पुंछ ने बारामूला को 3 0 से हराया, अंडर 14 हॉकी चैंपियनशिप का खिताब जीता
सारांश
मुख्य बातें
जम्मू कश्मीर के पुंछ में आयोजित केंद्रशासित प्रदेश स्तरीय अंडर 14 हॉकी चैंपियनशिप के फाइनल में पुंछ की टीम ने बारामूला को 3 0 से हराकर खिताब अपने नाम किया। 24 सितंबर 2026 को खेले गए इस फाइनल मुकाबले में पुंछ के खिलाड़ियों ने आक्रामक और अनुशासित प्रदर्शन से विरोधी टीम को एक भी गोल नहीं करने दिया।
मुख्य घटनाक्रम
फाइनल में पुंछ की टीम ने तीन गोल दागे और पूरे मैच पर अपना दबदबा बनाए रखा। टीम के डिफेंस ने भी दमदार खेल दिखाया और बारामूला को स्कोरशीट पर जगह बनाने का कोई अवसर नहीं दिया। यह जीत पुंछ की युवा हॉकी प्रतिभाओं के उभरने का प्रमाण है।
सरमजीत सिंह — टूर्नामेंट के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी
पुंछ टीम के सरमजीत सिंह को पूरे टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन के लिए 'प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट' और फाइनल में 'प्लेयर ऑफ द मैच' दोनों पुरस्कारों से सम्मानित किया गया। सरमजीत ने कहा, "आज हमने बारामूला के खिलाफ फाइनल में जीत हासिल करते हुए खिताब को अपने नाम किया। फाइनल में मुझे 'प्लेयर ऑफ द मैच' चुना गया है। मैं अपनी सफलता का श्रेय अपने कोच और टीम को देना चाहता हूं।" उन्होंने युवाओं को संदेश देते हुए कहा, "जो लोग ड्रग्स लेते हैं वो ऐसा न करें। ड्रग्स एक तरह का नशा है और इसे छोड़कर आप ज्यादा से ज्यादा स्पोर्ट्स में आएं।"
कोच और प्रशिक्षण तंत्र की भूमिका
फिजिकल एजुकेशन मास्टर विजय कुमार ने इस चैंपियनशिप की मेजबानी के लिए केंद्र सरकार का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि जम्मू कश्मीर में हॉकी प्रतिभा तेज़ी से निखर रही है। विजय कुमार ने यह भी बताया कि अंडर 14 चैंपियनशिप के बाद अब अंडर 17 टूर्नामेंट का आयोजन किया जाएगा। उन्होंने बारामूला की टीम की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने टूर्नामेंट में शानदार खेल दिखाया और फाइनल में भी पुंछ को कड़ी टक्कर दी।
खेल से नशा मुक्ति का संदेश
गौरतलब है कि जम्मू कश्मीर में पिछले कुछ समय से हॉकी सहित विभिन्न खेलों के टूर्नामेंट लगातार आयोजित किए जा रहे हैं। इसका मकसद युवाओं को मैदान से जोड़ना और नशे से दूर रखना है। केंद्रशासित प्रदेश प्रशासन खेलों को सामाजिक बदलाव के औजार के रूप में इस्तेमाल कर रहा है। अंडर 17 टूर्नामेंट के साथ यह सिलसिला आगे भी जारी रहेगा।