12 जुलाई 2026
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200 किमी पीछा कर दिल्ली पुलिस ने तोड़ा अंतर-राज्यीय चोर गिरोह, 6 गिरफ्तार — 70+ वारदातों का खुलासा

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200 किमी पीछा कर दिल्ली पुलिस ने तोड़ा अंतर-राज्यीय चोर गिरोह, 6 गिरफ्तार — 70+ वारदातों का खुलासा

सारांश

दिल्ली पुलिस ने 200 किलोमीटर की तकनीकी निगरानी के बाद एक अंतर-राज्यीय चोर गिरोह के 6 सदस्यों को दबोचा। गिरोह पर दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र में 70 से अधिक वारदातों का संदेह है। बरामदगी में 34 मास्टर चाबियाँ और सोने-हीरे के गहने शामिल हैं।

मुख्य बातें

लोधी कॉलोनी थाना पुलिस ने 200 किलोमीटर पीछा कर अंतर-राज्यीय चोर गिरोह का भंडाफोड़ किया।
कुल 6 आरोपी गिरफ्तार — तीन आदतन चोर, दो महिला सहयोगी और एक जौहरी।
बरामदगी में 34 मास्टर चाबियाँ , सोने-चाँदी-हीरे के गहने, घर तोड़ने के औजार और एक फर्जी नंबर प्लेट वाली कार शामिल।
गिरोह पर दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र में 70 से अधिक आपराधिक मामलों में शामिल होने का संदेह।
जाँच का नेतृत्व इंस्पेक्टर रविंदर कुमार त्यागी ने किया; अन्य मामलों में पूछताछ जारी।

लोधी कॉलोनी थाना पुलिस, दक्षिणी दिल्ली ने 200 किलोमीटर की लगातार तकनीकी और मैनुअल ट्रैकिंग के बाद एक सक्रिय अंतर-राज्यीय चोर गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने 27 मई 2026 को इस मामले में छह आरोपियों को गिरफ्तार किया — जिनमें तीन आदतन चोर, दो महिला सहयोगी और चोरी का माल खरीदने वाला एक जौहरी शामिल हैं। आरोपियों पर दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र में 70 से अधिक आपराधिक मामलों में संलिप्तता का संदेह है।

मामले की शुरुआत कैसे हुई

लोधी रोड कॉम्प्लेक्स स्थित एक सरकारी आवासीय फ्लैट में चोरी की शिकायत के बाद जाँच शुरू हुई। शिकायतकर्ता ने बताया कि परिवार के घर से बाहर रहने के दौरान अज्ञात चोरों ने ताला तोड़कर सोने-चाँदी के गहने और अन्य कीमती सामान चुरा लिया। थाना लोधी कॉलोनी में एफआईआर दर्ज कर इंस्पेक्टर रविंदर कुमार त्यागी के नेतृत्व में एक विशेष जाँच टीम गठित की गई।

200 किलोमीटर की तकनीकी निगरानी

पुलिस ने घटनास्थल और आसपास के इलाकों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले, जिनमें फर्जी नंबर प्लेट लगी एक मारुति सेलेरियो कार दिखाई दी। इसके बाद दिल्ली-एनसीआर के सैकड़ों सीसीटीवी कैमरों की मदद से वाहन की ट्रैकिंग शुरू हुई।

पुलिस के अनुसार, आरोपी बारापुला, रिंग रोड, सराय काले खां, मेरठ एक्सप्रेसवे, गाजियाबाद, ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे और नोएडा होते हुए लगातार रास्ते बदलते रहे। करीब 200 किलोमीटर की निगरानी के बाद पुलिस ने संदिग्ध कार को गीता कॉलोनी इलाके में ट्रेस कर लिया।

गिरफ्तारी और बरामदगी

20 मई की शाम पुलिस ने तीनों मुख्य आरोपियों को कार में बैठते समय दबोचा। पूछताछ में खुलासा हुआ कि चोरी का माल महिला सहयोगियों और एक जौहरी के जरिए बेचा जाता था, जिसके बाद दोनों महिलाओं और जौहरी को भी गिरफ्तार किया गया।

आरोपियों के कब्जे से सोने, चाँदी और हीरे के गहने, घर तोड़ने के औजार, 34 मास्टर चाबियाँ और अपराध में इस्तेमाल की गई एक कार बरामद की गई है।

गिरोह का तौर-तरीका

जाँच में सामने आया कि गिरोह पहले बंद पड़े घरों की रेकी करता था और फिर मास्टर चाबियों व विशेष उपकरणों से ताले तोड़कर वारदात को अंजाम देता था। चोरी का माल महिला सहयोगियों के जरिए जौहरी तक पहुँचाया जाता था, जो उसे आगे खपाता था — यह एक सुनियोजित और बहु-स्तरीय आपराधिक श्रृंखला थी।

आगे की जाँच

पुलिस फिलहाल आरोपियों से पूछताछ कर रही है और तीनों राज्यों में अन्य लंबित मामलों में उनकी संलिप्तता की जाँच जारी है। गौरतलब है कि अंतर-राज्यीय चोर गिरोहों के विरुद्ध दिल्ली पुलिस की यह कार्रवाई राजधानी में आवासीय चोरियों की बढ़ती घटनाओं के बीच आई है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

दिल्ली पुलिस ने किस मामले में यह गिरोह पकड़ा?
लोधी रोड कॉम्प्लेक्स स्थित एक सरकारी फ्लैट में हुई चोरी की शिकायत के बाद यह जाँच शुरू हुई थी। परिवार की अनुपस्थिति में ताला तोड़कर सोने-चाँदी के गहने और कीमती सामान चुराया गया था।
गिरफ्तार किए गए 6 आरोपी कौन हैं?
गिरफ्तार आरोपियों में तीन आदतन चोर, दो महिला सहयोगी और चोरी का माल खरीदने वाला एक जौहरी शामिल हैं। पुलिस के अनुसार महिला सहयोगी और जौहरी चोरी के सामान को आगे बेचने की श्रृंखला में शामिल थे।
पुलिस ने आरोपियों को कैसे ट्रैक किया?
पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज में फर्जी नंबर प्लेट वाली मारुति सेलेरियो कार की पहचान की और दिल्ली-एनसीआर के सैकड़ों कैमरों की मदद से 200 किलोमीटर तक तकनीकी और मैनुअल ट्रैकिंग की। अंततः गीता कॉलोनी में कार को ट्रेस कर आरोपियों को दबोचा गया।
इस गिरोह पर कितने मामलों में संदेह है?
पुलिस के अनुसार यह गिरोह दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र में 70 से अधिक आपराधिक मामलों में शामिल रहा है। फिलहाल अन्य मामलों में संलिप्तता की जाँच जारी है।
आरोपियों के पास से क्या बरामद हुआ?
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से सोने, चाँदी और हीरे के गहने, 34 मास्टर चाबियाँ, घर तोड़ने के विशेष औजार और अपराध में इस्तेमाल की गई एक फर्जी नंबर प्लेट वाली कार बरामद की है।
राष्ट्र प्रेस
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