मुजफ्फरपुर में पटना रीजनल खेल प्रतियोगिता का समापन, 350 खिलाड़ियों ने दिखाई अपनी क्षमता

Click to start listening
मुजफ्फरपुर में पटना रीजनल खेल प्रतियोगिता का समापन, 350 खिलाड़ियों ने दिखाई अपनी क्षमता

सारांश

मुजफ्फरपुर में तीन दिन चली पटना रीजनल खेल प्रतियोगिता का समापन हुआ। 350 खिलाड़ियों ने दिखाया अद्भुत खेल कौशल और अनुशासन। विजेता खिलाड़ियों को सम्मानित किया गया और खेलों के महत्व पर जोर दिया गया।

Key Takeaways

  • खेलों का समग्र विकास
  • युवाओं के लिए अवसर
  • अनुशासन और टीमवर्क का महत्व
  • प्रतियोगिता में विजेता और उपविजेता
  • स्वास्थ्य सुविधाएं और आधुनिक शिक्षा

मुजफ्फरपुर, 16 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। पीएम श्री जवाहर नवोदय विद्यालय, खरौना डीह, मुजफ्फरपुर में आयोजित पटना संभाग स्तरीय तीन दिवसीय खेल प्रतियोगिता का भव्य समापन आज हुआ। 14 से 16 अप्रैल के बीच आयोजित इस कार्यक्रम में बिहार, झारखंड और पश्चिम बंगाल के विभिन्न क्लस्टरों से लगभग 350 खिलाड़ियों ने भाग लिया और अपनी खेल प्रतिभा, अनुशासन और खेल भावना का अद्वितीय प्रदर्शन किया। पूरे परिसर में उत्साह, प्रतिस्पर्धा और ऊर्जा का माहौल बना रहा।

समापन समारोह के मुख्य अतिथि जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन और विशिष्ट अतिथि उप विकास आयुक्त श्रेष्ठ अनुपम ने विजेता और उपविजेता खिलाड़ियों को पुरस्कार देकर उनका उत्साह बढ़ाया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में शिक्षक, छात्र-छात्राएं, अभिभावक और खेल प्रेमी मौजूद रहे।

जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन ने कहा कि खेल केवल प्रतिस्पर्धा का माध्यम नहीं है, बल्कि यह व्यक्तित्व के समग्र विकास का एक सशक्त साधन है। उन्होंने आगे कहा कि खेल हमें अनुशासन, टीमवर्क, नेतृत्व क्षमता और कठिन परिस्थितियों में बेहतर प्रदर्शन करने की प्रेरणा प्रदान करता है। आज के प्रतिस्पर्धात्मक युग में खेलों का महत्व और अधिक बढ़ गया है, क्योंकि यह शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को सुदृढ़ बनाता है।

उन्होंने खिलाड़ियों को संबोधित करते हुए कहा कि जीत और हार खेल का अभिन्न हिस्सा है, लेकिन असली जीत उस अनुभव और सीख में होती है, जो खिलाड़ी मैदान से प्राप्त करते हैं। जिलाधिकारी ने प्रतिभागियों से अपील की कि वे खेल भावना को जीवन में अपनाएं और निरंतर मेहनत करते हुए अपने लक्ष्य की ओर बढ़ते रहें। उन्होंने यह भी बताया कि सरकार खेलों के विकास के लिए निरंतर प्रयासरत है और ग्रामीण क्षेत्रों से प्रतिभाओं को आगे लाने के लिए विभिन्न योजनाएं चलाई जा रही हैं।

उप विकास आयुक्त श्रेष्ठ अनुपम ने कहा कि इस प्रकार के आयोजन से विभिन्न राज्यों के खिलाड़ियों के बीच आपसी संवाद और अनुभवों का आदान-प्रदान होता है, जिससे उनकी प्रतिभा और निखरती है। उन्होंने आयोजन समिति की सराहना की और कहा कि इतने बड़े स्तर पर प्रतियोगिता का सफल संचालन करना एक बड़ी उपलब्धि है।

