उधमपुर में पहली 'देविका हाफ मैराथन': सेना-प्रशासन के सहयोग से 1,000 धावकों ने लगाई दौड़
सारांश
मुख्य बातें
जम्मू-कश्मीर के उधमपुर में 13 सितंबर 2026 को रविवार की सुबह जिले की पहली बड़ी दौड़ प्रतियोगिता, 'देविका हाफ मैराथन', का सफल आयोजन किया गया। देविका स्पोर्ट्स इंडिया द्वारा आयोजित इस इवेंट में भारतीय सेना और स्थानीय प्रशासन ने सक्रिय सहयोग दिया, तथा हर आयु वर्ग के करीब 1,000 धावकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
मैराथन का स्वरूप और श्रेणियाँ
मैराथन को तीन दूरी वर्गों में आयोजित किया गया — 21 किलोमीटर, 10 किलोमीटर और 5 किलोमीटर। इस विभाजन का उद्देश्य यह था कि बच्चों से लेकर बुज़ुर्गों तक, हर वर्ग अपनी क्षमता के अनुसार प्रतियोगिता में शरीक हो सके। आयोजकों के अनुसार, उधमपुर में इस पैमाने का यह पहला मैराथन था, जिसने जिले में खेल संस्कृति को बढ़ावा देने की नई पहल की है।
उद्घाटन और प्रमुख उपस्थिति
इवेंट का उद्घाटन वरिष्ठ अधिकारियों और विधायक बलवंत सिंह मनकोटिया ने संयुक्त रूप से किया। विधायक मनकोटिया ने कहा, 'उधमपुर में पहली बार हमें एक मेगा मैराथन देखने को मिली है। यहाँ के युवाओं ने इस मैराथन को आयोजित किया है जिसमें इंडियन आर्मी और स्थानीय प्रशासन का भी सहयोग रहा है।' उन्होंने आयोजक युवाओं और सहयोगी संस्थाओं को धन्यवाद देते हुए कहा कि मैराथन के माध्यम से 'फिट इंडिया' और 'नशा मुक्त भारत' का संदेश दिया गया।
प्रतिभागियों की प्रतिक्रिया
मैराथन में शामिल एक प्रतिभागी ने कहा, 'यह एक बहुत ही अच्छा प्रयास है। मैराथन में हर आयु वर्ग के लोगों ने बड़े ही उत्साह और रोमांच से भाग लिया, जिसमें प्रशासन का भी अहम सहयोग रहा।' उन्होंने यह भी कहा कि इस तरह के आयोजनों से नशा मुक्ति अभियान को बल मिलता है और समाज में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ती है।
आयोजन का मुख्य उद्देश्य
देविका स्पोर्ट्स इंडिया से जुड़े आयोजकों ने बताया कि इस इवेंट का प्रमुख लक्ष्य समाज के सामान्य नागरिकों और सेना के बीच बेहतर संवाद और सौहार्द स्थापित करना है। इसके साथ ही, स्वास्थ्य के प्रति सचेत जीवनशैली अपनाने और नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूकता फैलाना भी इस मैराथन का केंद्रीय संदेश रहा। आगे उम्मीद जताई जा रही है कि इस पहल की सफलता से उधमपुर में ऐसे आयोजनों की परंपरा आगे भी जारी रहेगी।