नीतीश कुमार रेड्डी तीनों विभागों में प्रतिभाशाली, सही मैनेजमेंट ज़रूरी: मोर्ने मोर्केल
सारांश
मुख्य बातें
भारत के गेंदबाजी कोच मोर्ने मोर्केल ने 25 सितंबर 2026 को तिरुवनंतपुरम में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कहा कि युवा ऑलराउंडर नीतीश कुमार रेड्डी बल्लेबाजी, गेंदबाजी और फील्डिंग — तीनों विभागों में असाधारण प्रतिभा रखते हैं, लेकिन उनके वर्कलोड और भूमिका को सावधानी से प्रबंधित करना टीम प्रबंधन की प्राथमिकता है। मोर्केल के अनुसार, नीतीश को स्पष्ट भूमिका और निरंतर अवसर मिले तो वे भारतीय क्रिकेट के लिए एक मज़बूत ऑलराउंड विकल्प बन सकते हैं।
नीतीश की हालिया प्रदर्शन और वापसी
नीतीश कुमार रेड्डी ने क्वाड्रिसेप्स की चोट के कारण एक लंबे ब्रेक के बाद इस महीने जोरदार वापसी की। नई दिल्ली में अफगानिस्तान के खिलाफ खेले गए दूसरे और तीसरे टी20 इंटरनेशनल में उन्होंने कुल 6 विकेट लिए। हालाँकि पहले टी20 में वे अपेक्षित लय में नहीं दिखे, दूसरे और तीसरे मैच में उनका प्रदर्शन उल्लेखनीय रहा।
मोर्केल ने क्या कहा
मोर्केल ने कहा, 'मुझे लगता है कि नीतीश के मामले में अगर हम टी20 मैचों को देखें, तो अलग-अलग स्थितियों में उनकी गेंदबाजी बहुत प्रभावशाली रही है। उन्हें हमेशा यही संदेश दिया जाता है कि चीजों को सरल रखें और बुनियादी चीजों को जितना हो सके उतना बेहतर ढंग से करें। बल्लेबाजी, गेंदबाजी और फील्डिंग, तीनों में वे बहुत प्रतिभाशाली खिलाड़ी हैं।'
उन्होंने आगे जोड़ा, 'वह हमेशा ऐसे खिलाड़ी बनना चाहते हैं जो मौके बना सकें, और ऐसी सोच होना बहुत अच्छी बात है। मगर कुछ स्थितियों में हम उनसे जो भूमिका चाहते हैं, वह यह है कि वे बुनियादी चीजों को कितनी अच्छी तरह निभा सकते हैं। हमें उन्हें सीखने और आगे बढ़ने के मौके देने की जरूरत है।'
मोर्केल ने यह भी स्पष्ट किया, 'अगर हम उन्हें तैयार करते रहें और वह ऑलराउंडर की जगह के लिए मुकाबला कर सकें, तो यह भारतीय क्रिकेट के लिए बहुत अच्छा होगा। उनमें ऐसा करने का पूरा टैलेंट और काबिलियत है, लेकिन हमारे लिए जरूरी है कि हम उन्हें अच्छी तरह मैनेज करें और एक आसान भूमिका दें।'
वेस्टइंडीज वनडे सीरीज और एशियन गेम्स से नाम वापसी
नीतीश कुमार रेड्डी अब 27 सितंबर 2026 से शुरू हो रही वेस्टइंडीज के खिलाफ वनडे सीरीज में खेलने के लिए तैयार हैं। हालाँकि, उन्होंने एशियन गेम्स 2026 के लिए अपना नाम वापस ले लिया है। यह निर्णय उनके वर्कलोड मैनेजमेंट की दिशा में उठाया गया कदम माना जा रहा है।
हार्दिक पांड्या और हर्षित राणा की फिटनेस पर नज़र
खिलाड़ियों की फिटनेस पर बढ़ती चिंताओं के बीच मोर्केल ने भरोसा दिलाया कि टीम मैनेजमेंट मेडिकल स्टाफ के साथ मिलकर वर्कलोड की निरंतर निगरानी कर रहा है। उन्होंने हार्दिक पांड्या और हर्षित राणा का विशेष उल्लेख करते हुए कहा, 'हम उन्हें वापस लाने, उन्हें खिलाने और फिर से फिट करने के लिए उत्साहित हैं। मेडिकल टीम के साथ बैठकर इसकी योजना बनाना हमारे काम का हिस्सा है।'
मोर्केल ने भारत की बेंच स्ट्रेंथ पर भरोसा जताते हुए कहा, 'जाहिर है कि आप चाहते हैं कि सबसे मजबूत और पूरी तरह फिट खिलाड़ी मैदान पर खेलें। चोटें दुर्भाग्यपूर्ण हैं, मगर अच्छी बात यह है कि हमारे पास बेहतरीन बैकअप खिलाड़ी मौजूद हैं। उम्मीद है कि साल के आखिर तक सब ठीक हो जाएगा।'
गौरतलब है कि भारतीय टीम इस समय घरेलू श्रृंखला और विदेशी दौरों के बीच व्यस्त कार्यक्रम से गुज़र रही है, जिससे प्रमुख खिलाड़ियों के वर्कलोड प्रबंधन की चुनौती और बड़ी हो जाती है। आने वाले महीनों में नीतीश कुमार रेड्डी के प्रदर्शन पर सभी की नज़रें टिकी रहेंगी।