प्रतियोगिता के अंतर्गत वॉलीबॉल, बैडमिंटन एवं फुटबॉल जैसे प्रमुख खेलों का आयोजन किया गया। वॉलीबॉल प्रतियोगिता में अंडर-14, अंडर-17 और अंडर-19 वर्गों में कड़ा मुकाबला देखने को मिला।

अंडर-14 वर्ग में पटना क्लस्टर ने शानदार प्रदर्शन करते हुए विजेता का खिताब जीता, जबकि कटिहार क्लस्टर उपविजेता रहा। अंडर-17 वर्ग में भी पटना क्लस्टर ने अपनी श्रेष्ठता साबित की। अंडर-19 बालिका वर्ग में पटना क्लस्टर विजेता और रांची उपविजेता रहा, जबकि बालक वर्ग में बर्दवान क्लस्टर विजेता बना। समग्र प्रदर्शन के आधार पर वॉलीबॉल का ओवरऑल चैंपियन पटना क्लस्टर घोषित किया गया।

बैडमिंटन प्रतियोगिता में भी खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया। अंडर-14 बालिका वर्ग में पटना क्लस्टर ने जीत दर्ज की। अंडर-17 बालिका वर्ग में पटना क्लस्टर ने पुनः जीत हासिल की। समग्र रूप से बैडमिंटन का ओवरऑल चैंपियन भी पटना क्लस्टर रहा।

फुटबॉल प्रतियोगिता में अंडर-15 बालक वर्ग में कटिहार क्लस्टर ने विजेता का खिताब जीता और रांची क्लस्टर उपविजेता रहा। फुटबॉल मुकाबलों में खिलाड़ियों ने उत्कृष्ट कौशल का प्रदर्शन किया।

जिलाधिकारी की पहल पर नीति आयोग द्वारा मुजफ्फरपुर जिले के कुढ़नी प्रखंड स्थित स्कूल के समग्र विकास के लिए 3 करोड़ 8 लाख रुपए की राशि स्वीकृत की गई है। जिलाधिकारी ने विद्यालय में छात्राओं के लिए आधुनिक गर्ल्स हॉस्टल के निर्माण को मंजूरी दी है।

स्वास्थ्य सुविधाओं को सुदृढ़ करने के लिए छात्र और छात्राओं के लिए अलग-अलग मेडिकल कक्ष बनाए जाएंगे। इस पहल से विद्यालय को आधुनिक सुविधाओं से लैस करते हुए बच्चों के सर्वांगीण विकास का मार्ग प्रशस्त होगा।

Point of View

बल्कि यह दर्शाता है कि खेलों का महत्व कैसे समाज के समग्र विकास में योगदान देता है। जिलाधिकारी की पहल और सरकारी प्रयासों से खिलाड़ियों को बेहतर अवसर मिलेंगे।
NationPress
18/04/2026

Frequently Asked Questions

खेल प्रतियोगिता कब आयोजित हुई?
यह प्रतियोगिता 14 से 16 अप्रैल तक आयोजित की गई।
इस प्रतियोगिता में कितने खिलाड़ियों ने भाग लिया?
लगभग 350 खिलाड़ियों ने इस प्रतियोगिता में भाग लिया।
इस प्रतियोगिता के मुख्य अतिथि कौन थे?
मुख्य अतिथि जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन थे।
प्रतियोगिता में कौन से खेल शामिल थे?
प्रतियोगिता में वॉलीबॉल, बैडमिंटन और फुटबॉल जैसे खेल शामिल थे।
जिलाधिकारी ने खिलाड़ियों को क्या सलाह दी?
उन्होंने खिलाड़ियों को खेल भावना को जीवन में अपनाने और निरंतर मेहनत करने की सलाह दी।
Nation Press