रोहित-कोहली की वापसी से वनडे में मिलेगा आत्मविश्वास, टी20 में अनुभव की कमी खली: पुजारा
सारांश
मुख्य बातें
चेतेश्वर पुजारा ने 16 जुलाई को कार्डिफ से कहा कि रोहित शर्मा और विराट कोहली की वनडे सीरीज में वापसी भारतीय ड्रेसिंग रूम में वह शांति और आत्मविश्वास लाएगी जिसकी टी20 सीरीज में स्पष्ट कमी दिखी। टी20 सीरीज में 0-4 की हार के बाद भारत ने इंग्लैंड के खिलाफ वनडे सीरीज का पहला मैच जीतकर 1-0 की बढ़त बना ली है।
टी20 हार का कारण: अनुभव की कमी
पुजारा ने भारत के युवा बल्लेबाजों की मुश्किलों की जड़ इंग्लिश परिस्थितियों में व्हाइट-बॉल क्रिकेट के सीमित अनुभव को बताया। उन्होंने कहा, 'अगर आप इस भारतीय बल्लेबाजी समूह को देखें, तो उनके पास आईपीएल का अनुभव तो था, लेकिन इंग्लिश परिस्थितियों में व्हाइट-बॉल का अनुभव बहुत कम था।' टी20 सीरीज के दौरान कई बल्लेबाज शॉर्ट बॉल से परेशान दिखे और इंग्लैंड के तेज गेंदबाजी आक्रमण का लगातार सामना करने में नाकाम रहे।
इंग्लैंड में बल्लेबाजी की अलग माँग
पुजारा ने स्पष्ट किया कि इंग्लैंड की परिस्थितियाँ बल्लेबाजों से एक अलग किस्म की तकनीक माँगती हैं। उनके अनुसार, 'इंग्लैंड में, आप सिर्फ छक्के मारने पर निर्भर नहीं रह सकते। आपको फ्लैट-बैटेड शॉट्स खेलने, सीधे बाउंड्री का इस्तेमाल करने और शॉर्ट बॉल के खिलाफ अपर कट और प्वाइंट के ऊपर से कट जैसे विकल्पों का इस्तेमाल करने की जरूरत होती है। हमने ऐसे शॉट्स बहुत कम देखे।' यह चुनौती केवल तकनीकी नहीं, बल्कि मुख्यतः परिस्थितियों की अपरिचितता से उपजी थी।
टी20 क्रिकेट में पिच और संतुलन पर राय
पुजारा ने टी20 क्रिकेट में बल्ले और गेंद के बीच संतुलन पर भी अपने विचार साझा किए। उनका तर्क था कि मुकाबले को रोमांचक बनाए रखने के लिए पिचों को गेंदबाजों को कुछ न कुछ मदद देनी चाहिए। उन्होंने कहा, 'टी20 क्रिकेट में गलती की गुंजाइश बहुत कम होती है, खासकर छोटी बाउंड्री वाली सपाट पिचों पर। इसलिए ऐसी पिचें होना जरूरी है जो गेंदबाजों को थोड़ी मदद दें, चाहे वह थोड़ी स्पिन हो या शुरुआती दो-तीन ओवरों में थोड़ी मूवमेंट।' उन्होंने आईपीएल का उदाहरण देते हुए कहा कि 260 रन जैसे आसान पीछा करने वाले मैच खेल की प्रतिस्पर्धात्मकता को कमज़ोर करते हैं।
रोहित-कोहली की वापसी का महत्त्व
पुजारा का मानना है कि रोहित शर्मा और विराट कोहली की मौजूदगी से टीम को केवल बल्लेबाजी की ताकत नहीं, बल्कि मानसिक स्थिरता भी मिलेगी। उन्होंने कहा, 'रोहित और विराट टीम में शांति और आत्मविश्वास लाएंगे, और यह अनुभव से ही आता है। टी20 टीम में अनुभव की कमी थी, इसलिए ऐसे खिलाड़ियों का होना जिन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट, वनडे और टी20 में लगातार अच्छा प्रदर्शन किया है, ड्रेसिंग रूम में भरोसा जगाएगा।'
आगे क्या होगा
पुजारा ने स्वीकार किया कि 0-4 की हार के बाद टीम पर दबाव स्वाभाविक है और इंग्लैंड ने भारत की कमज़ोरियों की पहचान कर ली है। फिर भी उन्हें उम्मीद है कि दोनों दिग्गजों को वनडे सीरीज से पहले मिला तैयारी का समय उनके प्रदर्शन में झलकेगा। वनडे सीरीज में 1-0 की शुरुआती बढ़त के साथ भारत के पास सीरीज पलटने का अवसर है।