना फातिमा (41 रन) ने कुछ प्रतिरोध जताया, लेकिन पूरी टीम 40 ओवरों में 187 रन पर सिमट गई।
श्रीलंका की गेंदबाज़ी में चेतना विमुक्ति, काश्वी दिलहारी और कप्तान चामरी अट्टापट्टू ने 3-3 विकेट लिए, जबकि इनको रणवीरा ने 1 विकेट चटकाया।
श्रीलंका की बल्लेबाज़ी: हर्षिता-हसिनी की अटूट साझेदारी ने तय किया अंजाम
188 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए श्रीलंका की शुरुआत भी पूरी तरह सहज नहीं रही। विष्मी गुणरत्ने और कप्तान अट्टापट्टू ने पहले विकेट के लिए 46 रन जोड़े, लेकिन विष्मी मात्र 12 रन बनाकर पवेलियन लौटीं।
इसके बाद अट्टापट्टू ने हर्षिता समरविक्रमा के साथ दूसरे विकेट के लिए 39 रन जोड़े। अट्टापट्टू ने 2 छक्कों और 7 चौकों की मदद से 52 रन की शानदार पारी खेली। उनके आउट होने के बाद हर्षिता समरविक्रमा और हसिनी परेरा ने तीसरे विकेट के लिए 106 रन की अटूट साझेदारी कर मैच का फैसला कर दिया।
हर्षिता ने 92 गेंदों में 11 चौकों की मदद से 71 रन नाबाद बनाए, जबकि हसिनी परेरा ने 77 गेंदों में 8 चौकों के साथ 50 रन नाबाद की पारी खेली। पाकिस्तान की ओर से फातिमा सना और उम्म-ए-हानी को 1-1 विकेट मिला।
सीरीज का संदर्भ
यह सीरीज रोमांचक उतार-चढ़ाव से भरी रही। पाकिस्तान ने पहला मैच 5 विकेट से जीतकर बढ़त बनाई थी, लेकिन श्रीलंका ने दूसरा मुकाबला जीतकर सीरीज को बराबरी पर ला दिया और तीसरे मैच को निर्णायक बना दिया। अंतिम मुकाबले में मेजबान टीम ने दबाव में उम्दा प्रदर्शन करते हुए घरेलू सरज़मीं पर सीरीज जीतने का सिलसिला बरकरार रखा।
आगे क्या
यह जीत श्रीलंका की महिला टीम के लिए आत्मविश्वास का बड़ा स्रोत बनेगी, खासकर आगामी अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंटों की तैयारी के लिहाज़ से। चेतना विमुक्ति की विध्वंसकारी गेंदबाज़ी और हर्षिता समरविक्रमा की परिपक्व बल्लेबाज़ी इस टीम के उभरते हुए युवा स्तंभों की ओर इशारा करती है।