अभिषेक शर्मा 16 रन दूर T20 में 6000 रन के क्लब से, कोहली-राहुल-गिल की जमात में होंगे शामिल
सारांश
मुख्य बातें
भारत और जिम्बाब्वे के बीच तीन मैचों की टी20 इंटरनेशनल सीरीज का पहला मुकाबला 23 जुलाई 2026 को खेला जाना है। इस सीरीज में अभिषेक शर्मा के पास एक ऐतिहासिक मील का पत्थर छूने का सुनहरा अवसर है — महज 16 रन बनाते ही वह टी20 क्रिकेट में 6,000 रन पूरे कर लेंगे और विराट कोहली, केएल राहुल तथा शुभमन गिल के विशिष्ट क्लब में शामिल हो जाएंगे।
मुख्य आँकड़े
अभिषेक ने टी20 क्रिकेट के अपने करियर में अब तक 199 पारियों में 5,984 रन बनाए हैं। जिम्बाब्वे के खिलाफ मौजूदा तीन मैचों की सीरीज में यदि वह 16 या अधिक रन जोड़ लेते हैं, तो वह इस फॉर्मेट में 6,000 रन का आँकड़ा पार करने वाले भारत के चौथे बल्लेबाज बन जाएंगे।
कोहली, राहुल और गिल का रिकॉर्ड
टी20 में सबसे तेज 6,000 रन पूरे करने का रिकॉर्ड केएल राहुल के नाम है, जिन्होंने यह उपलब्धि 166 पारियों में हासिल की थी। विराट कोहली को इस मुकाम तक पहुँचने में 184 पारियाँ लगीं, जबकि शुभमन गिल ने 185 पारियों में यह आँकड़ा छुआ। अभिषेक यदि 200वीं पारी तक यह लक्ष्य हासिल कर लेते हैं, तो गति के मामले में वह इन तीनों से पीछे रहेंगे, लेकिन उपलब्धि की दृष्टि से यह भारतीय क्रिकेट में उनका ऐतिहासिक कदम होगा।
शिखर धवन को पछाड़ने का मौका
अभिषेक के सामने एक और बड़ा लक्ष्य भी है। टी20 इंटरनेशनल में उन्होंने 53 मैचों में 1,618 रन बनाए हैं, जबकि शिखर धवन के नाम 68 मैचों में 1,759 रन दर्ज हैं। यदि अभिषेक इस सीरीज में 142 रन बनाने में सफल होते हैं, तो वह भारत की ओर से टी20 इंटरनेशनल में सर्वाधिक रन के मामले में धवन से आगे निकल जाएंगे।
भारत-जिम्बाब्वे टी20 सीरीज में अग्रणी स्थान
भारत-जिम्बाब्वे टी20 सीरीज के इतिहास में अभिषेक फिलहाल 6 मैचों में 179 रन के साथ दूसरे स्थान पर हैं। उनसे आगे जिम्बाब्वे के कप्तान सिकंदर रजा हैं, जिन्होंने 11 मुकाबलों में 194 रन बनाए हैं। महज 16 रन और बनाते ही अभिषेक इस सूची में भी शीर्ष पर पहुँच जाएंगे।
चुनौती और संभावना
गौरतलब है कि इंग्लैंड के खिलाफ हाल की तीन टी20 पारियों में अभिषेक संघर्ष करते नजर आए थे। हालाँकि, जिम्बाब्वे की गेंदबाजी के खिलाफ उनका रिकॉर्ड शानदार रहा है और वह इस सीरीज में फॉर्म में वापसी को बेताब होंगे। यह सीरीज उनके लिए न केवल व्यक्तिगत मील के पत्थर की दृष्टि से, बल्कि आत्मविश्वास बहाल करने के लिहाज से भी अहम है।