विथ्या रामराज ने 400 मीटर हर्डल्स में 54.75 सेकंड से जीता ब्रॉन्ज, पीटी उषा का 42 साल पुराना नेशनल रिकॉर्ड तोड़ा
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय एथलीट विथ्या रामराज ने एशियन गेम्स 2026 में 28 सितंबर को नागोया में महिलाओं की 400 मीटर हर्डल्स स्पर्धा के फाइनल में 54.75 सेकंड का समय निकालकर ब्रॉन्ज मेडल जीता और भारतीय एथलेटिक्स की महान धाविका पीटी उषा का 42 साल पुराना नेशनल रिकॉर्ड तोड़ दिया। यह उनका अब तक का पर्सनल बेस्ट प्रदर्शन है और भारतीय ट्रैक एथलेटिक्स के लिए एक ऐतिहासिक क्षण है।
फाइनल का घटनाक्रम
रोमांच से भरे इस फाइनल में विथ्या रामराज शुरू से ही पदक की दौड़ में बनी रहीं। हालाँकि, वह संयुक्त अरब अमीरात (UAE) की मरियम करीम को चुनौती देने में सफल नहीं रहीं, जिन्होंने 54.31 सेकंड के गेम्स-रिकॉर्ड समय के साथ गोल्ड मेडल जीता। कजाकिस्तान की एडेलिना जम्स ने अपने पर्सनल बेस्ट 54.58 सेकंड के साथ सिल्वर मेडल हासिल किया।
42 साल पुराना रिकॉर्ड ध्वस्त
पीटी उषा का 55.42 सेकंड का नेशनल रिकॉर्ड 1984 के लॉस एंजिल्स ओलंपिक में बना था, जहाँ वह बेहद कम अंतर से ओलंपिक पोडियम से चूककर चौथे स्थान पर रही थीं। वह रिकॉर्ड भारतीय एथलेटिक्स में सबसे दीर्घजीवी रिकॉर्डों में से एक माना जाता था। रामराज ने 2023 में इस रिकॉर्ड की बराबरी की थी और अब एशियन गेम्स 2026 के फाइनल में 0.67 सेकंड का सुधार करते हुए इसे पीछे छोड़ दिया।
रामराज की ऐतिहासिक यात्रा
गौरतलब है कि विथ्या रामराज ने एशियन गेम्स 2023 में भी ब्रॉन्ज मेडल जीता था, तब उन्होंने उषा के रिकॉर्ड की बराबरी करते हुए यह पदक हासिल किया था। तीन साल के भीतर वह न केवल उसी रिकॉर्ड को तोड़ने में सफल रहीं, बल्कि लगातार दूसरी बार एशियन गेम्स में पोडियम पर भी पहुँचीं। यह ऐसे समय में आया है जब भारत एशियाई एथलेटिक्स में ट्रैक स्पर्धाओं में अपनी उपस्थिति मजबूत कर रहा है।
अनु राघवन का भी शानदार प्रदर्शन
एक अन्य भारतीय एथलीट अनु राघवन ने भी इस फाइनल में उल्लेखनीय प्रदर्शन किया। लेन आठ से दौड़ते हुए राघवन ने अपना पर्सनल बेस्ट 55.88 सेकंड निकाला और पाँचवाँ स्थान हासिल किया। फाइनल से पहले उनका सर्वश्रेष्ठ समय 56.54 सेकंड था, यानी उन्होंने भी इस महत्वपूर्ण मंच पर अपना प्रदर्शन बेहतर किया।
क्या होगा आगे
इस नए नेशनल रिकॉर्ड के साथ रामराज अब 2028 के लॉस एंजिल्स ओलंपिक के लिए प्रबल दावेदार के रूप में उभरी हैं। भारतीय एथलेटिक्स महासंघ के लिए यह परिणाम महिला ट्रैक स्पर्धाओं में निवेश और प्रशिक्षण को और गति देने का अवसर है।