तिरुवन्नामलाई चित्रा पूर्णिमा 2025: 25 लाख भक्तों के लिए 11,823 बसें और विशेष ट्रेनें तैनात
सारांश
Key Takeaways
तमिलनाडु के तिरुवन्नामलाई में इस वर्ष के चित्रा पूर्णिमा गिरिवलम में लगभग 25 लाख श्रद्धालुओं के आने की उम्मीद है। भारी भीड़ को देखते हुए दक्षिणी रेलवे और तमिलनाडु परिवहन विभाग ने 1 मई से विशेष ट्रेन व बस सेवाओं की व्यापक तैनाती की घोषणा की है। अधिकारियों के अनुसार यह समन्वित परिवहन योजना तीर्थयात्रियों के लिए सुरक्षित, सुगम और परेशानी-मुक्त यात्रा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से तैयार की गई है।
रेल सेवाओं का विस्तृत कार्यक्रम
दक्षिणी रेलवे ने 1 मई से शुरू होने वाले तीन दिनों के लिए विलुप्पुरम-तिरुवन्नामलाई और काटपाडी-तिरुवन्नामलाई-विलुप्पुरम सेक्शन पर अनारक्षित विशेष ट्रेनों और मेमू सेवाओं की घोषणा की है। इसका मुख्य उद्देश्य अरुणाचल पहाड़ी की पवित्र परिक्रमा करने वाले श्रद्धालुओं की यात्रा को सरल बनाना है।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, विलुप्पुरम से बिना आरक्षण वाली स्पेशल ट्रेनें 1 और 2 मई को सुबह 10 बजे और रात 9.15 बजे रवाना होंगी और क्रमशः सुबह 11.45 बजे तथा रात 10.45 बजे तिरुवन्नामलाई पहुँचेंगी। वापसी में ट्रेनें उन्हीं दिनों दोपहर 12.15 बजे तिरुवन्नामलाई से रवाना होकर दोपहर 1.45 बजे विलुप्पुरम पहुँचेंगी।
सुबह-सवेरे यात्रा करने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए मेमू स्पेशल सेवाएँ भी निर्धारित की गई हैं। तिरुवन्नामलाई-विलुप्पुरम मेमू ट्रेनें 1, 2 और 3 मई को रात 2 बजे रवाना होंगी और सुबह 4 बजे तक विलुप्पुरम पहुँचेंगी। आगे की कनेक्टिविटी के लिए विलुप्पुरम-कटपाडी मेमू सेवाएँ 1 और 2 मई को रात 10.40 बजे विलुप्पुरम से रवाना होकर अगले दिन सुबह 1.50 बजे कटपाडी पहुँचेंगी। कटपाडी से लौटने वाली मेमू ट्रेनें 1, 2 और 3 मई को रात 2.05 बजे रवाना होकर सुबह 5 बजे विलुप्पुरम पहुँचेंगी।
बस सेवाओं की विशाल तैनाती
तमिलनाडु परिवहन विभाग ने उत्सव के दौरान चेन्नई से तिरुवन्नामलाई के लिए 1,613 विशेष बसों की तैनाती की घोषणा की है। नियमित सेवाओं समेत कुल 11,823 बसें चेन्नई और राज्य के अन्य हिस्सों से संचालित होंगी।
किलंबक्कम स्थित कलाईनार शताब्दी बस टर्मिनस (KCBT) से बड़ी संख्या में बसें रवाना होंगी — 1 मई को 565 बसें और 2 मई को 35 बसें निर्धारित हैं। माधवराम मोफुसिल बस टर्मिनस (MMBT) से 1 मई को 174 बसें चलेंगी, जबकि अड्यार से दोनों दिन 105 विशेष बसें संचालित की जाएंगी।
यात्रियों की सुविधा के लिए 1 मई को KCBT से तिरुवन्नामलाई के लिए नियमित लंबी दूरी की सेवाओं के साथ-साथ 40 वातानुकूलित SETC बसें भी चलाई जाएंगी।
गिरिवलम का महत्व
चित्रा पूर्णिमा पर तिरुवन्नामलाई में अरुणाचलेश्वर मंदिर के इर्द-गिर्द की जाने वाली गिरिवलम (पर्वत परिक्रमा) तमिलनाडु के सबसे बड़े तीर्थयात्रा समागमों में से एक मानी जाती है। यह ऐसे समय में आया है जब राज्य सरकार धार्मिक पर्यटन के बुनियादी ढाँचे को मजबूत करने पर विशेष ध्यान दे रही है। गौरतलब है कि हर पूर्णिमा पर यहाँ लाखों श्रद्धालु आते हैं, किंतु चित्रा पूर्णिमा सबसे बड़ा आयोजन होता है।
आम जनता पर असर और सुझाव
अधिकारियों ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे विशेष ट्रेन और बस सेवाओं का अधिकतम उपयोग करें ताकि सड़कों पर अनावश्यक भीड़ न हो। इस समन्वित परिवहन योजना से न केवल तीर्थयात्रियों को राहत मिलेगी, बल्कि यातायात प्रबंधन भी सुचारू रहेगा। आने वाले वर्षों में ऐसे आयोजनों के लिए स्थायी बुनियादी ढाँचे की माँग भी तेज़ होने की संभावना है।