16 अगस्त 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

दिल्ली पुलिस ने बापरोला में ड्रग सप्लायर को दबोचा, 8.120 किलो गांजा जब्त

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
दिल्ली पुलिस ने बापरोला में ड्रग सप्लायर को दबोचा, 8.120 किलो गांजा जब्त

सारांश

दिल्ली के बाहरी जिले की स्पेशल स्टाफ टीम ने मुखबिर की सूचना पर बापरोला में जाल बिछाकर 20 वर्षीय अल्ताफ आलम को रंगे हाथ दबोचा। उसके बैग से 8.120 किलो गांजा मिला। एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज, तस्करी नेटवर्क की जांच जारी।

मुख्य बातें

दिल्ली के बाहरी जिले की स्पेशल स्टाफ टीम ने 14 मई 2026 को बापरोला में छापेमारी की।
आरोपी अल्ताफ आलम ( 20 वर्ष , कुशीनगर, उत्तर प्रदेश) को रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया।
नीले बैग में छिपाए गांजे के चार पैकेट बरामद, कुल वजन 8.120 किलोग्राम ।
कार्रवाई इंस्पेक्टर रोहित की टीम ने एसीपी वीरेंद्र दलाल की निगरानी में की।
एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज; तस्करी नेटवर्क की पहचान के लिए जांच जारी।

दिल्ली के बाहरी जिले की स्पेशल स्टाफ टीम ने 14 मई 2026 को बापरोला इलाके में छापेमारी कर एक ड्रग सप्लायर को गिरफ्तार किया और उसके कब्जे से 8.120 किलोग्राम गांजा बरामद किया। आरोपी की पहचान अल्ताफ आलम के रूप में हुई है, जो उत्तर प्रदेश के कुशीनगर का रहने वाला 20 वर्षीय युवक है। पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

मुखबिर की सूचना से शुरू हुई कार्रवाई

14 मई को स्पेशल स्टाफ के एसआई विपिन कुमार को गुप्त सूचना मिली कि दिल्ली के विभिन्न इलाकों में गांजा सप्लाई करने वाला एक व्यक्ति शाम के समय बापरोला क्षेत्र में नशीला पदार्थ पहुंचाने आने वाला है। इस सूचना पर तत्काल कार्रवाई करते हुए इंस्पेक्टर रोहित के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई।

टीम में एएसआई मुरारी लाल, हेड कांस्टेबल रोहित, कांस्टेबल हरकेश, विजय लौरा और अनुज शामिल थे। पूरी कार्रवाई की निगरानी एसीपी ऑपरेशंस वीरेंद्र दलाल ने की।

बापरोला में बिछाया जाल, रंगे हाथ पकड़ा आरोपी

पुलिस टीम ने मुखबिर के साथ मिलकर बापरोला इलाके में जाल बिछाया। कुछ देर बाद नीले रंग का बैग कंधे पर लटकाए एक युवक वहां पहुंचा, जिसे मुखबिर ने पहचान लिया। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उसे दबोच लिया।

पूछताछ में उसने अपनी पहचान अल्ताफ आलम के रूप में बताई। बैग की तलाशी लेने पर उसमें छिपाकर रखे गए गांजे के चार पैकेट मिले, जिनका कुल वजन मौके पर तौलने पर 8.120 किलोग्राम पाया गया। इसे कानूनी प्रक्रिया के तहत जब्त कर लिया गया।

एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपी के विरुद्ध नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस (एनडीपीएस) एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। यह ऐसे समय में आया है जब दिल्ली पुलिस राजधानी में नशे की तस्करी के नेटवर्क पर लगातार शिकंजा कस रही है।

जांच का दायरा बढ़ाया, नेटवर्क की तलाश जारी

अधिकारियों ने बताया कि इस मामले में जांच का दायरा आगे बढ़ाया जा रहा है। गांजे के स्रोत का पता लगाने और इस तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य संदिग्धों की पहचान करने के लिए पड़ताल जारी है। गौरतलब है कि बाहरी जिला पुलिस की स्पेशल स्टाफ टीम पिछले कुछ महीनों में नशे के खिलाफ कई बड़ी कार्रवाइयाँ कर चुकी है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली सवाल यह है कि कुशीनगर से दिल्ली तक आने वाला यह नेटवर्क कितना बड़ा है और इसके पीछे कौन से सूत्रधार हैं। अकेले सप्लायर को पकड़ना तब तक पर्याप्त नहीं जब तक आपूर्ति श्रृंखला के ऊपरी सिरे तक कार्रवाई न पहुंचे। दिल्ली पुलिस की स्पेशल स्टाफ टीमें नशे के खिलाफ नियमित कार्रवाइयाँ कर रही हैं, फिर भी राजधानी में नशे की आवक थमती नहीं दिखती — यह नीतिगत स्तर पर गहरी जांच की मांग करता है।
RashtraPress
16 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

दिल्ली पुलिस ने किसे और कहां गिरफ्तार किया?
दिल्ली पुलिस की बाहरी जिला स्पेशल स्टाफ टीम ने 14 मई 2026 को बापरोला इलाके में अल्ताफ आलम नामक 20 वर्षीय युवक को गिरफ्तार किया। वह उत्तर प्रदेश के कुशीनगर का रहने वाला है और दिल्ली के विभिन्न इलाकों में गांजा सप्लाई करता था।
आरोपी के पास से कितना गांजा बरामद हुआ?
अल्ताफ आलम के नीले बैग से गांजे के चार पैकेट बरामद हुए, जिनका कुल वजन मौके पर तौलने पर 8.120 किलोग्राम पाया गया। इसे कानूनी प्रक्रिया के तहत जब्त कर लिया गया।
इस मामले में कौन सी धारा के तहत मुकदमा दर्ज हुआ?
पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस (एनडीपीएस) एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया है। एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत मादक पदार्थों की तस्करी पर कड़ी सजा का प्रावधान है।
इस ऑपरेशन का नेतृत्व किसने किया?
ऑपरेशन का नेतृत्व इंस्पेक्टर रोहित ने किया और पूरी कार्रवाई एसीपी ऑपरेशंस वीरेंद्र दलाल की निगरानी में संपन्न हुई। टीम में एसआई विपिन कुमार, एएसआई मुरारी लाल सहित कई कांस्टेबल शामिल थे।
क्या पुलिस इस तस्करी नेटवर्क के अन्य सदस्यों की तलाश कर रही है?
हां, अधिकारियों के अनुसार गांजे के स्रोत का पता लगाने और इस नेटवर्क से जुड़े अन्य संदिग्धों की पहचान के लिए जांच जारी है। फिलहाल आरोपी से पूछताछ की जा रही है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 महीना पहले
  2. 2 महीने पहले
  3. 2 महीने पहले
  4. 2 महीने पहले
  5. 3 महीने पहले
  6. 3 महीने पहले
  7. 4 महीने पहले
  8. 11 महीने पहले