कर्नाटक उपचुनावों में भाजपा की जीत से बदलेगी राज्य की राजनीतिक दिशा: बसवराज बोम्मई

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कर्नाटक उपचुनावों में भाजपा की जीत से बदलेगी राज्य की राजनीतिक दिशा: बसवराज बोम्मई

सारांश

बसवराज बोम्मई ने बागलकोट और दावणगेरे विधानसभा उपचुनावों में भाजपा की जीत की संभावना जताई है। उन्होंने कहा कि चुनाव परिणाम राज्य की राजनीतिक दिशा को निर्धारित करेंगे।

Key Takeaways

  • भाजपा की उपचुनावों में जीत का विश्वास जताया गया।
  • राज्य सरकार के खिलाफ असंतोष की भावना है।
  • ग्राम पंचायत का नगर निकाय में विलय असंवैधानिक है।
  • किसानों के बच्चों के लिए 450 करोड़ रुपये की सहायता दी गई।

मंड्या, 7 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री और भाजपा सांसद बसवराज बोम्मई ने यह विश्वास जताया है कि बागलकोट और दावणगेरे विधानसभा उपचुनावों में भाजपा को जीत मिलेगी। उन्होंने कहा कि इन चुनावों के परिणाम राज्य की राजनीति की दिशा को निर्धारित करने वाले होंगे।

मीडिया से बातचीत में बोम्मई ने कहा कि राज्य सरकार के तीन वर्ष पूरे हो चुके हैं और अब उसका “असल चेहरा” सामने आ चुका है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में सरकार के खिलाफ व्यापक असंतोष फैला हुआ है, जो आगे चलकर एक मजबूत एंटी-इंकम्बेंसी लहर में बदल सकता है।

गैस की कमी के मुद्दे पर उन्होंने कांग्रेस पर स्थिति को और बिगाड़ने का आरोप लगाया। इसके साथ ही खाद्य मंत्री के.एच. मुनियप्पा के बदलते रुख पर भी उन्होंने सवाल उठाए।

वैश्विक परिस्थितियों का उल्लेख करते हुए बोम्मई ने कहा कि कई देशों में संघर्ष के कारण पेट्रोल-डीजल की आपूर्ति प्रभावित हो रही है, लेकिन भारत में स्थिति नियंत्रण में है। उन्होंने केंद्र सरकार की सराहना की और कहा कि इस मुद्दे पर अनावश्यक विवाद खड़ा करने का कोई लाभ नहीं है।

कांग्रेस पर निशाना साधते हुए उन्होंने इराक युद्ध के दौरान की स्थिति को याद किया और कहा कि उस समय पेट्रोल पंपों पर लंबी कतारें लग गई थीं।

बाद में मंड्या जिले में गेड्डालगेरे ग्राम पंचायत को मद्दुर टाउन म्युनिसिपैलिटी में विलय के खिलाफ आयोजित धरने और सत्याग्रह में शामिल होने के बाद बोम्मई ने राज्य सरकार की आलोचना की। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में सरकार को जनता की इच्छा के अनुसार कार्य करना चाहिए, लेकिन यहां सरकार जनता के खिलाफ कार्य कर रही है।

उन्होंने कहा कि बिना लोगों की सहमति के ग्राम पंचायत का नगर निकाय में विलय करना असंवैधानिक है और यह संविधान तथा जनभावनाओं के खिलाफ है। उन्होंने प्रदर्शनकारियों को अपना समर्थन देने का आश्वासन भी दिया।

बोम्मई ने बताया कि कर्नाटक में विकेंद्रीकरण की व्यवस्था पूर्व मुख्यमंत्री रामकृष्ण हेगड़े और अब्दुल नजीर साब के नेतृत्व में प्रारंभ हुई थी। उन्होंने 73वें संविधान संशोधन का उल्लेख करते हुए कहा कि इसमें ग्राम, तालुक और जिला पंचायतों को अधिकार देने का प्रावधान है।

उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी और पी. वी. नरसिम्हा राव के योगदान को भी याद किया, जिनके कार्यकाल में 73वां और 74वां संविधान संशोधन लागू हुआ।

अपने कार्यकाल की उपलब्धियों का जिक्र करते हुए बोम्मई ने कहा कि किसानों के बच्चों के लिए लगभग 450 करोड़ रुपये की सहायता दी गई, जिससे करीब 11 लाख छात्रों को लाभ मिला।

उन्होंने कहा कि किसानों ने बढ़ती जनसंख्या के बावजूद देश की खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित की है।

कार्यक्रम के अंत में मंड्या तालुक के एलेचकनहल्ली गांव में बोम्मई का सम्मान भी किया गया। उन्होंने कहा कि लोगों का सम्मान किसी भी पुरस्कार से बड़ा होता है और यह उन्हें और बेहतर कार्य करने के लिए प्रेरित करता है।

Point of View

NationPress
13/04/2026

Frequently Asked Questions

बसवराज बोम्मई ने उपचुनावों के बारे में क्या कहा?
बसवराज बोम्मई ने कहा कि भाजपा बागलकोट और दावणगेरे विधानसभा उपचुनावों में जीत हासिल करेगी और इसके परिणाम राज्य की राजनीति की दिशा तय करेंगे।
बोम्मई ने किस मुद्दे पर कांग्रेस पर आरोप लगाया?
बोम्मई ने गैस की कमी के मुद्दे पर कांग्रेस पर स्थिति को और बिगाड़ने का आरोप लगाया।
क्या ग्राम पंचायत का नगर निकाय में विलय असंवैधानिक है?
हां, बोम्मई ने कहा कि बिना लोगों की सहमति के ग्राम पंचायत का नगर निकाय में विलय असंवैधानिक है।
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