चतरा में एलएलबी छात्रा दिव्या पासवान हत्याकांड: नेपाली गंझू गिरफ्तार, मुख्य आरोपी राहुल यादव फरार
सारांश
मुख्य बातें
झारखंड के चतरा जिले में एलएलबी छात्रा दिव्या कुमारी पासवान की हत्या के मामले में पुलिस ने 17 जुलाई को एक अहम गिरफ्तारी की है। तकनीकी साक्ष्यों और एक वायरल ऑडियो क्लिप के आधार पर बिहार के गया जिले से नेपाली गंझू नामक युवक को हिरासत में लिया गया है। पुलिस के अनुसार, हत्या की साजिश छात्रा के प्रेमी राहुल यादव ने रची थी, जो अभी भी फरार है।
मुख्य घटनाक्रम
26 जून को हंटरगंज थाना क्षेत्र के जजलो स्थित एक बंद पत्थर खदान से एक युवती का शव बरामद हुआ था। जाँच के बाद उसकी पहचान बिहार के गया जिले की निवासी और एलएलबी की छात्रा दिव्या कुमारी पासवान के रूप में हुई। शुरुआती जाँच में यह मामला पूरी तरह 'ब्लाइंड मर्डर' प्रतीत हो रहा था, जिसमें कोई स्पष्ट सुराग नहीं था।
पुलिस के अनुसार, 24 जून को राहुल यादव ने दिव्या को मिलने के लिए बुलाया। इसके बाद उसकी हत्या कर दी गई और शव को साक्ष्य छिपाने के उद्देश्य से चतरा के जजलो स्थित बंद पत्थर खदान में फेंक दिया गया।
हत्या की साजिश की पृष्ठभूमि
जाँच में सामने आया है कि दिव्या और राहुल यादव के बीच लंबे समय से प्रेम संबंध था। आरोप है कि राहुल ने शादी का झाँसा देकर छात्रा का यौन शोषण किया, लेकिन बाद में विवाह से इनकार कर दिया। इसके बाद दिव्या ने शेरघाटी में राहुल के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया, जिसके चलते वह जेल भी गया।
पुलिस के अनुसार, दर्ज मुकदमे में अगले सप्ताह SC-ST अदालत में दिव्या की महत्वपूर्ण गवाही प्रस्तावित थी। यह ऐसे समय में आया है जब राहुल केस वापस लेने के लिए लगातार दबाव बना रहा था। जब इसमें सफलता नहीं मिली, तो कथित तौर पर उसने अपने सहयोगियों के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची।
साक्ष्य और गिरफ्तारी
मामले की जाँच में एक वायरल ऑडियो क्लिप और तकनीकी साक्ष्य निर्णायक साबित हुए। ऑडियो में कथित तौर पर राहुल यादव को दिव्या पर मुकदमा वापस लेने के लिए दबाव बनाते हुए सुना जा सकता है। इन्हीं साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने गया जिले से नेपाली गंझू को गिरफ्तार किया।
गिरफ्तार आरोपी के कब्जे से पुलिस ने दिव्या का मोबाइल फोन और कुछ नगदी बरामद की है, जो जाँच की दृष्टि से महत्वपूर्ण साक्ष्य माने जा रहे हैं।
मुख्य आरोपी की तलाश
चतरा पुलिस ने बताया कि मुख्य आरोपी राहुल यादव अभी फरार है। उसकी गिरफ्तारी के लिए बिहार और झारखंड में संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस का कहना है कि मामले में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की भी जाँच की जा रही है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
आगे क्या होगा
यह मामला गौरतलब है क्योंकि पीड़िता की SC-ST अदालत में गवाही से ठीक पहले उसकी हत्या कर दी गई — जो जाँच एजेंसियों के लिए एक अहम पहलू है। पुलिस अब मुख्य आरोपी राहुल यादव की गिरफ्तारी और अन्य संदिग्धों की पहचान पर ध्यान केंद्रित कर रही है। इस मामले में न्यायिक प्रक्रिया आगे बढ़ने के साथ ही और खुलासे होने की संभावना है।