राशिद खान की बेहतर बैटिंग के पीछे नईम अमीन का हाथ, 16 गेंदों में 28 रन की पारी का राज़ खुला
सारांश
मुख्य बातें
अफगानिस्तान के स्टार स्पिन गेंदबाज राशिद खान ने भारत के खिलाफ दूसरे टी20 इंटरनेशनल में सिर्फ 16 गेंदों में 28 रन की आक्रामक पारी खेलकर हर किसी का ध्यान खींचा। मगर इस चमकदार प्रदर्शन के पीछे एक ऐसे कोच की मेहनत है जो आमतौर पर सुर्खियों से दूर रहते हैं — नईम अमीन। राशिद ने खुद स्वीकार किया कि उनकी बल्लेबाजी में आए इस बदलाव का पूरा श्रेय नईम अमीन को जाता है।
गुजरात टाइटंस से शुरू हुआ बदलाव का सफर
राशिद ने बताया कि उनकी बैटिंग में सुधार की नींव गुजरात टाइटंस के साथ जुड़ने के बाद पड़ी। टीम के मुख्य कोच आशीष नेहरा ने उन्हें साफ कहा कि वे केवल एक गेंदबाज नहीं, बल्कि एक बल्लेबाज की भूमिका भी निभाएँगे। राशिद ने कहा, 'मैं हमेशा से बैटिंग करना चाहता था। मैंने बैटिंग से ही क्रिकेट खेलना शुरू किया था। टीम के लिए 20-25 रन बहुत अहम होते हैं, और मैं अपनी टीम के लिए ऐसा करना चाहता था, खासकर टी20 में।'
उन्होंने आगे जोड़ा, 'जब से मैं गुजरात टाइटंस में आया हूँ, मुझे नेट सेशन में ज़्यादा बैटिंग करने को मिल रही है। आशीष नेहरा ने मुझसे कहा कि मैं सिर्फ बॉलर के तौर पर नहीं, बल्कि बल्लेबाज के तौर पर भी खेलूँगा। इसी वजह से मैंने बैटिंग पर अधिक ध्यान दिया।'
नईम अमीन — वह नाम जिस पर टिकी है राशिद की बैटिंग
नईम अमीन वही कोच हैं जिन्होंने इंग्लैंड दौरे से पहले हार्दिक पांड्या और विराट कोहली को ट्रेनिंग दी थी। राशिद खान के साथ उनकी जोड़ी गुजरात टाइटंस के माहौल में बनी और अब यह रिश्ता मैदान से परे भी जारी है। मंगलवार का मैच खत्म होते ही अमीन ने राशिद को मैसेज किया।
राशिद ने बताया, 'उन्होंने मुझे मैसेज करके कहा कि उन्हें बहुत मजा आया। मगर उन्हें सबसे ज़्यादा आनंद तब आया जब मैंने अर्शदीप के खिलाफ मिड-ऑफ के ऊपर से छक्का मारा। वह मेरे लिए सबसे अच्छा शॉट था।'
तकनीकी काम — सीधा खेलो, क्रॉस-बैट से बचो
राशिद ने खुलासा किया कि भारत दौरे पर आने से पहले उन्होंने नईम अमीन के साथ 3-4 विशेष सेशन किए थे। इन सेशनों में मुख्य फोकस था — सीधा बल्ला चलाना, सीधा छक्का मारना और क्रॉस-बैट शॉट से परहेज करना। राशिद ने कहा, 'वह इस बात से बहुत खुश थे कि मैंने सीधा छक्का मारा। उन्होंने मेरी बहुत मदद की।'
गौरतलब है कि राशिद अब भी जब कुछ गड़बड़ लगता है, तो सबसे पहले नईम अमीन को ही फोन करते हैं। राशिद के शब्दों में, 'मैं उनके पास जाकर पूछता हूँ कि मैंने क्या गलत किया और मैं क्या बेहतर कर सकता हूँ।'
आत्मविश्वास और मेहनत का मेल
राशिद का मानना है कि बैटिंग में प्रगति का सबसे बड़ा इंजन आत्मविश्वास है, जो लगातार प्रैक्टिस से ही आता है। उन्होंने कहा, 'अपनी बैटिंग पर काम करने और उसे बेहतर बनाने से, जब मैं मैच में रन बनाता हूँ, तो मुझे अपने आप अधिक आत्मविश्वास मिलता है। यह आत्मविश्वास से आता है, और जब आत्मविश्वास बढ़ता है, तो प्रैक्टिस और कड़ी मेहनत का फल मिलता है।'
यह ऐसे समय में आया है जब अफगानिस्तान की टीम टी20 क्रिकेट में निचले क्रम की बल्लेबाजी को तेज़ी से मज़बूत करने पर जोर दे रही है। राशिद खान जैसे खिलाड़ी यदि गेंदबाजी के साथ-साथ बैटिंग में भी योगदान दें, तो टीम की समग्र ताकत कई गुना बढ़ सकती है।