अनुराग ठाकुर का कांग्रेस सरकार पर आरोप: चुनावी वादे पूरे करने में नाकाम
सारांश
Key Takeaways
- अनुराग ठाकुर ने कांग्रेस सरकार पर वादे न निभाने का आरोप लगाया।
- महंगाई और करों में बढ़ोतरी पर चिंता व्यक्त की गई।
- कांग्रेस सरकार की नीतियों में आंतरिक असंतोष है।
शिमला, 26 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। हिमाचल प्रदेश के भाजपा सांसद और पूर्व केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने गुरुवार को राज्य की कांग्रेस सरकार पर कड़ा हमला किया। उन्होंने कहा कि 2022 में बड़े चुनावी वादों और '10 गारंटियों' के आधार पर सत्ता में आई कांग्रेस सरकार एक भी वादा पूरा करने में पूरी तरह असफल रही है।
भाजपा नेता ने आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार ने इसके बजाय लगातार बढ़ते करों और महंगाई से जनता पर बोझ डालने का काम किया है।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने राहत के नाम पर जो वादे किए थे, वे केवल आम नागरिक के आर्थिक शोषण का कारण बन गए हैं।
हिमाचल प्रदेश में सत्ता में आने के तुरंत बाद, राज्य सरकार ने डीजल पर वैट बढ़ाकर 10.4 रुपए प्रति लीटर कर दिया। इसके चलते, पिछले 40 महीनों में हिमाचल प्रदेश के लोगों से हजारों करोड़ रुपए वसूले गए हैं।
अनुराग ठाकुर ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार अब पेट्रोल और डीजल पर अतिरिक्त उपकर लगाने की योजना बना रही है, जिसका सीधा असर आम जनता पर पड़ेगा।
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह के इस बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कि उपकर अभी लागू नहीं किया गया है, भाजपा सांसद ने कहा कि जब ऐसा विचार उनकी नीति में शामिल हो गया है, तो यह स्पष्ट है कि वे इसे लागू करना चाहते हैं। भाजपा इस कदम का कड़ा विरोध करेगी और लोगों पर एक रुपए का भी अतिरिक्त बोझ नहीं पड़ने देगी।
उन्होंने राज्य सरकार पर जनता की कठिनाइयों को अनदेखा करते हुए अपने करीबी सहयोगियों का पक्ष लेने का आरोप लगाया।
अनुराग ठाकुर ने कहा कि जहां आम आदमी महंगाई का सामना कर रहा है, वहीं राज्य सरकार ने अध्यक्षों के वेतन में कई गुना वृद्धि की है, आलीशान वाहन मुहैया कराए हैं और अपने चहेतों को अनुचित लाभ दिए हैं। यही कांग्रेस का असली चेहरा है।
हमीरपुर से भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर ने कहा कि कांग्रेस में आंतरिक असंतोष है, यहां तक कि उनके अपने पार्टी नेता भी राज्य सरकार की नीतियों से सहमत नहीं हैं, जिससे पार्टी में मतभेद पैदा हो रहा है।
राज्य सरकार के इस दावे को खारिज करते हुए कि उपकर केवल व्यापारियों पर लगाया जाएगा, ठाकुर ने स्पष्ट किया कि अंततः इसका बोझ किसानों, ट्रांसपोर्टरों, टैक्सी चालकों, दुकानदारों और आम जनता पर पड़ेगा, क्योंकि ईंधन की कीमतों में वृद्धि अर्थव्यवस्था के हर क्षेत्र को प्रभावित करती है।
राज्य की आर्थिक स्थिति पर चिंता जताते हुए भाजपा सांसद ने कहा कि कांग्रेस के नेतृत्व वाली मौजूदा सरकार के तहत हिमाचल प्रदेश पर 1 लाख करोड़ रुपए से अधिक का कर्ज चढ़ गया है।
उन्होंने आगे कहा कि यदि मुख्यमंत्री (सुखविंदर सिंह सुक्खू) में वित्तीय प्रबंधन की क्षमता नहीं है, तो उन्हें वित्त मंत्रालय किसी सक्षम व्यक्ति को सौंपने पर विचार करना चाहिए।
अनुराग ठाकुर ने मांग की कि कांग्रेस के नेतृत्व वाली सरकार नए कर लगाने के बजाय अपनी 10 गारंटियों को पूरा करे।