भारत-नेपाल सीमा पर जालसाजी: पूर्वी चंपारण में दो गिरफ्तार, ₹9 लाख नेपाली रुपये बरामद

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भारत-नेपाल सीमा पर जालसाजी: पूर्वी चंपारण में दो गिरफ्तार, ₹9 लाख नेपाली रुपये बरामद

सारांश

भारत-नेपाल सीमा पर मुद्रा जालसाजी का भंडाफोड़ — पूर्वी चंपारण में पुलिस और SSB ने संयुक्त अभियान में दो आरोपियों को दबोचा, 9 लाख नेपाली रुपये जब्त। यह कार्रवाई रक्सौल में 27 अप्रैल को हुई गिरफ्तारी के बाद सीमावर्ती क्षेत्र में अवैध मनी एक्सचेंज नेटवर्क के खिलाफ चल रहे पुलिस अभियान का हिस्सा है।

Key Takeaways

  • महुआवा थाना पुलिस और SSB ने 29 अप्रैल 2026 को संयुक्त अभियान में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया।
  • आरोपी दशई पंडित और वेदयानन्द कुमार के पास से 9 लाख नेपाली रुपये बरामद हुए।
  • आरोपी यात्रियों को अधिक भारतीय रुपये लेकर कम नेपाली रुपये देकर ठगी करते थे।
  • 27 अप्रैल को रक्सौल में संजय महतो की गिरफ्तारी में ₹2.63 लाख भारतीय और 8.13 लाख नेपाली रुपये जब्त हुए थे।
  • पुलिस इस नेटवर्क से जुड़े अन्य संदिग्धों की तलाश जारी रखे हुए है।

पूर्वी चंपारण जिले की महुआवा थाना पुलिस और सशस्त्र सीमा बल (SSB) ने 29 अप्रैल 2026 को भारत-नेपाल सीमा पर संयुक्त तलाशी अभियान के दौरान मुद्रा जालसाजी और ठगी के आरोप में दो व्यक्तियों को गिरफ्तार किया। आरोपियों के पास से 9 लाख नेपाली रुपये बरामद किए गए हैं। दोनों ने पूछताछ में अपराध स्वीकार किया है।

गिरफ्तारी कैसे हुई

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, गुप्त सूचना के आधार पर महुआवा थाना क्षेत्र में SSB चेकपोस्ट के निकट वाहन तलाशी अभियान चलाया जा रहा था। इसी दौरान एक मोटरसाइकिल पर सवार दो व्यक्ति वहाँ पहुँचे। शक के आधार पर तलाशी लेने पर उनके पास से 9 लाख नेपाली रुपये बरामद हुए।

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान दशई पंडित और वेदयानन्द कुमार के रूप में हुई है। दोनों महुआवा थाना क्षेत्र के ही निवासी बताए जाते हैं।

ठगी का तरीका

पुलिस के अनुसार, ये दोनों आरोपी भारत से नेपाल जाने वाले यात्रियों को अधिक भारतीय रुपये लेकर उसके बदले में कम नेपाली रुपये देते थे। इस प्रकार वे मुद्रा विनिमय दर में हेरफेर कर यात्रियों को आर्थिक नुकसान पहुँचाते थे। दोनों ने पूछताछ में इस अपराध को स्वीकार किया है।

दो दिन पहले भी हुई थी कार्रवाई

यह गिरफ्तारी ऐसे समय में हुई है जब इससे महज दो दिन पहले, 27 अप्रैल 2026 को, रक्सौल थाना क्षेत्र में रेलवे फाटक के पास अवैध मनी एक्सचेंज कारोबार की सूचना पर पुलिस ने संजय महतो नामक व्यक्ति को गिरफ्तार किया था। उसके पास से ₹2.63 लाख भारतीय रुपये और 8.13 लाख नेपाली रुपये बरामद किए गए थे। इस छापेमारी के बाद रक्सौल क्षेत्र में अवैध मनी एक्सचेंज कारोबारियों में हड़कंप मच गया है।

सुरक्षा और आर्थिक व्यवस्था पर खतरा

पुलिस प्रशासन का मानना है कि इस प्रकार के अवैध कारोबार सीमा क्षेत्र की सुरक्षा और आर्थिक व्यवस्था के लिए गंभीर चुनौती बन सकते हैं। गौरतलब है कि पूर्वी चंपारण जिला भारत-नेपाल सीमा पर एक संवेदनशील क्षेत्र है, जहाँ सीमा पार आर्थिक गतिविधियाँ बड़े पैमाने पर होती हैं।

आगे की जाँच

पुलिस अब इस अवैध धंधे से जुड़े अन्य संदिग्धों की तलाश कर रही है। अधिकारियों के अनुसार, इस नेटवर्क में और लोगों के शामिल होने की आशंका है और जाँच का दायरा बढ़ाया जा रहा है। आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियाँ भी हो सकती हैं।

Point of View

लेकिन तीन दिनों में दो अलग-अलग स्थानों पर गिरफ्तारियाँ यह संकेत देती हैं कि यह एक संगठित नेटवर्क हो सकता है, न कि छिटपुट अपराध। सवाल यह है कि इतने समय तक यह धंधा चलता कैसे रहा — सीमावर्ती क्षेत्र में SSB की मौजूदगी के बावजूद। पुलिस का नेटवर्क के बाकी सदस्यों तक पहुँचना ही असली परीक्षा होगी, क्योंकि अब तक की कार्रवाई केवल छोटे ऑपरेटरों तक सीमित दिखती है।
NationPress
30/04/2026

Frequently Asked Questions

पूर्वी चंपारण में नेपाली रुपये की जालसाजी का मामला क्या है?
29 अप्रैल 2026 को महुआवा थाना पुलिस और SSB ने भारत-नेपाल सीमा पर एक मोटरसाइकिल सवार दो व्यक्तियों को गिरफ्तार किया, जिनके पास से 9 लाख नेपाली रुपये बरामद हुए। ये आरोपी यात्रियों से अधिक भारतीय रुपये लेकर उन्हें कम नेपाली रुपये देकर ठगी करते थे।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान क्या है?
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान दशई पंडित और वेदयानन्द कुमार के रूप में हुई है। दोनों महुआवा थाना क्षेत्र के निवासी हैं और दोनों ने पूछताछ में अपराध स्वीकार किया है।
रक्सौल में इससे पहले क्या कार्रवाई हुई थी?
27 अप्रैल 2026 को रक्सौल थाना क्षेत्र में अवैध मनी एक्सचेंज कारोबार के आरोप में संजय महतो को गिरफ्तार किया गया था। उसके पास से ₹2.63 लाख भारतीय रुपये और 8.13 लाख नेपाली रुपये बरामद हुए थे।
इस अवैध कारोबार से सीमा क्षेत्र को क्या खतरा है?
पुलिस प्रशासन के अनुसार, इस प्रकार के अवैध मनी एक्सचेंज नेटवर्क सीमा क्षेत्र की सुरक्षा और आर्थिक व्यवस्था के लिए गंभीर चुनौती बन सकते हैं। ये नेटवर्क आम यात्रियों को आर्थिक नुकसान पहुँचाने के साथ-साथ सीमा पार अवैध वित्तीय गतिविधियों को भी बढ़ावा दे सकते हैं।
पुलिस आगे क्या कदम उठाएगी?
पुलिस अब इस अवैध नेटवर्क से जुड़े अन्य संदिग्धों की तलाश कर रही है। अधिकारियों के अनुसार जाँच का दायरा बढ़ाया जा रहा है और आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियाँ संभव हैं।
Nation Press