23 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

क्या बिहार में अपराधियों के खिलाफ सख्त एक्शन लिया जा रहा है? : अरुण भारती

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या बिहार में अपराधियों के खिलाफ सख्त एक्शन लिया जा रहा है? : अरुण भारती

सारांश

क्या बिहार में आपराधिक घटनाओं के बीच सख्त एक्शन लिया जा रहा है? सांसद अरुण भारती ने राहुल गांधी और तेजस्वी यादव के सवालों पर अपनी बात रखी है। जानिए सरकार की योजनाएं और उनके प्रभाव पर उनका क्या कहना है।

मुख्य बातें

बिहार में आपराधिक घटनाएं चिंता का विषय हैं।
सरकार एक्शन ले रही है।
रोजगार प्रदान करने के लिए योजनाएं आवश्यक हैं।
भाषा की गरिमा बनाए रखना चाहिए।
मतदाता सूची में फर्जी वोटरों की पहचान जरूरी है।

पटना, 15 जुलाई (राष्ट्र प्रेस)। लोजपा (रामविलास) के सांसद अरुण भारती ने राहुल गांधी और तेजस्वी यादव द्वारा कानून व्यवस्था पर उठाए गए सवालों पर कहा कि उन्हें इतिहास की जानकारी लेनी चाहिए। उन्होंने कहा कि आपराधिक घटनाएं हमारे लिए चिंता का विषय हैं, लेकिन जब अपराध हो रहे हैं तो एक्शन भी हो रहा है

उन्होंने कांग्रेस के नेता राहुल गांधी के सवाल उठाने पर कहा कि शायद ऐसा कोई दिन नहीं होगा जब वे बिना चुनाव के बिहार आए हों। बिहार में चुनाव है, इसलिए वे आ रहे हैं। अगले पांच वर्षों में एक करोड़ लोगों को रोजगार देने के सरकार के फैसले का स्वागत करते हुए उन्होंने कहा कि यह स्वागत योग्य कदम है, इससे पलायन रोकने में मदद मिलेगी। ऐसी योजनाएं आती रहनी चाहिए।

तेजस्वी यादव के अपराधियों के 'सम्राट' और 'विजय' होने पर उन्होंने कहा कि उन्हें बतौर नेता प्रतिपक्ष मुद्दों को गंभीरता से उठाना चाहिए। उनकी भाषा की मर्यादा गिरती जा रही है। वे जिस तरह पत्रकारों के 'सूत्र' को 'मूत्र' की संज्ञा देते हैं, वह बड़ा ही दुर्भाग्यपूर्ण है।

उन्होंने कहा कि सरकार से किसी को विरोधाभास हो सकता है। आप सरकार की नीतियों से असहमत हो सकते हैं, लेकिन इसे गरिमामयी भाषा में उठाना चाहिए। मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान के तहत 35 लाख वोटरों के नाम कटने की बात सामने आने पर उन्होंने कहा कि ऐसे वोटर जो इस दुनिया में नहीं हैं, उनके नाम पर फर्जी वोट दिया जाता था, ऐसे लोगों को हटाया जाना सही है।

उन्होंने उम्मीद जताते हुए कहा कि चुनाव आयोग इस पर सजग होगा कि उसे इसका जवाब सुप्रीम कोर्ट को भी देना है। ऐसे में उसके पास जरूर कोई आधार होगा। चुनाव आयोग एक संवैधानिक संस्था है और उसका बड़ा उत्तरदायित्व भी है। ऐसा पहले भी होता रहा है और इसमें कोई आश्चर्य नहीं होना चाहिए।

संपादकीय दृष्टिकोण

यह स्पष्ट है कि बिहार में आपराधिक गतिविधियों पर काबू पाने के लिए सरकार की नीतियों की जरूरत है। हालांकि, राजनीतिक नेता जब भाषा की गरिमा को गिराते हैं, तो यह लोकतंत्र के लिए हानिकारक होता है। हमें सभी पक्षों की समस्याओं को गंभीरता से सुनने और समाधान खोजने की आवश्यकता है।
RashtraPress
23 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

बिहार में अपराधियों के खिलाफ सख्त एक्शन क्यों लिया जा रहा है?
सरकार का उद्देश्य बिहार में कानून व्यवस्था को सुधारना और आपराधिक गतिविधियों पर नियंत्रण पाना है।
क्या राहुल गांधी और तेजस्वी यादव के सवालों का कोई प्रभाव होगा?
इन सवालों का प्रभाव राजनीतिक चर्चा में हो सकता है, लेकिन सरकार की योजनाओं का लाभ भी होगा।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 5 महीने पहले
  2. 7 महीने पहले
  3. 8 महीने पहले
  4. 10 महीने पहले
  5. 10 महीने पहले
  6. 11 महीने पहले
  7. 1 साल पहले
  8. 1 साल पहले