दिल्ली-झारखंड वाहन चोरी गिरोह का भंडाफोड़: रांची में दो थार SUV और चार बाइक बरामद
सारांश
मुख्य बातें
दिल्ली पुलिस ने 22 अक्टूबर 2026 को रांची के कांके थाना क्षेत्र की सुहाना सिटी में एक संदिग्ध के आवास पर छापेमारी कर एक अंतरराज्यीय वाहन चोरी नेटवर्क का पर्दाफाश किया। स्थानीय पुलिस के सहयोग से की गई इस कार्रवाई में दो थार एसयूवी और चार मोटरसाइकिलें बरामद की गईं, जिन पर कथित तौर पर दिल्ली के नंबर दर्ज हैं। जाँचकर्ताओं के अनुसार, यह ठिकाना राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र से महंगी गाड़ियाँ चुराकर झारखंड में खपाने वाले एक संगठित गिरोह से जुड़ा था।
छापेमारी की पृष्ठभूमि
पुलिस की जाँच मूलतः दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) में हुई महंगी गाड़ियों की चोरी की एकाधिक घटनाओं के बाद शुरू हुई थी। इन मामलों की पड़ताल के दौरान मिले सुरागों के आधार पर जाँचकर्ताओं को रांची में चोरी के वाहनों की मौजूदगी की जानकारी मिली। यह ऐसे समय में आया है जब अंतरराज्यीय वाहन चोरी नेटवर्क को लेकर कई राज्यों की पुलिस एजेंसियाँ संयुक्त कार्रवाई कर रही हैं।
बरामदगी और जाँच की स्थिति
बरामद दोनों थार एसयूवी पर दिल्ली के नंबर दर्ज पाए गए। पुलिस सभी वाहनों की नंबर प्लेट और दस्तावेजों की गहन जाँच कर रही है ताकि उनके वास्तविक मालिकों और चोरी से जुड़े मामलों का सटीक ब्यौरा जुटाया जा सके। हालाँकि, छापेमारी के दौरान मुख्य संदिग्ध मौके पर नहीं मिला और पुलिस उसकी तलाश में जुटी है।
गिरोह के कार्यपद्धति पर संदेह
जाँच एजेंसी को संदेह है कि दिल्ली और आसपास के इलाकों से चोरी किए गए वाहनों को रांची लाकर उनकी पहचान बदली जाती थी अथवा फर्जी दस्तावेजों के सहारे बेचा जाता था। गौरतलब है कि इस तरह के अंतरराज्यीय नेटवर्क प्रायः वाहन की चेसिस संख्या और नंबर प्लेट बदलकर उन्हें किसी दूसरे राज्य में वैध दिखाकर बेच देते हैं, जिससे मूल चोरी का पता लगाना कठिन हो जाता है।
आगे की कार्रवाई
जाँचकर्ताओं का ध्यान अब इस बात पर केंद्रित है कि इस कथित नेटवर्क में और कितने लोग शामिल हैं तथा वाहनों को अन्य राज्यों में पहुँचाने व बेचने के लिए किन तरीकों का इस्तेमाल किया जाता था। बरामद वाहनों के संबंध में विस्तृत जाँच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि वे किन स्थानों से चोरी किए गए थे। दिल्ली पुलिस और झारखंड पुलिस की संयुक्त टीम इस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई करेगी।