31 जुलाई 2026
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क्या नीतीश सरकार पर दामाद आयोग के गठन का तेजस्वी का बयान सही है?

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क्या नीतीश सरकार पर दामाद आयोग के गठन का तेजस्वी का बयान सही है?

सारांश

बिहार विधानसभा चुनाव नजदीक हैं, और नीतीश कुमार की सरकार आयोगों का गठन कर रही है। तेजस्वी यादव ने दामाद आयोग का आरोप लगाया है, जिसे साधु पासवान ने सही ठहराया है। क्या बिहार में प्रतिभाशाली कार्यकर्ताओं की कमी है?

मुख्य बातें

दामाद आयोग का गठन बिहार की राजनीति में नया विवाद है।
तेजस्वी यादव ने नीतीश सरकार पर आरोप लगाया है।
साधु पासवान ने तेजस्वी का समर्थन किया है।
आयोगों में पूर्व मंत्रियों के दामादों को शामिल किया गया है।
भाजपा नेताओं का कहना है कि चुनाव नीतीश कुमार के नेतृत्व में होंगे।

पटना, 21 जून (राष्ट्र प्रेस)। बिहार में इस साल विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। चुनावों से पहले, नीतीश कुमार के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार आयोगों का गठन कर रही है। इन आयोगों में पूर्व केंद्रीय मंत्री राम विलास पासवान, केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी और बिहार सरकार में मंत्री अशोक चौधरी के दामाद को स्थान दिया गया है। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने इस पर आरोप लगाया है कि राज्य सरकार ने दामाद आयोग का गठन किया है। राजद नेता साधु पासवान ने तेजस्वी यादव के इस बयान को सही ठहराया है।

साधु पासवान ने समाचार एजेंसी राष्ट्र प्रेस से बातचीत में कहा, "तेजस्वी यादव ने कुछ भी गलत नहीं कहा है। बिहार में जमाई आयोग बनाया गया है। बिहार के मुख्यमंत्री ने तीन नेताओं राम विलास पासवान, जीतन राम मांझी और अशोक चौधरी के दामाद को इसमें शामिल किया है। क्या इस प्रदेश में प्रतिभाशाली कार्यकर्ता नहीं हैं कि इन तीनों का चयन किया गया?"

उन्होंने यह भी कहा कि क्या चिराग पासवान का बिहार फर्स्ट, बिहारी फर्स्ट का नारा केवल वोट पाने के लिए है? जब पद देने की बात आती है, तो उन्हें सिर्फ अपने लोग नजर आते हैं। लोकसभा चुनाव में उन्होंने किसे टिकट दिया, यह बिहार की जनता ने देखा है। मृणाल पासवान के नाम की अनुशंसा निश्चित तौर पर चिराग पासवान ने ही की होगी।

साधु पासवान ने कहा, "अशोक चौधरी ने कहा है कि उनके दामाद को आरएसएस कोटा के तहत आयोग में स्थान मिला है। क्या बिहार में आरएसएस का कोटा भी अब लागू हो रहा है? ऐसे चलेगा तो कुछ दिनों में बजरंग दल और मुस्लिम लीग का कोटा भी आ जाएगा। अशोक चौधरी को यह भी बताना चाहिए कि शांभवी चौधरी किस कोटा से लोजपा (आर) में गई हैं।"

चिराग पासवान के बिहार के मुख्यमंत्री बनने के सवाल पर साधु पासवान ने कहा कि इस पर मुझे कुछ भी नहीं कहना है। लेकिन, भाजपा के शीर्ष नेताओं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पहले ही कह चुके हैं कि बिहार का अगला विधानसभा चुनाव नीतीश कुमार के नेतृत्व में लड़ा जाएगा। नीतीश कुमार ही एनडीए के चेहरे होंगे।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

बिहार में दामाद आयोग का गठन क्यों किया गया?
दामाद आयोग का गठन नीतीश कुमार की सरकार द्वारा किया गया है, जिसमें पूर्व केंद्रीय मंत्रियों के दामादों को शामिल किया गया है।
तेजस्वी यादव का आरोप क्या है?
तेजस्वी यादव का आरोप है कि नीतीश कुमार की सरकार ने केवल अपने रिश्तेदारों को आयोगों में जगह दी है।
साधु पासवान ने तेजस्वी यादव के बयान पर क्या कहा?
साधु पासवान ने तेजस्वी यादव के बयान को सही ठहराया है और कहा कि बिहार में प्रतिभाशाली कार्यकर्ताओं की कमी नहीं है।
आरएसएस कोटा का मुद्दा क्या है?
अशोक चौधरी ने कहा कि उनके दामाद को आरएसएस कोटा के तहत आयोग में स्थान मिला है, जिससे विवाद उत्पन्न हुआ है।
भाजपा के नेताओं का क्या कहना है?
भाजपा के शीर्ष नेताओं ने पहले ही स्पष्ट किया है कि बिहार का अगला विधानसभा चुनाव नीतीश कुमार के नेतृत्व में लड़ा जाएगा।
राष्ट्र प्रेस
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